Explained: भारत-अमेरिका रिश्तों में नया मोड़, ट्रंप का बयान और भारत की सधी रणनीति

Explainer on India-US relations: भारत और अमेरिका के बीच रिश्ते हमेशा से ही वैश्विक कूटनीति की नजरों में रहे हैं। दोनों देशों के बीच डिफेंस, कारोबार और तकनीकी सहयोग ने पिछले कुछ दशकों में दोनों देशों के बीच मजबूत साझेदारी बनाई है। लेकिन हाल ही में जब से ट्रंप ने भारत पर 50 % टैरिफ ने भारतीय कारोबार को  तगड़ा झटका दिया है।

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डोनाल्ड ट्रंप और नरेंद्र मोदी

Explainer on India-US relations: अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप का हालिया बयान ‘लगता है हमने भारत और रूस को खो दिया’ इंटरनेशनल मीडिया की सुर्खियों में है। दरअसल ट्रंप के भारत पर 50% टैरिफ लगाने के बाद दोनों देशों के बीच रिश्ते तनावपूर्ण बने हुए हैं। जहां भारत अमेरिका के इस कदम पर बेहद सधे कदम से आगे बढ़ रहा है।

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वहीं, ट्रंप के इस बयान से दोनों देशों के रिश्तों में नया मोड़ आने की संभावना जताई जा रही हैं। आइए आपको डिटेल में ट्रंप के इस बयान और भारत की सधी विदेश नीति के बारे में बताते हैं।

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क्यों भारत-अमेरिका के रिश्ते वैश्विक कूटनीति की नजरों में रहते हैं?

भारत और अमेरिका के बीच रिश्ते हमेशा से ही वैश्विक कूटनीति की नजरों में रहे हैं। दोनों देशों के बीच डिफेंस, कारोबार और तकनीकी सहयोग ने पिछले कुछ दशकों में दोनों देशों के बीच मजबूत साझेदारी बनाई है। लेकिन हाल ही में जब से ट्रंप ने भारत पर पहले 25% और फिर एडिशनल 25% टैरिफ लगाया तो इस 50 प्रतिशत टैक्स ने भारतीय कारोबार को तगड़ा झटका दिया है। भारत के विरोध के बावजूद ट्रंप और अमेरिकी सरकार के अधिकारी लगातार भारत को दबाने और टैरिफ को सही दर्शाने की कोशिश में ‘धमकाने’ वाली बयानबाजी कर रहे हैं।  लेकिन ट्रंप का हालिया बयान इस सब से उलट है।  

भारत की कूटनीति और संतुलित जवाब से चित होता दिख रहा अमेरिका

हाल ही में टैरिफ पर अमेरिका के बयानों ने भारत से उसके रिश्तों पर अनिश्चितता पैदा कर दी है। वहीं, दुनियाभर के बड़े देश भारत को लेकर अमेरिका के अगले कदम पर नजर गड़ाए बैठे हैं। ऐसे में इस मुद्दे पर भारत ने अपनी कूटनीतिक चतुराई और संतुलित रुख के साथ जवाब दिया है। यहां बता दें कि हाल ही में केंद्र सरकार ने जीएसटी दरों में बदलाव कर लोगों को ट्रंप टैरिफ से राहत देने का प्रयास किया है।

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डोनाल्ड ट्रंप के क्यों बदले ‘सुर’? भारत को लेकर पहले किया था ये दावा

डोनाल्‍ड ट्रंप सोशल मीडिया प्‍लेटफॉर्म ट्रुथ पर लिखा कि मुझे लगता है हमने भारत और रूस को खो दिया है। उन्होंने आगे लिखा कि दोनों देश अब चीन की राह पर निकल पड़े हैं। क्या ये टैरिफ पर विरोध होने पर ट्रंप का पश्चाताप है या फिर कुछ और ये तो आने वाला वक्त ही बताएगा। बता दें इससे पहले ट्रंप ने टैरिफ लगाते हुए भारत को उच्च टैरिफ वाला देश कहा था। ट्रंप ने उस समय कहा था कि भारत अमेरिकी उत्पादों पर 100% से 175% तक टैक्स लगाता है।

क्या भारत और अमेरिका अपने मतभेदों को सुलझाकर एक नया व्यापार समझौता करेंगे?

इससे पहले ट्रंप ने कहा था कि भारत अमेरिका से बहुत कम सामान खरीदता है, जिससे व्यापार असंतुलन गहराता जा रहा है। इस सब पर भारत ने ट्रंप के बयानों पर बिल्कुल सधी हुई प्रतिक्रिया दी है। भारतीय विदेश मंत्रालय ने कहा कि भारत- अमेरिका के साथ निष्पक्ष, संतुलित, और पारस्परिक रूप से लाभकारी व्यापार समझौते के लिए प्रतिबद्ध है। आने वाले समय में यह देखना दिलचस्प होगा कि क्या भारत और अमेरिका अपने मतभेदों को सुलझाकर एक नया व्यापार समझौता कर पाते हैं? पीएम मोदी ने भारत-अमेरिका रिश्तों पर ट्वीट किया है। उन्होंने अमेरिका को अपना एक अच्छा मित्र बताया और कहा कि राष्ट्रपति ट्रंप की भावनाओं और हमारे संबंधों के सकारात्मक आकलन की मैं गहराई से सराहना करता हूं। उन्होंने कहा कि भारत और अमेरिका के बीच एक बहुत ही सकारात्मक और दूरदर्शी व्यापक और वैश्विक रणनीतिक साझेदारी है।

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लेखक के बारे में

Amit Kasana

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अमित कसाना: पत्रकारिता की दुनिया में एक सिद्धहस्त कहानीकार अमित कसाना सिर्फ खबरें नहीं लिखते बल्कि उन्हें बारीकी से संवारते हैं ताकि पाठकों तक सटीक, ताजा और प्रभावी जानकारी पहुंचे. News 24 में न्यूज एडिटर के रूप में उनकी भूमिका समाचारों को प्रस्तुत करने से कहीं अधिक है, वह उन्हें संदर्भ और दृष्टिकोण के साथ गढ़ते हैं. 2008 में 'दैनिक जागरण' से अपनी यात्रा शुरू करने वाले अमित ने 'दैनिक भास्कर' और 'हिंदुस्तान' जैसे प्रतिष्ठित प्रकाशनों में भी अपनी पहचान बनाई. 17 वर्षों के लंबे अनुभव के साथ उन्होंने पत्रकारिता के हर पहलू को बारीकी से समझा, चाहे वह प्रिंट, टेलीविजन या डिजिटल मीडिया हो. राजनीति, अपराध, खेल, मनोरंजन, कानून, ऑटोमोबाइल, लाइफस्टाइल और अंतरराष्ट्रीय मामलों से जुड़े विषयों की रिपोर्टिंग में उनकी गहरी पकड़ है. ब्रेकिंग न्यूज की रोमांचक दुनिया, खोजी पत्रकारिता की गहराई और तथ्यपूर्ण रिपोर्टिंग का संयोजन अमित की कार्यशैली की पहचान है. News 24 में उनका लक्ष्य स्पष्ट है समाचारों को त्वरितता और सटीकता के साथ प्रस्तुत करना ताकि पाठकों को भरोसेमंद और सार्थक जानकारी मिल सके.
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