तमिलनाडु के मुख्यमंत्री एमके स्टालिन मंगलवार को एक बड़े हादसे से बाल बाल बच गए. दिंडीगुल जिले में सरकारी कार्यक्रम में शामिल होने के बाद जब वे मदुरै एयरपोर्ट लौट रहे थे, तभी उनके काफिले में शामिल गाड़ी का टायर खराब हो गया. बताया गया कि जिस वाहन में मुख्यमंत्री सवार थे उसका टायर अचानक बैठ गया. घटना के तुरंत बाद सुरक्षा कर्मियों ने सतर्कता दिखाते हुए मुख्यमंत्री को दूसरी गाड़ी में सुरक्षित शिफ्ट कर दिया. पुलिस अधिकारियों ने साफ किया कि इस घटना में मुख्यमंत्री को कोई चोट नहीं आई और वे पूरी तरह सुरक्षित हैं.
सरकारी दौरे के बाद हुआ हादसा
यह घटना उस समय हुई जब एमके स्टालिन दिंडीगुल में पूरे दिन चले सरकारी दौरे को पूरा कर लौट रहे थे. इस दौरान उन्होंने कई विकास परियोजनाओं का उद्घाटन किया और नई योजनाओं की नींव रखी. इसके साथ ही उन्होंने लाभार्थियों को सरकारी सहायता भी वितरित की. मुख्यमंत्री जिस वाहन में सफर कर रहे थे वह लैंड रोवर डिफेंडर एसयूवी थी. पुलिस सूत्रों के अनुसार यह गाड़ी डीएमके से जुड़े एक पदाधिकारी की थी. एक वरिष्ठ पुलिस अधिकारी ने बताया कि यह केवल टायर से जुड़ी तकनीकी समस्या थी और किसी तरह का खतरा नहीं था. हालांकि कुछ अधिकारियों ने इसे सामान्य टायर पंचर बताया.
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स्टालिन का केंद्र सरकार और गृहमंत्री पर तीखा हमला
दिंडीगुल के कार्यक्रम में मुख्यमंत्री स्टालिन ने केंद्र सरकार और गृहमंत्री अमित शाह पर तीखा हमला बोला. उन्होंने तमिलनाडु में धार्मिक अधिकारों को लेकर लगाए गए आरोपों को बेबुनियाद बताया. स्टालिन ने कहा कि डीएमके सरकार सभी धर्मों का सम्मान करती है और किसी के साथ भेदभाव नहीं होता. उन्होंने बताया कि मौजूदा सरकार के दौरान करीब चार हजार मंदिरों में कुंभाभिषेक कराए गए हैं. साथ ही मंदिरों की करीब सात हजार छह सौ एकड़ जमीन को अतिक्रमण से मुक्त कराया गया है जिसकी कीमत हजारों करोड़ रुपये है.
समाज में तनाव फैलाने का आरोप
मुख्यमंत्री ने यह भी कहा कि कुछ लोग जानबूझकर आस्था को राजनीति से जोड़कर समाज में तनाव फैलाने की कोशिश कर रहे हैं. उन्होंने भरोसा जताया कि तमिलनाडु की जनता ऐसी कोशिशों को कभी सफल नहीं होने देगी. स्टालिन ने आने वाले 2026 विधानसभा चुनाव को लेकर भी बड़ा बयान दिया. उन्होंने कहा कि यह चुनाव तय करेगा कि राज्य का शासन चेन्नई से चलेगा या दिल्ली से नियंत्रित होगा. कार्यक्रम के बाद वे तय समय पर मदुरै एयरपोर्ट पहुंचे और वहां से आगे की यात्रा के लिए रवाना हो गए. अधिकारियों ने बताया कि काफिले की सुरक्षा व्यवस्था की दोबारा समीक्षा की गई है.