GST Council Meeting New Tax Slabs: वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण की अध्यक्षता में GST की 55वीं बैठक हुई। राजस्थान के जैसलमेर में हुई इस बैठक के दौरान कई बड़े फैसले लिए गए हैं। जहां पॉपकॉर्न पर कई तरह के टैक्स लगाए गए हैं तो वहीं चावल की कीमत से लेकर बीमा और इलेक्ट्रिक वाहनों के टैक्स स्लैब में भी बदलाव देखने को मिला है। तो आइए जानते हैं GST की इस मीटिंग के बाद देश में कौन सी चीजें सस्ती होने वाली हैं और किन चीजों पर GST की गाज गिर सकती है।
पॉपकॉर्न पर लगे 3 टैक्स
2023 में पॉपकॉर्न का बिजनेस 1200 करोड़ रुपए था। ऐसे में GST काउंसिल ने पॉपकॉर्न पर 3 तरह के टैक्स लगाने की मंजूरी दे दी है। यह टैक्स पॉपकॉर्न के फ्लेवर पर लगेंगे। GST काउंसिल के अनुसार नमक और मसाले वाले नॉन लेबल्ड पॉपकॉर्न र 5 % का टैक्स लगेगा। वहीं नमक और मसाले वाले जिन पॉपकॉर्न पर लेबल लगा होगा, उनका GST रेट 12 % होगा। इसके अलावा शुगर फ्लेवर वाले कारमेल पॉपकॉर्न पर 18 % GST लगेगा।
सैकेंड हैंड EVs पर बढ़ा GST
GST काउंसिल की बैठक में इलेक्ट्रॉनिक वाहनों पर लगने वाले टैक्स में भी बदलाव किया गया है। नए इलेक्ट्रिक वाहनों पर GST की दर 5 प्रतिशत ही होगी, लेकिन इस्तेमाल किए गए EVs पर 18 प्रतिशत तक का GST लगाया जाएगा।
बीमा और फूड ऑर्डर को टाला
GST काउंसिल ने बीमा और फूड ऑर्डर पर लगने वाले टैक्स को कम करने की मांग टाल दी है। इस फैसले के बाद हेल्थ इश्योरेंस, लाइफ इंश्योरेंस, जोमैटो और स्विगी से खाना मंगाने पर लगने वाली टैक्स की दरें जस की तस रहेंगी। अभी इसमें कोई बदलाव नहीं किया गया है। वहीं होटलों और रेस्टोरेंट पर भी 18% का GST चलता रहेगा।
क्या-क्या हुआ सस्ता?
GST काउंसिल ने फोर्टिफाइड चावल पर टैक्स घटाकर 5 % कर दिया है। वहीं जीन थेरेपी को टैक्स फ्री कर दिया गया है। इसके अलावा ऐश वाले ACC ब्लॉकों पर GST की दर 18% से घटाकर 12% कर दी गई है।