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थायराइड में कभी नहीं खानी चाहिए ये चीजें, बढ़ सकती हैं दिक्कतें

Thyroid Diet: अगर आप भी थायराइड की दिक्कत से परेशान रहते हैं तो यहां जानिए कौन सी चीजों को खाने पर परेशानी बढ़ सकती है. इन चीजों को अपनी डेली डाइट से हटाना जरूरी है.

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Foods To Avoid In Thyroid: थायराइड में कुछ चीजों को खाने से परहेज करना जरूरी है.

Thyroid Treatment: थायराइड की दिक्कत में अपने खानपान का सही तरह से ध्यान रखना जरूरी होता है. थाइराइड गले पर तितलीनुमा ग्रंथि होती है जो वो हार्मोन बनाती हैं जिससे शरीर किस तरह एनर्जी को यूज करता है यह निर्धारित होता है. ये हार्मोन शरीर के हर अंग को प्रभावित करता है और शरीर के अलग-अलग अंगों के फंक्शन को कंट्रोल करता है, जैसे हार्ट रेट, सांसें, वजन, पाचन और मूड. थायराइड की आमतौर पर 2 दिक्कतें होती हैं, हाइपरथाइरोडिज्म (Hyperthyroidism) और हाइपोथाइरिडिज्म (Hypothyroidism). ऐसे में यहां अगर आप भी थाइराइड की दिक्कतों से परेशान हैं तो यहां जानिए कौन सी चीजें थायराइड में बिल्कुल भी नहीं खानी चाहिए.

थायराइड में क्या नहीं खाना चाहिए | Foods To Avoid In Thyroid

ब्रोकोली और गोभी

थायराइड डिसोर्डर (Thyroid Disorder) में ब्रोकोली और गोभी को खाने से मना किया जाता है. ऐसा इसलिए क्योंकि इससे शरीर को आयोडीन यूटिलाइज करने में दिक्कत हो सकती है.

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सोयाबीन और सोया प्रोडक्ट्स

सोयाबीन और सोया से बनने वाले प्रोडक्ट्स जैसे टोफू में इसोफ्लेवॉन्स नामक कंपाउंड होते हैं. ये थायराइड के खतरे को बढ़ाते हैं. वहीं, अगर आप पहले से थायराइड की दवाइयां ले रहे हैं तो सोयाबीन और सोया प्रोडक्ट्स दवाई के इफेक्ट को कम कर सकते हैं.

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हाई फैट्स वाले फूड्स

जिन फूड्स में फैट्स की मात्रा ज्यादा होती उन्हें थायराइड में नहीं खाना चाहिए. अनहेल्दी फैट्स थायराइड के मरीजों (Thyroid Patients) की सेहत बुरी तरह खराब कर सकते हैं. ऐसे में फ्राइड फूड्, फुल फैट मिल्क या मीट वगैरह से परहेज करना जरूरी होता है.

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फाइबर से भरपूर फूड्स

हाई फाइबर फूड्स जैसे बींस, ब्रेड और कुछ सब्जियां थायराइड में खाने से मना की जाती हैं. हाई फाइबर फूड्स से डाइजेस्टिव सिस्टम को ओवरवर्क करना पडडता है क्योंकि ये फूड्स ब्रेकडाउन में समय लेते हैं. ऐसे में हाई फाइबर डाइट होगी तो थाइराइड की दवाइयों का असर कम होगा. इस वजह से आपको अपने डॉक्टर से थायराइड की दवाइयां बढ़ाने के लिए भी कहना पड़ सकता है. इसीलिए जरूरी है कि हाई फाइबर फूड्स का सेवन कम किया जाए.

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अस्वीकरण – इस खबर को सामान्य जानकारी के तौर पर लिखा गया है. अधिक जानकारी के लिए विशेषज्ञ की सलाह लें या चिकित्सक से परामर्श करें. न्यूज 24 किसी तरह का दावा नहीं करता है.

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लेखक के बारे में

Seema Thakur

सीमा ठाकुर पत्रकारिता से पिछले 7 सालों से जुड़ी हैं. न्यूज24 में सीमा बतौर चीफ सब एडिटर काम कर रही हैं. सीमा हेल्थ और लाइफस्टाइल बीट पर लिखती हैं और कॉन्टेन्ट क्रिएशन के साथ ही टीम लीड की भूमिका भी निभा रही हैं. न्यूज24 में सीमा ने अपनी बीट से हटकर इलेक्शंस की स्टोरीज पर भी काम किया है. हेल्थ और लाइफस्टाइल से जुड़ी स्टडीज, लेटेस्ट न्यूज और एक्सपर्ट्स/डॉक्टर्स से बातचीत पर आधारित लेख लिखने में सीमा की मजबूत पकड़ है. सीमा हेल्थ की खबरों और लेटेस्ट अपडेट के लिए AIIMS, ICMR, WHO,  स्वास्थ्य मंत्रालय जैसे संस्थानों के विशेषज्ञों और डॉक्टरों के संपर्क में रहती हैं. अनुभव सीमा ने पत्रकारिता की शुरुआत दिल्ली प्रेस ग्रुप से की थी जहां वे सरिता, मुक्ता और गृहशोभा मैग्जीन में वुमेन ओरिएंटेड, सोशल, लाइफस्टाइल, हेल्थ और बॉलीवुड के अलावा पॉलिटकल आर्टिकल्स लिखती थीं. सीमा को प्रूफरीडिंग और एडिटिंग का भी खासा अनुभव है. प्रिंट में काम करने के दौरान सीमा की हिंदी भाषा में अच्छी पकड़ है. दिल्ली प्रेस के बाद सीमा डायमंड पब्लिशिंग हाउस से जुड़ी थीं जहां उन्होंने मैग्जीन और वेबसाइट दोनों के लिए काम किया. डायमंड पब्लिशिंग हाउस के बाद सीमा ने NDTV के साथ डिजिटल मीडिया में अपना करियर शुरू किया. NDTV में सीमा ने राइटर के साथ ही वीडियो प्रोड्यूसर, एंकर और पॉडकास्टर के तौर पर भी काम किया. लाइफस्टाइल वीडियोज और बॉलीवुड गोल्ड सीरीज को प्रोड्यूस और एंकर करने के साथ ही वे बॉलीवुड पॉडकास्ट किया करती थीं. वीडियो प्रोडक्शन में सीमा का इंटरेस्ट और पकड़ यहीं से आई है. शिक्षा सीमा ने दिल्ली विश्वविद्यालय के दीन दयाल उपाध्याय कॉलेज से बी.ए किया है. इसके बाद जामिया मिलिया इस्लामिया से हिंदी पत्रकारिता में पीजी डिप्लोमा किया. जामिया की पीजी डिप्लोमा इन जर्नलिज्म डिपार्टमेंट की मैग्जीन में सीमा स्टूडेंट एडिटर और अपने बैच की कॉन्टेंट हेड रह चुकी हैं.
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