World Sleep Day 2025: नींद हमारी लाइफस्टाइल का जरूरी हिस्सा है। कुछ लोगों को रात के समय सोने के बाद भी दिन में नींद आती है। आपने अक्सर देखा होगा कि मेट्रो या बस में लोग खड़े-खड़े नींद में लुढ़कते दिखते हैं या ड्राइविंग करते समय भी कुछ लोगों की झपकी लग जाती है। आपके साथ भी कभी न कभी ऐसा हुआ होगा, यह सभी संकेत खराब स्लीप पैटर्न की ओर इशारा करते हैं। स्लीपिंग पैटर्न एक ऐसा टर्म है, जो आपको यह बताता है कि आपकी नींद की गुणवत्ता कैसी है और आप कब सोते हैं या कितने घंटे सोते हैं। चलिए इस बारे में एम्स के प्रोफेसर से जानते हैं।
क्या बोले एक्सपर्ट?
एम्स (AIIMS) नई दिल्ली के प्रोफेसर डॉक्टर विजय हड्डा, जो पल्मनरी और स्लीप मेडिसिन केयर विभाग के सीनियर हैं, एनबीटी से बातचीत में बताते हैं कि रात को सही समय पर सोना इसलिए आवश्यक है ताकि आपका शारीरिक संतुलन सही रहे और आप कम से कम बीमार पडे़ं। अच्छी नींद हमें गंभीर से गंभीर बीमारियों से बचा सकती है। गाड़ी या बाइक चलाते हुए या फिर सफर करते समय नींद आना सीधा तौर पर संकेत देता है कि आप रात को पर्याप्त नींद नहीं ले रहे हैं या फिर सिर्फ 5-6 घंटे सो रहे हैं। यह बैड स्लीप पैटर्न का संकेत होता है।
ये भी पढ़ें- Heart Health: हार्ट की बीमारी के होते हैं ये 3 शुरुआती संकेत
स्लीप पैटर्न (Sleep Pattern) क्यों जरूरी?
स्लीपिंग पैटर्न का मतलब होता है आपका नींद लेने का सही तरीका। इस स्लीपिंग टेक्निक में सही समय की नींद, पर्याप्त नींद के बारे में बताया जाता है। साथ ही, नींद पर हुई स्टडीज में गलत स्लीप पैटर्न से होने वाली समस्याओं को भी देखा जाता है। कई बड़े मेडिकल इंस्टिट्यूशन्स में स्लीप पैटर्न का टेस्ट प्रोवाइड किया जाता है, जिसमें लोगों को रात 8 बजे सुलाया जाता है और सुबह 6 बजे जगाया जाता है। इसमें इंसान का दो बार टेस्ट होता है। पहला उसकी रेगुलर नींद के बाद और दूसरा इस तरह नींद लेने के बाद।
photo credit-FREEPIK
रिजल्ट में हुआ खुलासा
Sleep Pattern जांच में पाया गया है कि जब इंसान 9 से 12 घंटे की नींद को सही समय यानी 8 बजे या उसके थोड़ी देर बाद सोता है और फिर सुबह 6 बजे तक उठता है, तो वह ज्यादा फ्रेश फील करता है। उन्हें स्ट्रेस, टेंशन और डिप्रेशन की समस्या भी नहीं होती है।
अच्छी नींद के लिए क्या करें?
- सोने से पहले फोन और लैपटॉप से दूरी बनाएं।
- जल्दी सोने और जगने की आदत बनाएं।
- शाम 6 से 7 बजे के बाद कॉफी या चाय न पिएं।
- रोजाना सेम स्लीपिंग पैटर्न को फॉलो करें।
- तकिए को ज्यादा ऊंचा न रखें।
ये भी पढ़ें- बवासीर को कैसे दूर भगाएंगी रसोई में छिपी ये चीजें
Disclaimer: ऊपर दी गई जानकारी पर अमल करने से पहले विशेषज्ञों से राय अवश्य लें। News24 की ओर से जानकारी का दावा नहीं किया जा रहा है।
संबंधित खबरें
क्या अचानक धुंधला दिखना हाई ब्लड शुगर का संकेत है? गलती से न करें इग्नोर
1 hr agoहर हफ्ते निकल आते हैं मुंह में छाले? खाना ही नहीं, ये भी हो सकते हैं कारण
4 hrs agoबच्चे को किस उम्र से ब्रश कराना चाहिए? AIIMS से जानिए
6 hrs agoमिर्गी में दिमाग के अंदर क्या होता है? AIIMS के डॉक्टर ने बताए 5 बड़े बदलाव
8 hrs agoभारत की सर्वाइकल कैंसर वैक्सीन Cervavac को WHO की हरी झंडी
21 hrs agoचलने-फिरने में फूलती है सांस तो सावधान! कमजोरी समझकर न करें नजरअंदाज
23 hrs agoखाने के बाद बस 10 मिनट चलने की आदत कितनी फायदेमंद?
1 day agoप्लेग बीमारी क्या है और कैसे फैलती है? जानिए इसके लक्षण, क्या हैं तरीके
1 day agoक्या साथ बैठकर खाना खाने से फैलता है TB? AIIMS के डॉक्टरों ने बताया सच
1 day agoक्या रूस में फैल गया है प्लेग? रिसर्चर की मौत के बाद मचा हड़कंप
1 day agoन्यूज 24 पर पढ़ें देश, राष्ट्रीय समाचार (National News), खेल, मनोरंजन, धर्म, लाइफ़स्टाइल, हेल्थ, शिक्षा से जुड़ी हर खबर। ब्रेकिंग न्यूज और लेटेस्ट अपडेट के लिए News 24 App डाउनलोड कर अपना अनुभव शानदार बनाएं।
First published on:
Know More: Editorial Guidelines