19 वर्षों तक पीछा करती है शनि की महादशा, खास उपाय करने से कभी नहीं आएगी दरिद्रता

Shani Mahadasha Upay: ज्योतिषीय गणना के अनुसार, शनि की महादशा 19 वर्षों तक चलती है। ऐसे में इस दौरान जातक को भयानक आर्थिक संकट से गुजरना पड़ता है। आइए जानते हैं इसके लिए ज्योतिष शास्त्र में बताए गए खास उपायों के बारे में।

Shani mahadasha

Shani mahadasha

Shani Mahadasha Upay: जीवन में हर शुभ-अशुभ कर्मों का फल देने वाले शनि देव हैं। कोई जातक धनवान होगा या निर्धन यह शनि देव उसके कर्मों के आधार पर तय करते हैं। ज्योतिषीय गणना के मुताबिक, शनि की महादशा 19 वर्षों तक चलती है। इस दौरान संबंधित जातक को कई बार घोर दरिद्रता का भी सामना करना पड़ता है। यही वजह है कि अक्सर लोग शनि का नाम सुनकर भयभीत हो जाते हैं। हालांकि जो न्यायप्रिय और सत्य का साथ देने वाले होते हैं, उन्हें शनि देव खूब ऐश्वर्य और सुख भी प्रदान करते हैं। ऐसे में आइए जानते हैं कि शनि की महादशा क्या होती है, कितने वर्षों तक चलती है और उसके दुष्प्रभाव से बचने के लिए क्या उपाय हैं।

विज्ञापन

शनि की दशा से कब होती है हानि

ज्योतिष शास्त्र की गणना के अनुसार, शनि उस स्थिति में सबसे अधिक नुकसान पहुंचाता है जब यह कुंडली के अशुभ भावों में स्थिति हो। ज्योतिष शास्त्र के जानकारों के मुताबिक, अगर शनि की सूर्य के साथ युति है और वह नीच राशि में है तो जातक को अत्यधिक आर्थिक नुकसान होता है। इस स्थिति में कई बार लोग घोर आर्थिक संकट का भी सामना करते हैं। इसके अलावा शनि से जुड़ी परेशानियां गलत आचरण, अनियंत्रित वाणी, बड़े-बुजुर्गों का निरादर करने और अनावश्यक नीलम धारण करने से भी होती है।

विज्ञापन

शनि कब बनाता है जातक को धनवान

ज्योतिष शास्त्र के अनुसार, अगर कुंडली में शनि अनुकूल स्थिति में है और तीसरे, छठे या 11वें भाव में बैठा है तो जातक आर्थिक रूप से मजबूर रहता है। इसके अलावा अगर शनि देव उच्च होकर अपने घर में बैठे हों तो भी जातक मालामाल हो सकता है। वहीं अगर शनि खास अनुकूल हो और शनि की महादशा, साढ़ेसाती या ढैय्या चल रही है तो जीवन में कभी भी पैसों की कमी नहीं होती। इतना ही नहीं, जो जातक अपने माता-पिता से रोज आशीर्वाद प्राप्त करता हो, भगवान शिव और श्रीकृष्ण का प्रिय भक्त हो तो ऐसे में भी आर्थिक हालात नहीं बिगड़ते।

विज्ञापन

शनि की महादशा के उपाय

शनि देव को प्रसन्न करना बहुत कठिन नहीं है। ऐसे में शनि देव को प्रसन्न करने के लिए शनिवार के दिन पीपल वृक्ष के नीचे सरसों तेल का चौमुखी दीप जलाएं। इतना करने के पश्चात् वृक्ष की कम से कम 3 बार परिक्रमा करें। फिर शनि के तांत्रिक मंत्र “ॐ प्रां प्रीं प्रौं सः शनैश्चराय नमः” का जाप करें। ध्यान रहे कि मंत्र जाप की संख्या कम से कम 108 होनी चाहिए। यह सब करने के बाद पूजन के अंत में किसी निर्धन व्यक्ति को सिक्के का दान करें।

डिस्क्लेमर: यहां दी गई जानकारी ज्योतिष पर आधारित है तथा केवल सूचना के लिए दी जा रही है। News24 इसकी पुष्टि नहीं करता है। किसी भी उपाय को करने से पहले संबंधित विषय के एक्सपर्ट से सलाह अवश्य लें।

विज्ञापन

न्यूज 24 पर पढ़ें देश,राष्ट्रीय समाचार (National News),खेल,मनोरंजन,धर्म,लाइफ़स्टाइल,हेल्थ,शिक्षा से जुड़ी हर खबर। ब्रेकिंग न्यूज और लेटेस्ट अपडेट के लिए News 24 App डाउनलोड कर अपना अनुभव शानदार बनाएं।

First published on:

और पढ़ें: हमारे संपादकीय दिशानिर्देश और मानक यहाँ देखें।

लेख समाप्त
विज्ञापन
होम पेज पर वापस जाएँ