तीसरे नंबर पर रहने वाले प्रत्याशी बने हार का कारण, राजस्थान में 50 तो तेलंगाना में 45 सीटों पर दिखा असर

Election results 2023 कुछ सीटों पर तो मतगणना में तीसरे नंबर (वोट कटवा) पर रहने वाले इन प्रत्याशियों ने उस सीट पर हार और जीत के अंतर से भी अधिक संख्या में मत प्राप्त किए हैं।

symbolic photo

symbolic photo

Election results 2023: चार राज्यों के चुनाव नतीजों में चौंकाने वाले तथ्य सामने आए हैं। इस बार मुख्य राजनीतिक पार्टियों कांग्रेस और भाजपा के अलावा निर्दलीय या अन्य स्थानीय पार्टियों का वोट बैंक पर खासा असर दिखा। कुछ सीटों पर तो मतगणना में तीसरे नंबर (वोट कटवा) पर रहने वाले इन प्रत्याशियों ने उस सीट पर हार और जीत के अंतर से भी अधिक संख्या में मत प्राप्त किए हैं। आकंड़ों पर गौर करें तो पिछले साल के मुकाबले ऐसे वोट कटवा प्रत्याशियों की संख्या तेलंगाना में बढ़ी है।

सीट की जीत और हार से अधिक वोट

रिपोर्ट्स के अनुसार राजस्थान में जैसे कुल 199 सीटें हैं, साल 2018 के विधानसभा चुनाव में 51 ऐसी सीट थी जहां तीसरे नंबर पर आने वाले उम्मीदवार उस सीट की जीत और हार से अधिक वोट मिले थे। राजस्थान में 2023 के विधानसभा चुनाव में ऐसी सीटों की संख्या 50 रही है। इसी तरह तेलंगाना में कुल 119 विधानसभा सीटें हैं। साल 2018 विधानसभा चुनाव में जीत और हार को प्रभावित करने वाली कुल 32 सीट थी। जबकि प्रदेश में साल 2023 विधानसभा चुनाव में ऐसी सीटों की संख्या बढ़कर 45 हो गई है।

Whtasapp Channel Logo Template

वोट प्रतिशत प्रभावित करने वाली सीटें

राजस्थान (कुल सीटें 199)
2018                 2023
51                      50

तेलंगाना (कुल सीटें 119)
2018             2023
32                  45

मध्यप्रदेश  (कुल सीटें 230)
2018           2023
38               30

छत्तीसगढ़ (कुल सीटें 90)
2018                2023
42                     20

नीचे दी वीडियो पर क्लिक कर देखें ताजा खबरें 

न्यूज 24 पर पढ़ें देश,राष्ट्रीय समाचार (National News),खेल,मनोरंजन,धर्म,लाइफ़स्टाइल,हेल्थ,शिक्षा से जुड़ी हर खबर। ब्रेकिंग न्यूज और लेटेस्ट अपडेट के लिए News 24 App डाउनलोड कर अपना अनुभव शानदार बनाएं।

First published on:

और पढ़ें: हमारे संपादकीय दिशानिर्देश और मानक यहाँ देखें।

लेख समाप्त

लेखक के बारे में

Amit Kasana

Amit Kasana

अमित कसाना: पत्रकारिता की दुनिया में एक सिद्धहस्त कहानीकार अमित कसाना सिर्फ खबरें नहीं लिखते बल्कि उन्हें बारीकी से संवारते हैं ताकि पाठकों तक सटीक, ताजा और प्रभावी जानकारी पहुंचे. News 24 में न्यूज एडिटर के रूप में उनकी भूमिका समाचारों को प्रस्तुत करने से कहीं अधिक है, वह उन्हें संदर्भ और दृष्टिकोण के साथ गढ़ते हैं. 2008 में 'दैनिक जागरण' से अपनी यात्रा शुरू करने वाले अमित ने 'दैनिक भास्कर' और 'हिंदुस्तान' जैसे प्रतिष्ठित प्रकाशनों में भी अपनी पहचान बनाई. 17 वर्षों के लंबे अनुभव के साथ उन्होंने पत्रकारिता के हर पहलू को बारीकी से समझा, चाहे वह प्रिंट, टेलीविजन या डिजिटल मीडिया हो. राजनीति, अपराध, खेल, मनोरंजन, कानून, ऑटोमोबाइल, लाइफस्टाइल और अंतरराष्ट्रीय मामलों से जुड़े विषयों की रिपोर्टिंग में उनकी गहरी पकड़ है. ब्रेकिंग न्यूज की रोमांचक दुनिया, खोजी पत्रकारिता की गहराई और तथ्यपूर्ण रिपोर्टिंग का संयोजन अमित की कार्यशैली की पहचान है. News 24 में उनका लक्ष्य स्पष्ट है समाचारों को त्वरितता और सटीकता के साथ प्रस्तुत करना ताकि पाठकों को भरोसेमंद और सार्थक जानकारी मिल सके.
... और पढ़ें
होम पेज पर वापस जाएँ