हमारे साथ जुड़ें X IG YT FB
Trending: Gyanesh KumarsirBigg Boss 20

'इमरजेंसी में 19 महीने तक भूमिगत रहकर काम करते रहे मोदी', अमित शाह ने कांग्रेस को घेरा

Amit Shah On Samvidhan Hatya Diwas 2025 : केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने इमरजेंसी के 50 साल पूरे होने पर संविधान हत्या दिवस 2025 कार्यक्रम को संबोधित करते हुए कांग्रेस को घेरा। उन्होंने कहा कि इमरजेंसी के दौरान 19 महीने तक नरेंद्र मोदी भूमिगत रहकर काम करते रहे।

विज्ञापन
केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह। (@BJP4India)

Amit Shah On Samvidhan Hatya Diwas 2025 : केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने इमरजेंसी के 50 साल पूरे होने पर संविधान हत्या दिवस 2025 कार्यक्रम को संबोधित किया। उन्होंने कहा कि आज हम आजादी के बाद के भारत के इतिहास के एक काले अध्याय को याद करने के लिए एकत्रित हुए हैं। जिस प्रकार से आपातकाल में देश को जेलखाना बनाकर रख दिया गया था, देश की आत्मा को गूंगा करके रख दिया गया था, न्यायालय के कान को बहरा करके रख दिया गया था, लिखने वालों की कलम से स्याही ही निकाल दी गई थी, उस पूरे कालखंड का वर्णन कठोर शब्दों के साथ ही करना चाहिए, तभी युवा पीढ़ी को मालूम पड़ेगा कि क्या हुआ था।

केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने कहा कि यहां पर एक पुस्तक का भी विमोचन हुआ- ‘The Emergency Diaries – Years that Forged a Leader. नरेंद्र मोदी इमरजेंसी के दौरान भूमिगत रहकर काम करते थे। उन्होंने कई बार अलग-अलग भेष बदलकर आपातकाल के खिलाफ काम किया। मोदी ने इंदिरा गांधी की तानाशाही के खिलाफ देश भर में गांव-गांव घूमकर काम किया। आज वही मोदी ने 2014 में परिवारवाद वाली पार्टी को सत्ता से बाहर किया। जिस युवा ने आपातकाल का विरोध किया, आज वही देश का प्रधानमंत्री बनकर लोकतंत्र को मजबूत कर रहे हैं। उस आंदोलन में एक युवा कार्यकर्ता के नाते मोदी ने जिस प्रकार से संघर्ष किया है, इसकी पूरी कहानी इस पुस्तक के अंदर समाहित है।

यह भी पढे़ं : काल भैरव मंदिर में पुजारी ने उतारी ने अमित शाह की नजर, सीएम योगी भी थे मौजूद, देखें वीडियो

विज्ञापन

19 महीने तक भूमिगत रहकर काम करते रहे मोदी : अमित शाह 

उन्होंने कहा कि इस पुस्तक में यह कहानी बताई गई है कि कैसे नरेंद्र मोदी ने एक युवा कार्यकर्ता के रूप में आपातकाल के दौरान जयप्रकाश नारायण (JP) और नानाजी देशमुख के नेतृत्व वाले आंदोलन में काम किया। पुस्तक में युवा संघ प्रचारक के रूप में उनके प्रयासों पर प्रकाश डाला गया है, जहां वे सक्रिय रूप से प्रतिरोध का समर्थन करते हुए 19 महीने तक भूमिगत रहे।

यह भी पढे़ं : ‘1000 DNA टेस्ट किए जाएंगे’, अहमदाबाद विमान हादसे पर केंद्रीय मंत्री अमित शाह का बड़ा बयान

विज्ञापन

अमित शाह ने आगे कहा कि कई बार इतिहास सिर्फ घटनाओं को नहीं बताता है, वो नीयत और नजरिए को भी उगाकर करता है। संविधान निर्माता बाबा साहेब अंबेडकर ने जो 2 लाख 67 हजार शब्द बोलकर चर्चा करके संविधान का निर्माण किया था, उन सारी चर्चाओं का अंत इंदिरा गांधी ने, राष्ट्रपति ने आपातकाल की घोषणा की है, ये वाक्य बोलकर संविधान की सारी स्पिरिट को खत्म करने का काम किया।

अटल बिहारी समेत कई नेताओं को जेल में डाला : शाह

केंद्रीय गृह मंत्री ने आगे कहा कि इमरजेंसी के दौरान अखबार के दफ्तर बंद हुए, 253 पत्रकार जेल भेज दिए गए, विदेशी पत्रकारों पर प्रतिबंध लगा दिया गया। अखबार के दफ्तर की बिजली काट दी गई, ताकि वो चल न सके। अटल बिहारी, मुलायम सिंह यादव सहित देश के कई नेताओं को जेल में डाल दिया गया। किशोर कुमार, देवानंद, मनोज कुमार की फिल्म पर रोक लगा दी गई थी। इमरजेंसी का नतीजा ये हुआ कि इंदिरा गांधी खुद अपना चुनाव हार गईं और पहली बार देश में पूर्ण बहुत की गैर कांग्रेसी सरकार बनी थी।

विज्ञापन

संबंधित खबरें

Tags:

न्यूज 24 पर पढ़ें देश, राष्ट्रीय समाचार (National News), खेल, मनोरंजन, धर्म, लाइफ़स्टाइल, हेल्थ, शिक्षा से जुड़ी हर खबर। ब्रेकिंग न्यूज और लेटेस्ट अपडेट के लिए News 24 App डाउनलोड कर अपना अनुभव शानदार बनाएं।

First published on:

Know More: Editorial Guidelines

लेख समाप्त

ताज़ा खबरें

Sponsored Links by Taboola