Why car caught fire details in hindi: अकसर कार में आग लगने की घटनाएं सामने आती हैं। क्या आपने कभी सोचा है कि आखिर इन गाड़ियों में अचानक यह आग लगती क्यों है? दरअसल, आगे लगने के कई कारण हैं। पूर्वी दिल्ली के एक नामी कार सर्विस सेंटर के मैनेजर मांगे राम के अनुसार इंजन से ऑयल लीक होने पर आग लग सकती है। इसके अलावा इलेक्ट्रिक वायर में शॉर्ट सर्किट के बाद आग फैल जाती है। इन सब के अलावा टायर पुराने होने पर वह गर्म होकर फट जाते है इस स्थिति में भी कार आग की चपेट में आ सकती है। नीचे दी वीडियाे पर क्लिक कर देखें कार में आग लगने के कारण 

इंजन अधिक हीट होने लगता है

कार एक्सपर्ट कहते हैं अगर हम कार चलाते हुए छोटी-छोटी सावधानियां बरतें तो आग की चपेट में आने या किसी अन्य अनहोनी से बच सकते हैं। हमें कार की सर्विस सही समय पर करवानी चाहिए। सर्विस नहीं करवाने की स्थिति में इंजन ऑयल पुराना और गंदा हो जाता है। इससे इंजन अधिक हीट होने लगता है। जिससे यह रास्ते में कभी भी सीज होने या इसमें अचानक झटके से आग लगने का खतरा रहता है। सर्विस में देरी पर इंजन पर अतिरिक्त दबाव पड़ता है, इससे कार के पार्ट्स खराब होने का खतरा रहता है, जिससे कार की मेंटेनेंस पर अधिक खर्च होता है। ये भी पढ़ें-कार का सेंट्रल लॉक फंसने पर सीट बेल्ट का हुक आएगा काम, खिड़की के किनारों से करें शीशा तोड़ने की कोशिश आफटर मार्केट मॉडिफिकेशन आफटर मार्केट मॉडिफिकेशन में टायर, सीट कवर तो सही है। लेकिन कार के इंटीरियर में नई लाइटिंग, कार की हेडलाइट में हाई पावर बल्ब लगवाना गलत है। यह नए पार्ट्स आपकी कार में टेस्टड नहीं होते हैं। इन्हें लगवाने के समय फ्यूजबॉक्स से छेड़छाड़, वायर कटिंग आदि किया जाता है। जिससे इंजन पार्ट्स पर दबाव बनता है। कार में शॉर्ट सर्किट होने का खतरा बढ़ता है। इसी तरह आफटर मार्केट सीएनजी किट लगवाने पर कार में आग लगने का खतरा रहता है। बाहर से सीएनजी किट लगवाने पर कुछ साल बाद गैस लीक होने की परेशानी सामने आती है। इसके अलावा हादसा होने की स्थिति में सीएनजी कार में आग लगने के चांस ज्यादा होता है।