Snan Ka Time Niyam And Benefit : भारतीय संस्कृति और वैदिक परंपरा में स्नान-ध्यान और भजन-पूजा आदि सभी के नियम निर्धारित किए गए हैं। हिन्दू पौराणिक धर्मशास्त्रों की मानें तो सुबह और संध्याकाल पूजा के लिए उत्तम बताया जाता है।
वहीं दिन का समय धन कमाने और रात्रि का समय काम सेवन यानि मैथुन आदि क्रियाओं के लिए उत्तम माना जाता है। अर्थात चार प्रहर दिन और चारों प्रहर रात्रि मतलब दिन के 24 घंटों को धर्म, अर्थ, काम और मोक्ष की दृष्टि से अलग-अलग भागों में बांट दिया गया है।
साथ ही सभी बताया गया है कि किस समय व्यक्ति को क्या करना चाहिए। ऐसे ही प्रतिदिन नहाने का समय भी हमारे पौराणिक धर्म शास्त्रों में बताया गया है और कहा गया है कि समय निकल जाने के पश्चात कोई भी कार्य करना श्रेष्ठ नहीं हो सकता है। इसीलिए कहा गया है कि समय पर ही कार्य करना चाहिए।
धार्मिक ग्रंथों की मानें तो हमारे शास्त्रों में नहाने का भी समय निर्धारित है। तो आइए जानते हैं शास्त्रों के अनुसार हमें कब तक स्नान कर लेना चाहिए और किस समय स्नान करने का क्या फल हमें मिलता है।
मुनि स्नान का समय और फायदे
ब्रह्म मुहूर्त में किया गया स्नान सबसे उत्तम स्नान माना जाता है और कहा जाता है कि हमारे सभी महापुरुष इसी समय स्नान करते थे। ब्रह्म मुहूर्त में किया गया स्नान व्यक्ति को रोग-शोक से बचाता है और साथ ही ऐसे समय स्नान करने से व्यक्ति के हृदय में सकारात्मकता का भाव पैदा होने लगता है। इस स्नान को मुनि स्नान कहा जाता है और इस स्नान का समय सुबह चार बजे से पांच बजे के बीच होता है।
साथ ही दूसरे स्नान का समय पांच बजे से छह बजे के बीच होता है। इस स्नान को देव स्नान कहा जाता है। अगर आप मुनि स्नान नहीं कर सकते हैं तो आपको देव स्नान जरूर करना चाहिए। इस स्नान को करने से व्यक्ति को शांति, वैभव, सुख-समृद्धि आदि की प्राप्ति होती है।
वहीं तीसरा स्नान मानव स्नान होता है और इस स्नान का समय सुबह छह बजे से आठ बजे के बीच होता है और सभी लोग इस स्नान को करते हैं। इस स्नान को करने से भी बहुत लाभ मिलता है। साथ ही आठ बजे के बाद किए जाने वाले स्नान को शुभ स्नान नहीं माना जाता है और इस समय स्नान करने का व्यक्ति को कोई फल नहीं मिलता है।
डिस्क्लेमर: यहां दी गई जानकारी ज्योतिष पर आधारित है तथा केवल सूचना के लिए दी जा रही है।News24 इसकी पुष्टि नहीं करता है। किसी भी उपाय को करने से पहले संबंधित विषय के एक्सपर्ट से सलाह अवश्य लें।