Kidney Disease Symptoms: किडनी की बीमारियां इन दिनों काफी बढ़ गई है. मगर सबसे ज्यादा खतरनाक क्रोनिक किडनी डिजीज यानी सीकेडी (CKD) होती है. इस बीमारी में किडनी को गंभीर क्षति होती है जिसका कारण शुगर और हाई बीपी माने जाते हैं. इस रोग में किडनी की कार्यक्षमता बहुत धीमी हो जाती है. हालांकि, इस बीमारी का कोई इलाज नहीं है लेकिन किडनी को ज्यादा खराब होने से बचाने के लिए कुछ उपायों की मदद लेनी चाहिए. डॉक्टर बिस्वरूप रॉय चौधरी बताते हैं कि जिसे पेशाब की समस्या नहीं हो रही है उनकी Kidney स्वस्थ होती है.
क्या कहते हैं एक्सपर्ट?
डॉक्टर बिस्वरूप रॉय चौधरी एक मशहूर डॉक्टर हैं जिनकी थ्योरिज को काफी सम्मान दिया जाता है. उन्होंने बताया है कि पेशाब जिनका बिल्कुल सही है यानी उनकी किडनी बिल्कुल सही से काम कर रही है. वहीं, सीकेडी के मरीजों को अपने शरीर में सिर्फ इन 3 लक्षणों को समझने की जरूरत होती है. अगर इनमें से एक या तीनों हैं तो किडनी खराब है.
क्रोनिक किडनी डिजीज के 3 संकेत। Symptoms of Chronic Kidney Disease (CKD)
यूरिन- डॉक्टर बताते हैं अगर पेशाब में स्मैल, झाग या उसका रंग गाढ़ा है तो यह किडनी डिजीज का संकेत होता है. किडनी का सबसे पहला काम शरीर से टॉक्सिन्स को फ्लश कर पेशाब के जरिए बाहर निकालना होता है.
सूजन- अगर सही मात्रा में पेशाब नहीं करते हैं तो शरीर में पानी बढ़ जाता है. इस पानी से सूजन होती है. पैरों में, टखनों में और जोड़ों में सूजन होती है. किडनी डिजीज में आंखें मोटी और मुंह भी सूजा हुआ दिखाई देता है.
हाई ब्लड प्रेशर- किडनी खराब होने पर लोगों का बीपी हाई रहने लगता है. हालांकि, कभी-कभी हाई बीपी होने का कारण कुछ और भी हो सकता है. मगर रोजाना बीपी हाई हो रहा है तो किडनी की कार्यक्षमता बिगड़ चुकी है. यह क्रोनिक किडनी डिजीज का संकेत होता है.
क्रोनिक किडनी डिजीज का इलाज क्या है?। Treatment of Chronic Kidney Disease
क्रोनिक किडनी डिजीज के इलाज से पहले आपको पता करना होगा कि यह बीमारी है या नहीं. यदि लक्षण महसूस हो रहे हैं तो सबसे पहले किसी नेफ्रोलॉजिस्ट से मिलें. उनकी निगरानी में ही इलाज करवाएं.
किडनी डिजीज के बारे में पता करने के लिए बायोप्सी, अल्ट्रासाउंड और MRI करवाया जाता है.