Flop Cars in India 2025: साल 2025 अपने आखिरी पड़ाव पर पहुंच चुका है. चंद दिनों के सफर के साथ यह साल खत्म हो जाएगा. 2025 ऑटोमोबाइल इंडस्ट्री को कई सुनहरी यादें देकर जा रहा है. हालांकि, कुछ कंपनियों और उनके मॉडल के लिए यह साल काफी निराशाजनक रहा. नीचे हम बताते हैं कि 2025 में किन-किन कारों ने बिकवाल के मामले में निराश किया, यानी वो मॉडल जो सबसे कम बिकी और जिन्हें “फ्लॉप” कहा जा सकता है.
2025 में भारत में सबसे कम बिकने वाली 20 कारें
1. Maruti Suzuki Ciaz
2025 में यह सेडान बाजार से लगभग गायब रही. कई महीनों में इसकी बिक्री शून्य या सिंगल-डिजिट रही.
साल की पहली छमाही में बहुत सीमित बिक्री के साथ यह भारत की सबसे बड़ी फ्लॉप कारों में शामिल रही. अपडेट न मिलने से ग्राहक दूर हुए.
कम रेंज, कमजोर नेटवर्क और भरोसे की कमी के कारण यह EV ग्राहकों को अट्रैक्ट नहीं कर पाई.
महंगी कीमत और सीमित चार्जिंग सपोर्ट के कारण 2025 में इसकी बिक्री कई महीनों शून्य रही.
फुल-हाइब्रिड होने के बावजूद ज्यादा कीमत के कारण यह मॉडल बाजार में नहीं चल पाया.
लग्जरी MPV होने के कारण यह बहुत सीमित खरीदारों तक सिमट गई.
ब्रांड पावर होने के बावजूद कीमत और मेंटेनेंस कॉस्ट के कारण बिक्री बेहद कमजोर रही.
ऑफ-रोड SUV होने के बावजूद भारत में इसकी उपयोगिता सीमित रह गई.
लग्जरी सेडान सेगमेंट 2025 में गिरावट में रहा और इसका असर A8L पर भी पड़ा.
ज्यादा कीमत और SUV की ओर शिफ्ट हो रहे कस्टमर के कारण इसकी बिक्री प्रभावित रही और ये कार ज्यादा नहीं बिक पाई
11. Mercedes-Benz S-Class
इस कार की लगातार चौथे साल बिक्री घटी और 2025 में यह सिर्फ सीमित यूनिट्स तक सिमट गई.
सेडान सेगमेंट के मरते बाजार में यह मॉडल भी टिक नहीं पाया.
SUV होते हुए भी कीमत और फीचर-वैल्यू मैच न करने से ग्राहक नहीं मिले.
बड़ा ब्रांड न बन पाने और सीमित सर्विस नेटवर्क की वजह से ग्राहक दूर रहे.
इंपोर्टेड मॉडल होने के कारण कीमत बहुत ऊपर रही और बिक्री नगण्य रही.
EV होने के बावजूद प्रीमियम टैग ने इसे सीमित वर्ग तक ही रोक दिया.
मार्केटिंग की कमी और ब्रांड पहचान की कमी से बिक्री लगातार गिरी.
हाइब्रिड सेडान होने के बावजूद कीमत और SUV ट्रेंड ने इसे पीछे कर दिया.
नई इलेक्ट्रिक लाइन-अप और मजबूत कॉम्पिटिशन के बीच यह EV दब गई.
20. Hyundai Kona Electric
यह EV अब टेक्नोलॉजी और रेंज दोनों में पीछे रह गई.
2025 में ये कार-मॉडल क्यों फेल हुए?
- सेगमेंट बदला: भारत में अब सेडान, MPV या बड़े लग्जरी सेडान की तुलना में SUV और कॉम्पैक्ट/हैचबैक/EV का ट्रेंड बढ़ा है. इसलिए सेडान-MPV मॉडल्स (जैसे Marazzo, Invicto, कुछ Renault/Honda मॉडल) पिछड़ गए.
- ज्यादा कीमत: कई प्रीमियम SUV या EV मॉडल्स (जैसे Kia EV6/EV9, Jeep, imported SUVs) की कीमत बहुत हाई थी और भारत में कीमत को लेकर हमेशा से विचार किया जता है इसलिए मांग कम रही.
- पुराना डिजाइन या फीचर्स की कमी: कुछ मॉडल लंबे समय से बाजार में थे और उन्हें नया अपडेट नहीं मिला, जिससे लोगों का इंट्रस्ट कम हुआ
- कम ब्रांड वैल्यू: कुछ विदेशी ब्रांड या EVs उनके सर्विस और चार्जिंग इनफ्रास्ट्रक्चर की कमी रही.
- लोगों की बदलती पंसद: जब EV, SUV और कॉम्पैक्ट सेगमेंट में नए वेरिएंट्स आए, तो पुराने मॉडल्स चाहे पॉपुलर हों या न हों-वो पीछे रह गए.
डिस्क्लेमर- ये जानकारी और लिस्ट में शामिल मॉडल्स उन रिपोर्ट्स, मंथली/क्वार्टरली Low selling आंकड़ों और FY2025 के ट्रेंड्स के आधार पर चुने गए हैं. कुछ मामलों में, पूरे साल का आंकड़ा उपलब्ध नहीं इसलिए उन्हें लगातार कम बिक्री या बाजार में मांग की कमी वाले मॉडल्स माना गया है.