Budget 2026: सिर्फ बड़ी कंपनियों तक सीमित नहीं रहेगा AI, स्टार्टअप से रिसर्च तक मिलेगा फायदा

Budget 2026 में सरकार ने AI को आम लोगों से जोड़ने का बड़ा प्लान पेश किया है. वित्त मंत्री ने साफ किया कि आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस का फायदा अब सिर्फ टेक कंपनियों तक सीमित नहीं रहेगा, बल्कि किसानों, महिलाओं और युवाओं की स्किल, रोजगार और कमाई बढ़ाने के लिए इसका इस्तेमाल किया जाएगा.

AI.jpg

AI को आम लोगों तक पहुंचाने का रोडमैप. (Photo-News24 GFX)

विज्ञापन

Union Budget 2026: केंद्रीय वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने रविवार, 1 फरवरी को संसद में अपने 9वे बजट में टेक सेक्टर और आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) को लेकर कई अहम घोषणाएं की. वित्त मंत्री ने साफ कहा कि सरकार का मकसद AI को सिर्फ बड़ी टेक कंपनियों तक सीमित रखना नहीं है, बल्कि इसके फायदे किसानों, महिलाओं और युवाओं तक पहुंचाने के लिए ठोस रणनीति तैयार की गई है.

AI सबके लिए, सिर्फ कंपनियों के लिए नहीं

बजट भाषण के दौरान वित्त मंत्री ने कहा कि सरकार चाहती है कि AI का लाभ समाज के हर वर्ग तक पहुंचे. उनका कहना था कि AI किसानों, महिलाओं और युवाओं के लिए नए अवसर खोल सकता है. सरकार का फोकस AI के जरिए लोगों की स्किल बढ़ाने पर है, ताकि वे बदलते समय के साथ खुद को मजबूत कर सकें और बेहतर रोजगार हासिल कर सकें.

विज्ञापन

किसानों, महिलाओं और युवाओं को कैसे मिलेगा फायदा

सरकार ने बताया कि किसानों के लिए AI बेस्ड स्मार्ट एग्रीकल्चर, महिलाओं के लिए डिजिटल स्किल डेवलपमेंट और युवाओं के लिए नए टेक जॉब्स तैयार करने पर काम किया जा रहा है. AI की मदद से खेती को ज्यादा उत्पादक बनाना, महिलाओं को तकनीकी रूप से सक्षम करना और युवाओं को भविष्य की नौकरियों के लिए तैयार करना इस रणनीति का अहम हिस्सा है.

विज्ञापन

AI से स्किल, रोजगार और ग्रोथ को मिलेगा बूस्ट

वित्त मंत्री ने कहा कि अत्याधुनिक तकनीकें, खासकर AI, आने वाले समय में आर्थिक विकास को कई गुना बढ़ाने की क्षमता रखती हैं. सरकार AI आधारित स्किल डेवलपमेंट प्रोग्राम और ट्रेनिंग मॉडल को बढ़ावा दे रही है, ताकि लोग नई तकनीकों के साथ काम कर सकें. इसका मकसद लोगों की उत्पादकता बढ़ाना और उनकी कमाई के नए रास्ते खोलना है.

विज्ञापन

इंडिया AI मिशन और R&D पर जोर

AI इकोसिस्टम को मजबूत करने के लिए नेशनल रिसर्च फंड और R&D फंड के तहत India AI Mission को आगे बढ़ाने की घोषणा की गई है. इसका लक्ष्य देश में रिसर्च, कंप्यूटिंग क्षमता और इनोवेशन को बढ़ावा देना है, ताकि भारत वैश्विक स्तर पर टेक्नोलॉजी की दौड़ में पीछे न रहे.

विज्ञापन

इकोनॉमिक सर्वे ने भी दिखाई चुनौती और अवसर

बजट के साथ पेश आर्थिक सर्वेक्षण में कहा गया है कि भारत की AI सफलता इस बात पर निर्भर करेगी कि वह कंप्यूट पावर, बिजली, टैलेंट, पूंजी और रोजगार से जुड़ी चुनौतियों को कितनी कुशलता से संभालता है. सरकार इन सभी पहलुओं को ध्यान में रखकर नीति तैयार कर रही है.

विज्ञापन

टेक ग्रोथ के साथ संसाधन प्रबंधन भी जरूरी

वित्त मंत्री ने यह भी चेतावनी दी कि नई तकनीकें जहां उत्पादन और विकास को बढ़ाती हैं, वहीं पानी और ऊर्जा की मांग भी तेजी से बढ़ाती हैं. इसलिए सरकार का फोकस अब टेक्नोलॉजी और रिसर्च के साथ साथ संसाधनों के संतुलित इस्तेमाल पर रहेगा, ताकि विकास न सिर्फ तेज हो, बल्कि टिकाऊ और समावेशी भी बने.

विज्ञापन

विज्ञापन

न्यूज 24 पर पढ़ें देश,राष्ट्रीय समाचार (National News),खेल,मनोरंजन,धर्म,लाइफ़स्टाइल,हेल्थ,शिक्षा से जुड़ी हर खबर। ब्रेकिंग न्यूज और लेटेस्ट अपडेट के लिए News 24 App डाउनलोड कर अपना अनुभव शानदार बनाएं।

First published on:

और पढ़ें: हमारे संपादकीय दिशानिर्देश और मानक यहाँ देखें।

लेख समाप्त

लेखक के बारे में

Mikita Acharya

Mikita Acharya

मिकिता आचार्य News24 में ऑटो एंड टेक राइटर हैं. पत्रकारिता में उन्हें 6 साल से ज्यादा का अनुभव है. मूल रूप से मध्यप्रदेश के राजगढ़ जिले की रहने वाली मिकिता ने इंदौर के देवी अहिल्या विश्वविद्यालय के स्कूल और जर्नलिज्म एंड मास कम्यनिकेशन (SJMC, DAVV) से मास्टर्स इन जर्नलिज्म किया है. वहीं श्री वैष्णव इंस्टीट्यूट से इंफॉर्मेशन टेक्नोलॉजी, इंदौर से बीएससी की डिग्री ली है. अपने करियर की शुरुआत मिकिता ने 2019 में ईटीवी भारत, हैदराबाद से की, जहां उन्होंने कई ऑटो, टेक के अलावा न्यूज के लिए कॉटेंट लिखा. इसके बाद दैनिक भास्कर सब-एडिटर के तौर पर उन्होंने न्यूज के साथ इन्वेस्टिगेटिव जर्नलिज्म के लिए भी काम किया. साइंस बैकग्राउंड होने की वजह से ऑटोमोबाइल और टेक्नोलॉजी से जुड़ी खबरें लिखने में मिकिता की गहरी रूचि है. News24 में इस पद पर रहते हुए वे ऑटो और टेक्नोलॉजी से जुड़ी प्रोडक्ट लॉन्च, इंडस्ट्री ट्रेंड्स और रिव्यूज पर रोजाना लेख लिख रही हैं. मिकिता ने ऑटो और टेक से जुड़े कई बड़े इवेंट में ग्राउंड रिपोर्टिंग भी की है. वह ऑटो और टेक इंडस्ट्री से जुड़े एक्सपर्ट्स के संपर्क में रहती हैं. कितने साल का अनुभव: 6+ योग्यता : SJMC, DAVV से जर्नलिज्म एंड मास कम्युनिकेशन में मास्टर्स श्री वैष्णव इंस्टीट्यूट से इंफॉर्मेशन टेक्नोलॉजी में बीएससी पिछला अनुभव: दैनिक भास्कर, ETV भारत
... और पढ़ें

/ताज़ा खबरें

विज्ञापन
होम पेज पर वापस जाएँ