नशे के खिलाफ 'मिशन 2029', अमित शाह ने बताया पूरा रोडमैप, बोले- जड़ से खत्म करेंगे ड्रग्स का नेटवर्क

अमित शाह ने कहा कि सरकार ने ड्रग तस्करी के खिलाफ कार्रवाई को केवल छोटे स्तर के अपराधियों की गिरफ्तारी तक सीमित रखने के बजाय पूरे नेटवर्क को खत्म करने की रणनीति अपनाई है.

AMIT SHAH.jpg (1)

2019 में चार स्तरीय नार्को कोऑर्डिनेशन सेंटर (NCORD) व्यवस्था शुरू की गई. (Photo: ANI)

केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने शनिवार को नशीले पदार्थों के खिलाफ केंद्र और राज्यों की कार्रवाई को अगले 3 वर्षों में मिशन मोड में ले जाने का ऐलान किया. उन्होंने कहा कि सरकार ने वर्ष 2026 से 2029 तक के लिए रोडमैप तैयार किया है, जिसका मकसद देश को नशामुक्त बनाने के साथ ड्रग्स के अंतरराष्ट्रीय और अंतरराज्यीय नेटवर्क पर निर्णायक प्रहार करना है. अमित शाह के मुताबिक पीएम मोदी के विकसित भारत के टार्गेट को हासिल करने के लिए युवा शक्ति को नशे से मुक्त रखना बेहद जरूरी है.

विज्ञापन

पूरे नेटवर्क को खत्म करने की रणनीति

अमित शाह ने कहा कि सरकार ने ड्रग तस्करी के खिलाफ कार्रवाई को केवल छोटे स्तर के अपराधियों की गिरफ्तारी तक सीमित रखने के बजाय पूरे नेटवर्क को खत्म करने की रणनीति अपनाई है. उन्होंने बताया कि 2019 में चार स्तरीय नार्को कोऑर्डिनेशन सेंटर (NCORD) व्यवस्था शुरू की गई. इसके अलावा राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों में एंटी-नारकोटिक्स टास्क फोर्स बनाई गई और केंद्रीय एजेंसियों, राज्य पुलिस और दूसरे विभागों के बीच समन्वय बढ़ाया गया है. ‘MANAS’ हेल्पलाइन 1933 के जरिए नशे की गिरफ्त में आए युवाओं के पुनर्वास पर भी जोर दिया जा रहा है.

विज्ञापन

यह भी पढ़ें: ‘आंदोलनों से निपटना ही मेरा काम’, अहमदाबाद में बोले अमित शाह; बेटियों को दी मुफ्त इंसुलिन की सौगात

26 लाख किलोग्राम मादक पदार्थ जब्त

केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने सरकार के आंकड़े सामने रखते हुए कहा कि 2004 से 2014 के बीच करीब 26 लाख किलोग्राम मादक पदार्थ जब्त किए गए थे, जबकि 2014 से 2026 के दौरान यह आंकड़ा बढ़कर 1 करोड़ 19 लाख किलोग्राम से अधिक हो गया. जब्त नशीले पदार्थों का मूल्य करीब 1.89 लाख करोड़ रुपये बताया गया है. गृह मंत्री ने यह भी कहा कि 2014 से 2026 के बीच 48.66 लाख किलोग्राम ड्रग्स नष्ट किए गए. सरकार ने नशीले पदार्थों से जुड़े वित्तीय नेटवर्क, डार्कनेट, क्रिप्टो भुगतान और एन्क्रिप्टेड संचार पर भी निगरानी बढ़ाई है.

विज्ञापन

100 से ज्यादा नेटवर्क ध्वस्त करने का लक्ष्य

आने वाले तीन वर्षों के लिए सरकार ने 100 अंतरराष्ट्रीय और अंतरराज्यीय ड्रग नेटवर्क को ध्वस्त करने और नशीले पदार्थों से जुड़े 100 भगोड़ों को विदेश से भारत वापस लाने का लक्ष्य रखा है. साथ ही अवैध सिंथेटिक ड्रग्स और प्रीकर्सर केमिकल बनाने वाली 100 गुप्त प्रयोगशालाओं को खत्म करने का लक्ष्य भी तय किया गया है. अमित शाह के अनुसार इस अभियान में BSF, CISF, भारतीय तटरक्षक, सीमा शुल्क, DRI, CBI, ED, FIU, NCB और राज्य पुलिस समेत कई एजेंसियां मिलकर काम करेंगी.

विज्ञापन

न्यूज 24 पर पढ़ें देश,राष्ट्रीय समाचार (National News),खेल,मनोरंजन,धर्म,लाइफ़स्टाइल,हेल्थ,शिक्षा से जुड़ी हर खबर। ब्रेकिंग न्यूज और लेटेस्ट अपडेट के लिए News 24 App डाउनलोड कर अपना अनुभव शानदार बनाएं।

First published on:

और पढ़ें: हमारे संपादकीय दिशानिर्देश और मानक यहाँ देखें।

लेख समाप्त

लेखक के बारे में

Akarsh Shukla

Akarsh Shukla

आकर्ष शुक्ला न्यूज 24 के साथ बतौर चीफ सब एडिटर जुड़े हुए हैं. मूल रूप से नोएडा, उत्तर प्रदेश के रहने वाले आकर्ष ने पत्रकारिता का सफर 2016 में प्रिंट मीडिया से शुरू हुआ, बाद में उन्होंने डिजिटल मीडिया का रुख किया. आकर्ष शुक्ला ने गुरु जंभेश्वर विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय (GJUS&T) हिसार, हरियाणा से मास्टर ऑफ मास कम्युनिकेशन (MJMC) की डिग्री हासिल की. आकर्ष ने दिल्ली के अखबार वूमेन एक्सप्रेस में काम किया. इसके बाद नवोदय टाइम्स, ओपेरा न्यूज, वनइंडिया, इंडिया डॉट कॉम (जी मीडिया ग्रुप) में विभिन्न पदों पर कार्य किया. आकर्ष शुक्ला अक्टूबर, 2025 से न्यूज24 से जुड़े हुए हैं, जहां वो मुख्य रूप से राष्ट्रीय-अंतरराष्ट्रीय और राजनीति से जुड़ी खबरों को कवर करते हैं. इसके साथ ही आकर्ष शिफ्ट हेड के तौर पर टीम का नेतृत्व भी करते हैं. आकर्ष ने लोकसभा और विधानसभा चुनाव के अलावा संसद से जुड़ी खबरों को कवर किया है. उनकी राजनीति में गहरी रुचि है, इस कारण वह राजनीति से जुड़ी खबरों को आसान शब्दों में लिखने में माहिर हैं. डिग्री और डिप्लोमा: आकर्ष शुक्ला ने दिल्ली विश्वविद्यालय से स्नातक (BA) की डिग्री के बाद गुरु जंभेश्वर विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय (GJUS&T) हिसार, हरियाणा से मास्टर ऑफ मास कम्युनिकेशन (MJMC) पोस्ट ग्रेजुएशन किया है. आकर्ष शुक्ला ने DICS इंस्टीट्यूट से कंप्यूटर सॉफ्टवेयर और हार्डवेयर में 2 साल का डिप्लोमा भी किया है. पत्रकारिता में अनुभव: 10 वर्ष से अधिक
... और पढ़ें
विज्ञापन
होम पेज पर वापस जाएँ