Silver Wearing Rules: वैदिक ज्योतिष में चांदी का संबंध चंद्रमा और जल तत्व से माना गया है। यह धातु मन की शांति और भावनात्मक संतुलन से जुड़ी होती है। लेकिन हर राशि के लिए यह समान रूप से शुभ नहीं मानी जाती है। ज्योतिषाचार्य हर्षवर्द्धन शांडिल्य के अनुसार, अग्नि तत्व वाली राशियों पर इसका प्रभाव विपरीत होता है। इससे जीवन में उतार-चढ़ाव बढ़ने की संभावना रहती है। व्यक्ति अर्श से फर्श पर यानी आसमान से जमीन पर आ सकता है। आइए जानते हैं, ये राशियां कौन-सी हैं और चांदी धारण करने पर इनके साथ क्या दुष्परिणाम होते हैं?
इन राशियों नहीं पहनना चाहिए चांदी
मेष राशि
मेष राशि के जातकों के लिए चांदी पहनना लाभकारी नहीं माना जाता। इनका स्वामी मंगल है और यह अग्नि तत्व की राशि है। चांदी की शीतल ऊर्जा इनके स्वभाव में असंतुलन ला सकती है। इससे मानसिक दबाव और स्वास्थ्य से जुड़ी परेशानियां बढ़ सकती हैं।
सिंह राशि
सिंह राशि वालों के लिए भी चांदी शुभ नहीं मानी जाती। सूर्य इनका स्वामी है और यह भी अग्नि तत्व से जुड़ी राशि है। चांदी पहनने से आत्मविश्वास में कमी और आर्थिक उतार-चढ़ाव की स्थिति बन सकती है। निर्णय क्षमता पर भी असर पड़ सकता है।
धनु राशि
धनु राशि के जातकों को भी चांदी से बचने की सलाह दी जाती है। इनका स्वामी बृहस्पति है जो अग्नि तत्व से जुड़ा है। विशेष रूप से गले में चांदी धारण करना अनुकूल नहीं माना जाता। इससे कार्यों में बाधाएं और अस्थिरता बढ़ सकती है।
होते हैं ये दुष्परिणाम
ज्योतिष के अनुसार इन राशियों को चांदी धारण करने से आर्थिक असंतुलन की स्थिति बन सकती है। मेहनत के बाद भी धन संचय में कमी महसूस हो सकती है। पारिवारिक जीवन में तनाव और अनावश्यक विवाद बढ़ने की संभावना रहती है। कुछ मामलों में मानसिक बेचैनी भी बढ़ सकती है।
इनके लिए चांदी है लाभकारी
कर्क, वृश्चिक और मीन राशि के जातकों के लिए चांदी को शुभ धातु माना गया है। यह जल तत्व की राशियां हैं, जिन पर चंद्रमा का प्रभाव सकारात्मक होता है। चांदी इन लोगों के मन को शांत रखती है और भावनात्मक स्थिरता देती है। कार्यों में सफलता और मानसिक स्पष्टता बढ़ाने में भी यह सहायक मानी जाती है।
डिस्क्लेमर: यहां दी गई जानकारी ज्योतिष मान्यताओं पर आधारित है तथा केवल सूचना के लिए दी जा रही है. News24 इसकी पुष्टि नहीं करता है.