Yodha
विज्ञापन

पिता की सीख, सिस्टम की मार और खून में कुछ कर गुजरने का जज्बा, ऐसे ही एक फौजी नहीं बनता 'योद्धा'

Yodha: जब एक आम इंसान ‘वर्दी’ पहनता है, तो वो उसके लिए सिर्फ वर्दी नहीं होती बल्कि उसका, उसके परिवार और उसके देश का सम्मान होती है। एक ‘जवान’ सिस्टम की मार झेलता है और जब वो टूट रहा होता है तो असल में वो और भी मजबूत हो रहा होता है और यही सिस्टम की मार उसे बना देती है एक फौजी से ‘योद्धा’।

नैन्सी तोमर,

Yodha: जब एक आम इंसान ‘वर्दी’ पहनता है, तो वो उसके लिए सिर्फ वर्दी नहीं होती बल्कि उसका, उसके परिवार का और उसके देश का सम्मान होती है। फिर चाहे वो कोई भी ‘योद्धा’ क्यों ना हो? आज सिनेमाघरों में सिद्धार्थ मल्होत्रा की फिल्म ‘योद्धा’ रिलीज हुई। इस फिल्म को लोगों ने पसंद किया और नापसंद भी। लोगों ने अपने हिसाब से फिल्म को रेटिंग दी, लेकिन बात अगर इस फिल्म की कहानी की करें तो इसमें सच ही दिखाया गया है कि कैसे एक ‘जवान’ सिस्टम की मार झेलता है और जब वो टूट रहा होता है तो असल में वो और भी मजबूत हो रहा होता है और यही सिस्टम की मार उसे बना देती है एक फौजी से ‘योद्धा’।

विज्ञापन

 

View this post on Instagram

 

A post shared by Sidharth Malhotra (@sidmalhotra)

हम रिस्क नहीं ले सकते

एक वो फौजी जो देश के लिए अपनी जान दे देता है और अपने बच्चे को भी देश के लिए जीना-मरना सिखाता है, लेकिन समय के आगे किसकी चलती है और अपने देश के लिए वो फौजी अपनी जान दे देता है, लेकिन अपने पीछे छोड़ जाता है वो अपना ‘योद्धा’। अपने पिता की दी गई सीख पर आगे बढ़ता है अरुण कट्याल। हमेशा अपने देश के लिए ईमानदार और अपनी जान देने वाला एक फौजी, जिसने एक ‘हाईजैक’ प्लेन को बचाने के लिए वो सब किया जो उसे करने के लिए कहा गया, लेकिन हालात कंट्रोल में होते हुए भी एक अकेले ‘फौजी’ को अकेला छोड़ दिया जाता है, सिर्फ ये कहकर कि नहीं नहीं… हमें और टाइम चाहिए, हम रिस्क नहीं ले सकते। इसका नतीजा ये होता है कि देश को बड़ी शर्मनाक चोट का सामना करना पड़ता है और वो होती है भारतीय साइंटिस्ट की मौत, जो हाईजैकर्स कर देते हैं।

 

View this post on Instagram

 

A post shared by Sidharth Malhotra (@sidmalhotra)

विज्ञापन

कानून, आदेश और बड़ी-बड़ी बातें

अब इस पूरी घटना का ठीकरा आता है ‘योद्धा’ यानी अरुण कट्याल के सिर, क्योंकि उन्होंने आदेशों का पालन नहीं किया और वो हमेशा अपने हिसाब से काम करना चाहते हैं, लेकिन कोई उसे सिचेएशन में जाकर नहीं सोचता, जिसमें कोई भी फौजी उस टाइम रहा होगा। सब कानून, आदेश और बड़ी-बड़ी बातें करके एक ‘योद्धा’ के हौंसले को तोड़ने का काम करते हैं और नतीजा ये होता है कि उन्हें या तो सस्पेंड कर दिया जाता है या फिर उनका तबादला।

 

View this post on Instagram

 

A post shared by Sidharth Malhotra (@sidmalhotra)

विज्ञापन

आगे बढ़ता रहा ‘योद्धा’ 

अब जब कोई भी फौजी अपनी जी-जान लगाकर भी सम्मान ना पा सके, तो ना सिर्फ उसका मनोबल टूटेगा बल्कि उसकी निजी जिंदगी पर भी इसका असर होगा, जो अरुण कट्याल के साथ हुआ। अपने पिता की कही बातें और उनके बताए रास्ते पर चलते हुए एक बार फिर ‘योद्धा’ आगे बढ़ता है और फिर से शुरुआत करता है, लेकिन नतीजा ये होता है कि अब जो देश को बचाने का काम कर रहा होता है उसे ही देश का दुश्मन बनाकर सबके सामने पेश कर दिया जाता है, लेकिन भारतीय फौजी है… इतनी जल्दी कैसे हार मानेगा।

 

View this post on Instagram

 

A post shared by Sidharth Malhotra (@sidmalhotra)

विज्ञापन

असली हीरो तो ‘योद्धा’

हिम्मत टूटना तो दूर-दूर तक नहीं जानता…. इसलिए एक बार फिर उसी पुराने हालातों के साथ ‘योद्धा’ आगे बढ़ता है और ना सिर्फ खुद का साबित करता है बल्कि अपने मुल्क और अपनी इज्जत को सबके सामने साबित कर देता है। फिल्म ‘योद्धा’ में अरुण कट्याल ने बेहद शानदार तरीके से दुश्मनों को छठी का दूध याद दिलाया और अपना खोया हुआ सम्मान वापस पाया। क्योंकि इस फिल्म का असली हीरो तो ‘योद्धा’ ही है।

विज्ञापन

न्यूज 24 पर पढ़ें देश,राष्ट्रीय समाचार (National News),खेल,मनोरंजन,धर्म,लाइफ़स्टाइल,हेल्थ,शिक्षा से जुड़ी हर खबर। ब्रेकिंग न्यूज और लेटेस्ट अपडेट के लिए News 24 App डाउनलोड कर अपना अनुभव शानदार बनाएं।

First published on:

और पढ़ें: हमारे संपादकीय दिशानिर्देश और मानक यहाँ देखें।

लेख समाप्त

लेखक के बारे में

Nancy Tomar

Nancy Tomar

नैन्सी तोमर News24 Bag Convergence में सीनियर सब एडिटर के पद पर कार्यरत हैं और एक डिजिटल पत्रकार हैं. नैन्सी मुख्य रूप से एंटरनेटमेंट बीट (मनोरंजन) की खबरें लिखती हैं. नैन्सी ने साल 2022 में हिमगिरी जी यूनिवर्सिटी से बैचलर ऑफ जर्नलिज्म एंड मास कम्युनिकेशन (BVJMC) की डिग्री हासिल की है. पत्रकारिता की पढ़ाई के दौरान ही नैन्सी ने जी मीडिया में काम शुरू कर दिया था, जहां पर उन्हें न्यूजरूम, डिजिटल न्यूज रिपोर्टिंग, सोशल मीडिया और कंटेंट लेखन का अनुभव मिला है. नैन्सी टीवी एक्ट्रेस अविका गौर, हर्षवर्धन राने, इनरान जैद, सिंगर अली जावेद समेत फिल्म और टीवी से जुड़ी कई हस्तियों का इंटरव्यू कर चुकी हैं. वह टीवी, बॉलीवुड से लेकर भोजपुरी और साउथ सिनेमा से जुड़ी खबरें लिखती हैं. पत्रकारिता में अनुभव: 7 साल डिग्री: हिमगिरी जी यूनिवर्सिटी से बैचलर ऑफ जर्नलिज्म एंड मास कम्युनिकेशन (BVJMC) की डिग्री हासिल की है. पिछला अनुभव: नैन्सी न्यूज24 से पहले जी न्यूज में मनोरंजन की खबरें लिखती थीं. अपने प्रोफेशनल सफर में उन्होंने टीवी, सोशल मीडिया, डिजिटल मीडिया और यू्ट्यूब पर 'विरासत' जैसा शो भी किया है. विशेषज्ञता और फोकस नैन्सी तोमर को मनोरंजन की खबरों की अच्छी समझ है. नैन्सी मनोरंजन की खबरों के लिए फिल्मी हस्तियों के सोशल मीडिया प्रोफाइल पर नजर बनाए रखती हैं.
... और पढ़ें

/ताज़ा खबरें

विज्ञापन
होम पेज पर वापस जाएँ