हमारे साथ जुड़ें X IG YT FB
Trending: Tiger ShroffCJP ProtestGyanesh KumarBigg Boss 20

सर्विस सेक्टर की ग्रोथ में आई गिरावट, 26 महीने के निचले स्तर पर पहुंचा PMI इंडेक्स

India services PMI: मांग में कमी सहित कुछ अन्य प्रमुख कारणों के चलते देश के सर्विस सेक्टर के विकास की रफ्तार पहले के मुकाबले धीमी पड़ी है। हालांकि, इसके जल्द ट्रैक पर लौटने की भी संभावना है।

विज्ञापन

India’s Services Sector: देश के सर्विस सेक्टर की ग्रोथ में कमी आई है। एचएसबीसी इंडिया सर्विसेज पीएमआई डेटा के अनुसार, जनवरी 2025 में भारत के सेवा क्षेत्र में वृद्धि की रफ्तार पिछले दो सालों के मुकाबले सबसे सुस्त रही है। ऐसा नए बिजनेस की ग्रोथ में कमजोरी और डिमांड में कमी के चलते हुआ है। हालांकि, जॉब क्रिएशन में उल्लेखनीय वृद्धि देखी गई और लागत दबाव बढ़ने के बावजूद कारोबारी भावना सकारात्मक रही है।

खो दी विकास की गति

एचएसबीसी के मुख्य भारत अर्थशास्त्री प्रांजुल भंडारी का कहना है कि भारत के सर्विस सेक्टर ने जनवरी में विकास की गति खो दी, हालांकि पीएमआई 50-ब्रेकईवन स्तर से काफी ऊपर रहा। उन्होंने बताया कि व्यावसायिक गतिविधि और न्यू बिजनेस PMI इंडेक्स क्रमशः नवंबर 2022 और नवंबर 2023 के बाद से अपने सबसे निचले स्तर पर आ गए हैं। इसके बावजूद, नए निर्यात कारोबार ने आंशिक रूप से गिरावट का मुकाबला किया और 2024 के अंत में गिरावट से उबरना जारी रखा, जो आधिकारिक आंकड़ों के अनुरूप है। इसमें दिखाया गया है कि दिसंबर में भारत के सेवा निर्यात में तेजी आई और उसे वैश्विक व्यापार का बड़ा हिस्सा हासिल हुआ।

जारी रहेगा विस्तार

प्रांजुल भंडारी ने कहा कि घरेलू मांग अभी भी बनी हुई है और ग्लोबल सर्विस बिजनेस में उछाल आया है। ऐसे में विश्लेषकों को उम्मीद है कि निकट भविष्य में इस क्षेत्र में विस्तार बना रहेगा। HSBC इंडिया सर्विसेज PMI बिजनेस एक्टिविटी इंडेक्स दिसंबर में 59.3 से गिरकर जनवरी में 56.5 पर आ गया, जो नवंबर 2022 के बाद से इसका सबसे निचला स्तर है।

यह भी पढ़ें – खत्म हो जाएगा Bitcoin का वजूद? क्रिप्टोकरेंसी को लेकर सामने आई होश उड़ाने वाली भविष्यवाणी

इससे मिले अच्छे संकेत

भले ही सर्विसेज PMI इंडेक्स में कमी आई है, लेकिन यह 50-ब्रेक ईवन स्तर से काफी ऊपर रहा है, जो इस क्षेत्र में निरंतर वृद्धि का संकेत है। PMI डेटा के अनुसार, घरेलू ऑर्डर में कमी के बावजूद अंतरराष्ट्रीय बिक्री पांच महीनों में सबसे तेज गति से बढ़ी, जिसमें एशिया, यूरोप, मध्य पूर्व और अमेरिका से मांग मजबूत हुई। वहीं, भारत के सेवा क्षेत्र में रोजगार सृजन में सकारात्मक तेजी देखी गई। दिसंबर 2005 के बाद से इन सेक्टर में सबसे तेज हायरिंग रिकॉर्ड हुई है।

मैन्युफैक्चरिंग में आया उछाल

देश के निजी क्षेत्र के उत्पादन में भी गति कम देखने को मिली है. एचएसबीसी कंपोजिट आउटपुट इंडेक्स दिसंबर में 59.2 से जनवरी में 14 महीने के निचले स्तर 57.7 पर पहुंच गया है। हालांकि, मैन्युफैक्चरिंग के लिहाज से जनवरी अच्छा गया है। देश की फैक्ट्रियों में जनवरी में जमकर उत्पादन हुआ, जिसके चलते HSBC इंडिया मैन्युफैक्चरिंग PMI इंडेक्स जनवरी में बढ़कर 57.7 पर पहुंच गया।

संबंधित खबरें

न्यूज 24 पर पढ़ें देश, राष्ट्रीय समाचार (National News), खेल, मनोरंजन, धर्म, लाइफ़स्टाइल, हेल्थ, शिक्षा से जुड़ी हर खबर। ब्रेकिंग न्यूज और लेटेस्ट अपडेट के लिए News 24 App डाउनलोड कर अपना अनुभव शानदार बनाएं।

First published on:

Know More: Editorial Guidelines

लेख समाप्त

ताज़ा खबरें