Ration Card Holders: राशन कार्ड धारकों को अब मुफ्त गेहूं, चना और चावल नहीं मिलेगा क्योंकि सरकार गलत तरीके से बनवाए गए राशन कार्ड धारकों को यह सुविधा देना बंद कर देगी। सरकार के मुताबिक, कई लोगों ने गलत जानकारी देकर कार्ड बनवाया, जिनका भोजन वितरण बंद कर हो रहा है। फिलहाल सरकार करीब 10 लाख ऐसे राशन कार्डों को रद्द करने की योजना बना रही है, जिनकी पहचान विभाग ने देशभर से की है। समीक्षा प्रक्रिया अभी जारी है इसलिए आने वाले दिनों में संख्या बढ़ने की संभावना है। अभी पढ़ें Post Office MIS: पोस्ट ऑफिस की धांसू योजना! 10 साल से ऊपर के बच्चों का खुलवाएं खाता, हर महीने मिलेंगे 2500 रुपये

80 करोड़ लोग उठा रहे हैं फायदा, लेकिन...

वर्तमान में 80 करोड़ से अधिक भारतीय नागरिक राशन कार्ड धारक होने का लाभ उठा रहे हैं, जिनमें से एक करोड़ से अधिक लाभार्थी इस योजना के पात्र नहीं हैं। सरकार द्वारा चिन्हित 10 लाख लाभार्थियों को अब मुफ्त गेहूं, चना और चावल नहीं मिलेगा। सरकार ने अपात्र राशन कार्डधारियों की सूची स्थानीय राशन डीलरों को भिजवाने के निर्देश दिये हैं जो फर्जी लाभार्थियों के नाम चिन्हित करेंगे और ऐसे कार्डधारकों की रिपोर्ट जिला मुख्यालय भिजवाने के निर्देश दिये हैं। जानकारी की समीक्षा करने के बाद विभाग ऐसे लाभार्थियों के राशन कार्ड रद्द कर देगा। NFSA के अनुसार, आयकर देने वालों को राशन कार्ड के स्वामित्व से हटा दिया जाएगा। इसके अलावा 10 बीघे से अधिक जमीन वाले लोगों को राशन कार्ड का लाभ नहीं मिलेगा। अभी पढ़ें –  Post Office MIS: पोस्ट ऑफिस की धांसू योजना! 10 साल से ऊपर के बच्चों का खुलवाएं खाता, हर महीने मिलेंगे 2500 रुपये

उत्तर प्रदेश में होता है सबसे ज्यादा दुरुपयोग

सरकार ने कुछ ऐसे लोगों की भी पहचान की है जो मुफ्त में राशन बेचकर अवैध कारोबार चला रहे हैं। उनके खिलाफ भी कार्रवाई की जाएगी। सूत्रों ने बताया कि राशन कार्ड का सबसे ज्यादा दुरुपयोग उत्तर प्रदेश में होता है। अभी पढ़ें  बिजनेस से जुड़ी खबरें यहाँ पढ़ें