हमारे साथ जुड़ें X IG YT FB
Trending: CycloneTiger ShroffGyanesh KumarBigg Boss 20

10-12 फीट ऊंची लहरें, 135KM स्पीड वाली भयानक हवाएं, भारी बारिश; जानें 'अर्नब' के लैंडफॉल से कहां कैसे हालात?

135KM स्पीड वाली भयानक तूफानी हवाएं, 50 ट्रेनें 21 उड़ानें कैंसिल; जानें साइक्लोन अर्नब के लैंडफॉल से कहां कैसे हालात?

विज्ञापन
चक्रवाती तूफान अर्नब ने आंध्र प्रदेश के विशाखापटनम में लैंडफॉल किया है. (Credit-ANI)

बंगाल की खाड़ी में उठा समुद्री तूफान ‘अर्नब’ भयानाक चक्रवात बनकर आया है और वेरी सीवियर साइक्लोनिक स्टॉर्म के रूप में समुद्र तट से टकराया है. चक्रवाती तूफान ‘अर्नब’ ने आंध्र प्रदेश में विशाखापट्टनम के पास आज सुबह करीब 4 बजे लैंडफॉल किया है. इस दौरान हवाओं की स्पीड 125-135 किलोमीटर प्रति घंटा रही और अब यह स्पीड 150 किलोमीटर प्रति घंटा तक पहुंच सकती है. तूफान के असर से आंध्र प्रदेश के विशाखापट्टनम, अनकापल्ली, काकीनाडा और कोनसीमा में भारी बारिश जारी है. निचले इलाकों में रहने वाले 30000 लोगों को 4000 शेल्टर होम में शिफ्ट कर दिया गया है.

आंध्र प्रदेश-ओडिशा में स्कूल बंद और ट्रेनें-उड़ानें रद्द

चक्रवाती तूफान के असर को देखते हुए आंध्र प्रदेश और ओडिशा आने-जाने वाली 50 ट्रेनें रद्द की गई हैं. विजयवाड़ा और विशाखापट्टनम एयरपोर्ट पर आने-जाने वाली 21 उड़ानें रद्द की गई हैं. ओडिशा के 16 जिलों में 3 दिन के लिए स्कूल बंद किए गए हैं. चक्रवाती तूफान का असर दक्षिण भारत से लेकर पूर्वोत्तर और राजधानी दिल्ली तक रहेगा. इसलिए महाराष्ट्र, मध्य प्रदेश, छत्तीसगढ़, बिहार, उत्तर प्रदेश, झारखंड, विदर्भ, तेलंगाना, असम, मेघालय, नागालैंड, मणिपुर, मिजोरम, त्रिपुरा, बिहार, बंगाल, कर्नाटक, मराठवाड़ा, महाराष्ट्र, हरियाणा, चंडीगढ़ और दिल्ली में भी बारिश का यलो अलर्ट है.

तक पहुंचने का अनुमान है. तूफान के असर आंध्रप्रदेश के अनकापल्ली, विशाखापत्तनम, काकीनाडा और कोनसीमा जिलों में भारी बारिश हो रही है. आंध्र प्रदेश और ओडिशा ने लगभग 4,000 साइक्लोन शेल्टर बनाए हैं. हजारों लोगों को सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाया है. साथ ही, रेलवे ने 50 ट्रेनों को रद्द कर दिया है. इसके अलावा विजयवाड़ा और विशाखापट्टनम एयरपोर्ट पर 21 फ्लाइट्स रद्द कर दी गईं हैं.

विज्ञापन

ओडिशा में मंगलवार से ही भारी बारिश हो रही है. इसके चलते राज्य के 16 जिलों में स्कूल बंद कर दिए गए हैं. 30,000 से ज्यादा लोगों को सुरक्षित जगहों पर पहुंचाया जा चुका है. तूफान का असर पूर्वोत्तर से लेकर दक्षिण भारत तक रहेगा. यानी मध्य प्रदेश, महाराष्ट्र, छत्तीसगढ़, बिहार और यूपी तक बारिश होगी. झारखंड, विदर्भ और तेलंगाना में यलो अलर्ट है. असम, मेघालय, नगालैंड, मणिपुर, मिजोरम, त्रिपुरा, बिहार, बंगाल, पूर्वी मध्य प्रदेश, रायलसीमा, कर्नाटक, मराठवाड़ा, महाराष्ट्र, हरियाणा, चंडीगढ़ और दिल्ली में भी बारिश का यलो अलर्ट है.

तूफान आंध्र प्रदेश के तट के पास स्थित
आंध्र प्रदेश, ओडिशा, तेलंगाना और उत्तर प्रदेश समेत कई राज्यों में भारी बारिश, तेज हवाओं और बाढ़ जैसे हालात की आशंका के बीच प्रशासन हाई अलर्ट पर है. हजारों लोगों को राहत शिविरों में पहुंचाया गया है.
मौसम विभाग ने बताया कि चक्रवात का उत्तरी सर्पिल हिस्सा जमीन में और अंदर तक प्रवेश कर गया है. तूफान बंगाल की खाड़ी के पश्चिम-मध्य हिस्से में आंध्र प्रदेश के तट के पास स्थित है. तूफान का केंद्र नरसापुर से करीब 30 किलोमीटर पूर्व, यानम से 45 किलोमीटर दक्षिण-पश्चिम, काकीनाडा से 70 किलोमीटर दक्षिण-पश्चिम और मछलीपट्टनम से 90 किलोमीटर पूर्व-उत्तर-पूर्व में था. IMD के अनुसार, तूफान के उत्तर-पश्चिम दिशा में आगे बढ़ने और पुड्डुचेरी के यानम के तट को पार करने की संभावना है. इस दौरान हवा की अधिकतम रफ्तार 135 किलोमीटर प्रति घंटे तक और झोंकों के साथ 150 किलोमीटर प्रति घंटे तक पहुंच सकती है.

विज्ञापन

आंध्र प्रदेश के मुख्यमंत्री एन. चंद्रबाबू नायडू ने कहा है कि राज्य सरकार पूरी तरह अलर्ट पर है और जनजीवन की सुरक्षा सर्वोच्च प्राथमिकता है. तटीय और निचले इलाकों के लोगों को सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाया जा रहा है. सरकार ने 290 राहत शिविर बनाए हैं, जिनमें 84 हजार से अधिक लोगों को शिफ्ट किया जा चुका है. राज्य के श्रीकाकुलम, विजयनगरम, काकीनाडा, कोनसीमा, एलुरु, पश्चिम गोदावरी और विशाखापत्तनम समेत कई जिलों में अत्यधिक भारी बारिश की चेतावनी जारी की गई है. कुछ क्षेत्रों में 30 सेंटीमीटर तक बारिश होने की संभावना जताई गई है. समुद्र का पानी निचले इलाकों में घुस सकता है, जिसे देखते हुए लोगों को घरों के भीतर रहने और अनावश्यक यात्रा से बचने की सलाह दी गई है.

बाढ़ में फंसे चार लोगों को पुलिस ने बचाया
काकीनाडा जिले के बॉम्बे कट्टा इलाके में भारी बारिश और समुद्र का पानी भरने से चार लोग बाढ़ में फंस गए थे. जिला पुलिस के अनुसार, ये लोग सुबह ड्यूटी पर पहुंचे थे, लेकिन उनके ठहरने की जगह चारों ओर पानी भर गया और बाहर निकलने का रास्ता बंद हो गया. सूचना मिलने पर पुलिस ने बचाव अभियान चलाया और चारों को सुरक्षित बाहर निकालकर वाहन से उनके घर भेज दिया.

विज्ञापन

कई जिलों में भारी बारिश, पेड़ गिरे
साइक्लोन अर्नब के असर से आंध्र प्रदेश के कोनासीमा जिले के अमलापुरम में बहुत तेज हवाएं के साथ भारी बारिश हो रही है. आंध्र प्रदेश के काकीनाडा में समुद्र की ऊंची लहरों ने तटीय सड़क को जलमग्न कर दिया और उसे तोड़ दिया. आंध्र प्रदेश के विशाखापत्तनम में आसमान में घने बादलों के बीच समुद्र की ऊंची लहरें तट से टकराईं. तटीय इलाके में हाई अलर्ट जारी है.
चक्रवात के प्रभाव से अनकापल्ली, विशाखापत्तनम, काकीनाडा और कोनसीमा जिलों में कई जगह भारी बारिश हो रही है. संबंधित जिलों के अधिकारियों ने तेज हवाओं और भारी वर्षा की जानकारी दी है. कुछ स्थानों पर पेड़ गिरने की भी खबर है. साइक्लोन ‘अर्नब’ के असर से पश्चिम बंगाल के दीघा जिले में तेज हवाओं के साथ भारी बारिश हो रही है.

साइक्लोन के असर से चेन्नई के एन्नोर बीच पर 20 फीट तक ऊंची लहरें उठीं. इससे तटीय सड़कों पर पानी भर गया. खासतौर पर दो पहिया वाहन चालकों को भारी मुश्किलों का सामना करना पड़ा. ओडिशा के खोरधा में चिल्का झील के एक द्वीप के पास स्थित मां कालीजाई मंदिर में चक्रवात से पहले समुद्र की लहरें मंदिर में पहुंचती दिखाई दीं.

विज्ञापन

पुडुचेरी के यानम में चक्रवात के कारण चल रही तेज हवाओं से नेशनल हाईवे-216 के किनारे कई पेड़ उखड़ गए. आपदा प्रबंधन विभाग ने इलाके में पेड़ों को हुए नुकसान की जानकारी दी है. चक्रवात के चलते फिलहाल हाईवे बंद है. पुडुचेरी के मंत्री मल्लाडी कृष्ण राव रात को यानम शहर के सावित्री नगर पहुंचे. इलाका साइक्लोन अर्नब के असर से समुद्र के पानी से बाढ़ में घिर गया है. दौरे के दौरान, उन्होंने बाढ़ की स्थिति का जायजा लिया और प्रभावित लोगों से बातचीत की.

उत्तर प्रदेश तक दिखेगा असर
चक्रवात का प्रभाव केवल दक्षिण भारत तक सीमित नहीं रहेगा. उत्तर प्रदेश में भी 28 से 31 अक्टूबर के बीच बेमौसम बारिश, गरज-चमक और तेज हवाएं चलने की संभावना है. राहत आयुक्त कार्यालय ने किसानों और आम नागरिकों के लिए विशेष एडवाइजरी जारी की है.

विज्ञापन

28 अक्टूबर को सोनभद्र, मिर्जापुर, चंदौली, वाराणसी, भदोही, गाजीपुर और बलिया में 30 से 40 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से हवाएं चल सकती हैं. इन जिलों में येलो अलर्ट जारी किया गया है. वहीं 29 अक्टूबर को कई जिलों में भारी बारिश और 40 से 50 किलोमीटर प्रति घंटे की हवाओं की आशंका के चलते ऑरेंज अलर्ट घोषित किया गया है. प्रयागराज, चित्रकूट, कौशांबी, फतेहपुर, प्रतापगढ़, रायबरेली और अमेठी सहित कई जिलों में वर्षा का अनुमान है.

रेलवे और उड़ानों पर असर
चक्रवात से निपटने के लिए रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव ने रेलवे तैयारियों की समीक्षा की है. दक्षिण तटीय रेलवे और पूर्वी तटीय रेलवे क्षेत्रों में करीब 600 किलोमीटर रेलवे ट्रैक की विशेष निगरानी की जा रही है. रेलवे बोर्ड से लेकर डिवीजन स्तर तक वॉर रूम सक्रिय कर दिए गए हैं. मरम्मत सामग्री, डीजल इंजन, एंबुलेंस और आपदा राहत उपकरण संवेदनशील स्थानों पर तैनात किए गए हैं.

विज्ञापन

वहीं विजयवाड़ा और विशाखापत्तनम एयरपोर्ट से मंगलवार और बुधवार की कुल 21 उड़ानें रद्द कर दी गई हैं. समुद्र में मछली पकड़ने वाली नौकाओं के प्रवेश पर रोक लगा दी गई है और कई जिलों में स्कूल भी बंद कर दिए गए हैं.

आखिर ‘अर्नब’ नाम क्यों रखा गया?
दिलचस्प बात यह है कि चक्रवात अर्नब का नाम बांग्लादेश ने सुझाया है. यह नाम उत्तर हिंद महासागर क्षेत्र के लिए तैयार आधिकारिक सूची का हिस्सा है. इस सूची को भारत, बांग्लादेश, पाकिस्तान, श्रीलंका, मालदीव, म्यांमार, ओमान, कतर, सऊदी अरब, यूएई, यमन, ईरान और थाईलैंड सहित 13 देशों ने मिलकर तैयार किया है.

विज्ञापन

‘अर्नब’ शब्द का संबंध बंगाली भाषा में समुद्र या महासागर से माना जाता है. हालांकि मौसम विभाग ने इसका आधिकारिक अर्थ जारी नहीं किया है. चक्रवातों को नाम देने का उद्देश्य आम लोगों, प्रशासन, मीडिया और आपदा एजेंसियों के बीच संवाद को आसान बनाना होता है ताकि चेतावनी और राहत कार्यों में भ्रम की स्थिति पैदा न हो.

संबंधित खबरें

न्यूज 24 पर पढ़ें देश, राष्ट्रीय समाचार (National News), खेल, मनोरंजन, धर्म, लाइफ़स्टाइल, हेल्थ, शिक्षा से जुड़ी हर खबर। ब्रेकिंग न्यूज और लेटेस्ट अपडेट के लिए News 24 App डाउनलोड कर अपना अनुभव शानदार बनाएं।

First published on:

Know More: Editorial Guidelines

लेख समाप्त

लेखक के बारे में

Khushbu Goyal

खुशबू गोयल News24 हिंदी डिजिटल में चीफ सब एडिटर के पद पर कार्यरत हैं. वेब जर्नलिज्म में 13 साल का अनुभव रखने वाली खुशबू गोयल राष्ट्रीय, अंतरराष्ट्रीय और राज्यस्तरीय न्यूज और चुनावी कवरेज करती हैं. खुशबू गोयल ने अक्टूबर 2013 में अमर उजाला डिजिटल से अपने करियर की शुरुआत की थी, जहां 7 साल सेवाएं देने के बाद साल नवंबर 2020 में दैनिक भास्कर डिजिटल जॉइन किया और सितंबर 2023 से News24 के डिजिटल में सेवाएं दे रही हैं. 13 साल के करियर में खुशबू गोयल ने नेशनल, इंटरनेशनल, पॉलिटिकल, क्राइम टॉपिक कवर करने में विशेषज्ञता हासिल की. खुशबू गोयल का पत्रकारिता में अनुभव: 13 साल योग्यता: कुरुक्षेत्र विश्वविद्यालय के IMC&MT इंस्टीट्यूट से मास्टर ऑफ कम्युनिकेशन एंड जर्नलिज्म (MJ) के बाद जर्नलिज्म में MPhil की डिग्री ली. खुशबू गोयल ने 2014, 2019 और 2024 के लोकसभा चुनाव की विस्तृत रिपोर्टिंग की है, जिसमें उन्हें ग्राउंड कवरेज करने का भी अनुभव है. इसके अलावा पिछले 13 साल में विभिन्न राज्यों में हुए विधानसभा चुनाव को भी उन्होंने फील्ड रिपोर्टिंग के साथ कवर किया.
... और पढ़ें

ताज़ा खबरें

Sponsored Links by Taboola