नसों में जमी गंदगी कैसे निकालें? डॉक्टर ने बताया डाइट में शामिल कर लीं ये चीजें तो साफ हो जाएगी नसों की ब्लॉकेज

Blocked Arteries Home Remedies: नसों की गंदगी एक नहीं बल्कि कई स्वास्थ्य संबंधी दिक्कतों की वजह बनती है. इससे खासतौर से हार्ट अटैक का खतरा रहता है. ऐसे में यहां जानिए किस तरह बंद नसों को साफ किया जा सकता है. डॉ. शालिनी सिंह सालुंके के बताए सुपरफूड्स खाने पर ये ब्लॉकेज साफ हो सकती है.

blocked arteries in legs

नसों की ब्लॉकेज को कैसे साफ करें? Image Credit - AI

Foods For Blocked Arteries: खानपान सही ना होने पर या किसी तरह की फिजिकल एक्टिविटी ना करने पर नसों में ब्लॉकेज होने लगती है. इस ब्लॉकेज के कारण नसें बंद हो जाती हैं, सिंकुड़ जाती हैं या नसों में गंदगी चिपकने लगती है जो रक्त प्रवाह को अवरुद्ध करती है. इससे होता यह है कि शरीर के अलग-अलग अंगों तक खून और ऑक्सीजन सही तरह से नहीं पहुंच पाता है. इससे शरीर के काम पर तो असर पड़ता ही है, साथ ही हाथ-पैरों में दर्द रहने लगता है और हार्ट अटैक (Heart Attack) या स्ट्रोक की संभावना बढ़ती है सो अलग. ऐसे में जनरल फिजीशियन डॉ. शालिनी सिंह सालुंके ने अपने इंस्टाग्राम हैंडल से एक पोस्ट शेयर करते हुए बताया है कि वो कौन से फूड्स हैं जो नसों की ब्लॉकेज को कम करते हैं. इन देसी सुपरफूड्स को खाने पर नसों में जमा गंदगी निकल जाती है.

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बंद नसें साफ करने के लिए क्या खाएं | Foods To Clean Blocked Arteries

डॉ. शालिनी सिंह सालुंके का कहना है कि नसों की ब्लॉकेज कम करने के लिए आपको सर्जरी कराने की नौबत नहीं आएगी और ना ही महंगे फूड्स जैसे एवोकाडो वगैरह खाने होंगे. सरल और सादा देसी चीजें भी सुपरफूड्स साबित होती हैं जिन्हें आप अपनी डाइट का हिस्सा बना सकते हैं. ये चीजें शरीर के LDL यानी गंदे कॉलेस्ट्रोल को कम करती हैं, कॉलेस्ट्रोल को नसों में जमने नहीं देतीं और नसों को साफ करती हैं सो अलग.

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ओट्स – इसमें मौजूद बीटा-ग्लूटन फाइबर शरीर से कॉलेस्ट्रोल को बाहर निकाल देता है. रोजाना आधा से तीन-चौथाई कप ओट्स (Oats) खाए जा सकते हैं.

मोरिंगा – मोरिंगा में मौजूद पॉलीफेनोल्स नसों को रिलैक्स करते हैं और ब्लड प्रेशर कम करने में असरदार हैं. 1-2 ग्राम मोरिंगा पाउडर का रोजाना सेवन करना नसों की ब्लॉकेज कम करने में फायदेमंद साबित होता है.

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अखरोट – इसके ओमेगा-3 फैटी एसिड्स और विटामिन ई के गुण नसों को मजबूत रखता है. डॉक्टर का कहना है कि आप रोज 4 से 5 अखरोट खा सकते हैं.

मेथी दाना – इसके सेपोनेंस कॉलेस्ट्रोल (Cholesterol) को एब्जॉर्ब होने से रोकते हैं. रोजाना आप 5 ग्राम भीगे हुए मेथी के दाने खा सकते हैं.

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करी पत्ता – यह लिपिड्स ऑक्सीडेशन को कम करता है और नसों को दुरुस्त रखता है. आप हर दिन 10 से 12 ताजा करी पत्ते (Curry Leaves) खा सकते हैं.

बंद नसों का शरीर पर क्या प्रभाव पड़ता है

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  • बंद नसों के कारण हार्ट अटैक की नौबत आ सकती है.
  • सांस फूलने लगती है.
  • हाथों में दर्द रहता है.
  • सीने में दर्द होता है.
  • स्ट्रोक आ सकता है और जान जा सकती है.
  • पेरिफेलर आर्टिरीज डिजीज हो सकती है. वेरिकोज वीन्स की संभावना बढ़ जाती है.
  • पैरों में अकड़न, दर्द और झनझनाहट हो सकती है. पैर सुन्न रहते हैं.
  • नसों की ब्लॉकेज से कुछ खाते ही उल्टी आ सकती है, जी मितलाने लगता है और पेट में दर्द रहता है.
  • जेनिटल्स तक ब्लड फ्लो नहीं हो पाता जिससे इरेक्टाइल डिस्फंक्शन की दिक्कत हो सकती है.
  • चक्कर आ सकते हैं और कमजोरी महसूस होती है.

अस्वीकरण – इस खबर को सामान्य जानकारी के तौर पर लिखा गया है. अधिक जानकारी के लिए विशेषज्ञ की सलाह लें या चिकित्सक से परामर्श करें. न्यूज 24 किसी तरह का दावा नहीं करता है.

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लेखक के बारे में

Seema Thakur

Seema Thakur

सीमा ठाकुर पत्रकारिता से पिछले 7 सालों से जुड़ी हैं. न्यूज24 में सीमा बतौर चीफ सब एडिटर काम कर रही हैं. सीमा हेल्थ और लाइफस्टाइल बीट पर लिखती हैं और कॉन्टेन्ट क्रिएशन के साथ ही टीम लीड की भूमिका भी निभा रही हैं. न्यूज24 में सीमा ने अपनी बीट से हटकर इलेक्शंस की स्टोरीज पर भी काम किया है. हेल्थ और लाइफस्टाइल से जुड़ी स्टडीज, लेटेस्ट न्यूज और एक्सपर्ट्स/डॉक्टर्स से बातचीत पर आधारित लेख लिखने में सीमा की मजबूत पकड़ है. सीमा हेल्थ की खबरों और लेटेस्ट अपडेट के लिए AIIMS, ICMR, WHO,  स्वास्थ्य मंत्रालय जैसे संस्थानों के विशेषज्ञों और डॉक्टरों के संपर्क में रहती हैं. अनुभव सीमा ने पत्रकारिता की शुरुआत दिल्ली प्रेस ग्रुप से की थी जहां वे सरिता, मुक्ता और गृहशोभा मैग्जीन में वुमेन ओरिएंटेड, सोशल, लाइफस्टाइल, हेल्थ और बॉलीवुड के अलावा पॉलिटकल आर्टिकल्स लिखती थीं. सीमा को प्रूफरीडिंग और एडिटिंग का भी खासा अनुभव है. प्रिंट में काम करने के दौरान सीमा की हिंदी भाषा में अच्छी पकड़ है. दिल्ली प्रेस के बाद सीमा डायमंड पब्लिशिंग हाउस से जुड़ी थीं जहां उन्होंने मैग्जीन और वेबसाइट दोनों के लिए काम किया. डायमंड पब्लिशिंग हाउस के बाद सीमा ने NDTV के साथ डिजिटल मीडिया में अपना करियर शुरू किया. NDTV में सीमा ने राइटर के साथ ही वीडियो प्रोड्यूसर, एंकर और पॉडकास्टर के तौर पर भी काम किया. लाइफस्टाइल वीडियोज और बॉलीवुड गोल्ड सीरीज को प्रोड्यूस और एंकर करने के साथ ही वे बॉलीवुड पॉडकास्ट किया करती थीं. वीडियो प्रोडक्शन में सीमा का इंटरेस्ट और पकड़ यहीं से आई है. शिक्षा सीमा ने दिल्ली विश्वविद्यालय के दीन दयाल उपाध्याय कॉलेज से बी.ए किया है. इसके बाद जामिया मिलिया इस्लामिया से हिंदी पत्रकारिता में पीजी डिप्लोमा किया. जामिया की पीजी डिप्लोमा इन जर्नलिज्म डिपार्टमेंट की मैग्जीन में सीमा स्टूडेंट एडिटर और अपने बैच की कॉन्टेंट हेड रह चुकी हैं.
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