AC Blast Reasons: हाल ही में ग्रेटर नोएडा वेस्ट स्थित आस्था ग्रीन सोसायटी में एयर कंडीशनर में धमाका से आग लगने की खबर सामने आई और उस कमरे में 8 साल और 4 महीने की बच्ची खेल रही थी। जबकि, बाहर के कमरे में बच्चों की मां थी। इस हादसे में जनहानि नहीं हुई है लेकिन अगर एयर कंडीशनर ब्लास्ट के मामलों पर गौर किया जाए तो ये पिछले सालों में बढ़ते जा रहे हैं। गर्मियों की शुरुआत के साथ अलग-अलग जगह पर AC ब्लास्ट के मामलों की लाइन लग जाती है।
एक रिपोर्ट के अनुसार उत्तर प्रदेश के नोएडा में दो महीने के अंदर में 17 जगह एयर कंडीशनर में धमाका हुआ है। वहीं, अगर पिछले साल की बात करें तो सिर्फ ग्रेटर नोएडा में ही करीब 230 एयर कंडीशनर में धमाका हुआ था। कुछ सालों में एसी ब्लास्ट के मामले कम नहीं बल्कि बढ़ते ही जा रहे हैं और आमतौर पर धमाका या आग लगने की वजह एक जैसी ही बताई जाती है। आइए जानते हैं कि एयर कंडीशनर में धमाका क्यों होता है? साथ ही किन बातों का ध्यान रखना सभी के लिए जरूरी है।
क्यों होता है एयर कंडीशनर में धमाका?
1. एयर कंडीशनर में धमाके की वजह लापरवाही है, जो हम अक्सर कर देते हैं। बिना स्टेबलाइजर के एसी का इस्तेमाल करने लगते हैं जोकि सही नहीं है और एसी चलने के दौरान बिजली पर अधिक भार डालता है।
2. सही वायरिंग न होने से भी एयर कंडीशनर में धमाका हो सकता है। शॉर्ट सर्किट से ब्लास्ट के कई मामले देखें गए हैं।
3. अधिक समय तक एसी का इस्तेमाल करना भी एसी ब्लास्ट की वजहों में से एक है। हद से ज्यादा एसी चलाने पर कंप्रेसर ओवरहीट हो जाता है और फिर उसमें खराबी होने लगती है जो ब्लास्ट या आग लगने की वजह भी बन जाता है।
4. इसके अलावा गैस लीकेज भी एसी में आग लगने की वजह है। ध्यान न देने पर गैस लीक होने से चिंगारी या आग लगने का खतरा रहता है जिससे धमाका भी हो सकता है।
5. खराबी दिखने पर भी सर्विसिंग न करवाना भी एसी में ब्लास्ट की वजह है। अगर एसी से गर्म हवा आ रही है या अजीब सी हवा आ रही है तो तुरंत एसी सर्विस के लिए संपर्क करना चाहिए।
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किन बातों का ध्यान रखना जरूरी
सही वायरिंग और प्लग पॉइंट:- एयर कंडीशनर के लिए सही वायरिंग का इस्तेमाल करें। सिर्फ इतना ही नहीं, प्लग पॉइंट भी वो ही इस्तेमाल करें जो अधिक वोल्टेज का भार उठाने में सक्षम होता है। डेडिकेटेड पावर सॉकेट का यूज करना बहुत जरूरी है।
स्टेबलाइजर का इस्तेमाल:- स्टेबलाइजर का उपयोग करना भी जरूरी है। बिजली संचार के लिए एसी के साथ एयर कंडीशनर का इस्तेमाल सही रहता है। इस यूज वोल्टेज फ्लक्चुएशन से बचने के लिए सही होता है।
टर्बो मोड का इस्तेमाल करें कम:- अक्सर लोग टर्बो मोड पर एसी चलाते हैं और घंटों तक इसी मोड के साथ एयर कंडीशनर चल रहा होता है जोकि सही नहीं है। लंबे समय तक टर्बो मोड में एयर कंडीशनर चलाने से उसमें हीटिंग की समस्या होने लगती है।
ओवरलोडिंग से रहें दूर:- घंटों तक लगातार एयर कंडीशनर को न चलाएं। कोशिश करें कि बीच-बीच में AC को बंद कर दें। एक बार कमरा ठंडा हो जाए तो एयर कंडीशनर को बंद कर दें। घंटों तक चलाने से हीटिंग की समस्या हो सकती है और वो फट सकता है।
आपात स्थिति में क्या करें?
अगर एयर कंडीशनर से जलने की गंध आए, अजीब आवाज सुनाई दे या फिर धुआं निकलता हुई दिखाई दे तो ये एक आपात स्थिति हो सकती है और ऐसे में जरूरी है कि आप तुरंत एयर कंडीशनर को बंद कर दें। इसके अलावा मेन स्विच से पावर कट कर दें। साथ ही उस कमरे से बाहर निकल जाएं। इलेक्ट्रिशियन के अलावा एसी सर्विस करने वाले से भी संपर्क करें।
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