लैपटॉप की स्पीड हो गई है स्लो? बिना RAM बढ़ाए इन 7 तरीकों से करें फास्ट

लैपटॉप पहले की तरह तेज नहीं चलता और बार-बार हैंग होता है? तो तुरंत RAM बढ़ाने या नया लैपटॉप खरीदने की जरूरत नहीं है. जानिए ऐसे 7 तरीके, जो स्लो लैपटॉप को फास्ट बनाने में मदद कर सकते हैं.

LAPTOP fixing tips

काम करते हुए लैपटॉप स्लो या हैंग होता है तो इससे बड़ी परेशानी होती है. (Image Credit-AI)

लैपटॉप नया हो तो ऐप्स जल्दी खुलते हैं और काम भी बिना किसी परेशानी के होता है. लेकिन कुछ समय इस्तेमाल करने के बाद यही लैपटॉप स्लो चलने लगता है. कभी इसे ऑन होने में ज्यादा समय लगता है, तो कभी कोई ऐप खोलते ही यह हैंग होने लगता है. ऐसी परेशानी आने पर कई लोग RAM बढ़ाने या नया लैपटॉप खरीदने के बारे में सोचने लगते हैं. हालांकि, हर बार इसकी जरूरत नहीं होती. कई बार कुछ छोटी-छोटी गलतियों को सुधारकर भी लैपटॉप की स्पीड बेहतर की जा सकती है. जानते हैं ऐसे 7 आसान तरीके, जिनकी मदद से आप अपने लैपटॉप की परफॉर्मेंस सुधार सकते हैं.

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लैपटॉप स्लो है तो अपनाएं ये 7 ट्रिक्स 

1. लैपटॉप ऑन होते ही खुलने वाले ऐप्स करें बंद

अगर लैपटॉप चालू करते ही कई ऐप्स अपने आप खुलने लगते हैं, तो उसे स्टार्ट होने में ज्यादा समय लग सकता है. ये ऐप्स बैकग्राउंड में भई चलते रहते हैं, जिससे सिस्टम के संसाधनों पर दबाव बढ़ता है और बैटरी भी जल्दी खत्म हो सकती है.

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इसके लिए Windows लैपटॉप में Task Manager खोलें और Startup Apps सेक्शन में जाएं. यहां उन ऐप्स को Disable कर दें, जिनकी जरूरत लैपटॉप चालू होते ही नहीं होती. ध्यान रखें कि जरूरी सिस्टम ऐप्स और सिक्योरिटी सॉफ्टवेयर को बिना जानकारी के बंद न करें.

2. स्टोरेज में खाली जगह बनाएं

लैपटॉप की स्टोरेज लगभग फुल होने पर भी उसकी परफॉर्मेंस प्रभावित हो सकती है. डाउनलोड फोल्डर में पड़ी पुरानी फाइलें, बड़ी वीडियो और गैर-जरूरी डॉक्यूमेंट काफी जगह घेर लेते हैं. ऐसे में समय-समय पर इन फाइलों को चेक करना जरूरी है.

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जो फाइलें काम की नहीं हैं, उन्हें हटा दें. जरूरी फाइलों को किसी दूसरी ड्राइव या बाहरी स्टोरेज में भी रख सकते हैं. Windows में Settings के अंदर System और Storage सेक्शन पर जाकर पता लगाया जा सकता है कि लैपटॉप की सबसे ज्यादा जगह कौन-सी फाइलें घेर रही हैं.

3. काम के नहीं हैं तो ऐप्स को कर दें Uninstall

कई बार लैपटॉप में ऐसे सॉफ्टवेयर पड़े रहते हैं, जिनका इस्तेमाल महीनों से नहीं किया गया होता. इनमें से कुछ प्रोग्राम बैकग्राउंड में चलते हैं और सिस्टम की मेमोरी व प्रोसेसर का इस्तेमाल कर सकते हैं.

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ऐसे ऐप्स को हटाने के लिए लैपटॉप की Settings में जाकर Apps सेक्शन खोलें. यहां से गैर-जरूरी प्रोग्राम को Uninstall कर सकते हैं. हालांकि, किसी अनजान सिस्टम प्रोग्राम को हटाने से बचें, क्योंकि ऐसा करने से लैपटॉप के सामान्य कामकाज में परेशानी आ सकती है.

4. Windows और ड्राइवर को अपडेट रखें

अगर लैपटॉप में पुराना ऑपरेटिंग सिस्टम या ड्राइवर इस्तेमाल हो रहा है, तो कुछ मामलों में इसका असर भी परफॉर्मेंस पर पड़ सकता है. कंपनियां नए अपडेट के जरिए बग ठीक करती हैं और सिस्टम की सुरक्षा व स्थिरता बेहतर बनाती हैं.

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इसलिए समय-समय पर Windows Update चेक करें. लैपटॉप के ड्राइवर अपडेट करने के लिए उसकी कंपनी के आधिकारिक सॉफ्टवेयर का इस्तेमाल भी कर सकते हैं. अपडेट इंस्टॉल करने से पहले जरूरी फाइलों का बैकअप रखना बेहतर रहेगा.

5. ब्राउजर में बहुत ज्यादा टैब न खोलें

काम करते समय Chrome या किसी दूसरे ब्राउजर में कई टैब खोलकर छोड़ देना आम बात है. लेकिन हर टैब सिस्टम के संसाधनों का कुछ हिस्सा इस्तेमाल कर सकता है. खासकर कम RAM वाले लैपटॉप में बहुत सारे टैब खुले होने से दूसरी ऐप्स की स्पीड कम हो सकती है.

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इसलिए जिन टैब की जरूरत नहीं है, उन्हें बंद कर दें. इसके अलावा, ब्राउजर में मौजूद ऐसे एक्सटेंशन भी हटा सकते हैं, जिनका आप इस्तेमाल नहीं करते. इससे RAM पर पड़ने वाला दबाव कम करने में मदद मिल सकती है.

6. वायरस और मैलवेयर से लैपटॉप को बचाएं

अगर लैपटॉप अचानक स्लो हो गया है या बिना वजह हैंग होने लगा है, तो वायरस और मैलवेयर की जांच करना भी जरूरी है. कुछ हानिकारक प्रोग्राम बैकग्राउंड में चलते रहते हैं और प्रोसेसर व मेमोरी का इस्तेमाल करते हैं. इससे लैपटॉप की स्पीड प्रभावित हो सकती है.

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इसके लिए Windows Security या किसी भरोसेमंद एंटीवायरस की मदद से नियमित रूप से स्कैन करें. अनजान वेबसाइट से सॉफ्टवेयर डाउनलोड करने और संदिग्ध लिंक पर क्लिक करने से भी बचें. इससे लैपटॉप को सुरक्षित रखने में मदद मिलेगी.

7. पुरानी HDD की जगह SSD लगवाएं

अगर आपका लैपटॉप अभी भी HDD यानी हार्ड डिस्क पर चलता है, तो SSD लगवाना उसकी स्पीड बेहतर करने का एक अच्छा विकल्प हो सकता है. SSD की मदद से लैपटॉप जल्दी बूट होता है और ऐप्स भी पहले की तुलना में तेजी से खुल सकते हैं.

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हालांकि, SSD लगवाने से पहले यह जरूर जांच लें कि आपका लैपटॉप किस तरह की SSD को सपोर्ट करता है. अगर लैपटॉप में पहले से SSD लगी है, तो उसकी स्थिति और दूसरे हार्डवेयर की जांच करवाना ज्यादा उपयोगी हो सकता है. ध्यान रखें कि SSD लगाने से स्टोरेज की स्पीड बेहतर होती है, लेकिन इससे हर तरह की परफॉर्मेंस समस्या दूर हो, यह जरूरी नहीं है.

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लेखक के बारे में

Mikita Acharya

Mikita Acharya

मिकिता आचार्य News24 में ऑटो एंड टेक राइटर हैं. पत्रकारिता में उन्हें 6 साल से ज्यादा का अनुभव है. मूल रूप से मध्यप्रदेश के राजगढ़ जिले की रहने वाली मिकिता ने इंदौर के देवी अहिल्या विश्वविद्यालय के स्कूल और जर्नलिज्म एंड मास कम्यनिकेशन (SJMC, DAVV) से मास्टर्स इन जर्नलिज्म किया है. वहीं श्री वैष्णव इंस्टीट्यूट से इंफॉर्मेशन टेक्नोलॉजी, इंदौर से बीएससी की डिग्री ली है. अपने करियर की शुरुआत मिकिता ने 2019 में ईटीवी भारत, हैदराबाद से की, जहां उन्होंने कई ऑटो, टेक के अलावा न्यूज के लिए कॉटेंट लिखा. इसके बाद दैनिक भास्कर सब-एडिटर के तौर पर उन्होंने न्यूज के साथ इन्वेस्टिगेटिव जर्नलिज्म के लिए भी काम किया. साइंस बैकग्राउंड होने की वजह से ऑटोमोबाइल और टेक्नोलॉजी से जुड़ी खबरें लिखने में मिकिता की गहरी रूचि है. News24 में इस पद पर रहते हुए वे ऑटो और टेक्नोलॉजी से जुड़ी प्रोडक्ट लॉन्च, इंडस्ट्री ट्रेंड्स और रिव्यूज पर रोजाना लेख लिख रही हैं. मिकिता ने ऑटो और टेक से जुड़े कई बड़े इवेंट में ग्राउंड रिपोर्टिंग भी की है. वह ऑटो और टेक इंडस्ट्री से जुड़े एक्सपर्ट्स के संपर्क में रहती हैं. कितने साल का अनुभव: 6+ योग्यता : SJMC, DAVV से जर्नलिज्म एंड मास कम्युनिकेशन में मास्टर्स श्री वैष्णव इंस्टीट्यूट से इंफॉर्मेशन टेक्नोलॉजी में बीएससी पिछला अनुभव: दैनिक भास्कर, ETV भारत
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