Rama Ekadashi 2022: धनतेरस से दो और दिवाली से तीन दिन पहले आज रमा एकादशी का पावन व्रत है। इस दिन लोग व्रत रखकर भगवान विष्णु और माता पावर्ती की पूजा अर्चना करते हैं। मान्यता के मुताबिक इस दिन पूरी निष्ठा, सच्चे मन और विधि-विधान से जगत के पालन हार भगवान विष्णु और माता लक्ष्मी की आराधना करने से जातक की सभी मनोकामनाएं पूर्ण होती है।
रमा एकादशी का व्रत विधि पूर्वक रखने और पूजा करने से सभी प्रकार की आर्थिक दिक्कतें दूर होती हैं। जीवन में धन की यदि कमी है या फिर कर्ज आदि की समस्या से परेशान हैं तो रमा एकादशी का व्रत रखना लाभकारी माना गया है।
रमा एकादशी का व्रत हर साल कार्तिक मास के कृष्ण पक्ष की एकादशी को रखा जाता है। माता लक्ष्मी का एक नाम रमा भी है और इस एकादशी के दिन श्रीहरि भगवान विष्णु के साथ-साथ माता लक्ष्मी की पूजा की जाती है।
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रमा एकादशी पर शुक्रवार का संयोग और ब्रह्म-शुक्ल योग
शास्त्रों के मुताबकि, जब कोई एकादशी गुरुवार या शुक्रवार को पड़ती है तो इसका महत्व और भी बढ़ जाता है। हिंदू धर्म में गुरुवार का दिन भगवान विष्णु और शुक्रवार का दिन माता लक्ष्मी से जुड़ा है। गुरुवार को भगवान विष्णु और शुक्रवार को माता लक्ष्मी की खास पूजा अर्चना की जाती है। ऐसे में इस साल रमा एकादशी का शुक्रवार के दिन पड़ना काफी शुभ माना जा रहा है।
इसके साथ ही रमा एकादशी पर इस साल कई शुभ योग बन रहे हैं। राम एकादशी के दिन आज कार्तिक कृष्ण पक्ष की एकादशी के दिन सुबह से शुक्ल योग रहेगा और शाम 05 बजकर 46 मिनट पर समाप्त होगा। जबकि इसके बाद ब्रह्म योग प्रारंभ हो जाएगा। कहते हैं इन योग में किए गए कार्यों में सफलता हासिल होती है।
इस दिन शुक्ल योग सुबह से शाम 5:48 बजे तक है। तभी से ब्रह्म योग शुरू हो रहा है। ये दोनों योग शुभ माने जाते हैं। शुक्रवार के दिन रमा एकादशी के व्रत में भगवान विष्णु सहित मां लक्ष्मी की पूजा करें। इससे आपको भगवान विष्णु और मां लक्ष्मी की कृपा प्राप्त होगी। रमा एकादशी व्रत के फायदे के साथ-साथ शुक्रवार के व्रत का भी आपको लाभ मिलेगा।
रमा एकादशी के व्रत से खत्म हो जाते हैं सारे पाप
मान्यता के मुताबिक रमा एकादशी व्रत के प्रभाव से साधक के सभी पाप कर्म खत्म हो जाते हैं और उसे मोक्ष की प्राप्ति होती है। इस दिन सूर्योदय से पानी में तिल डालकर स्नान करने और संध्या काल में दीपदान करने से अपार धन, सुख-सौभाग्य और आरोग्य की प्राप्ति होती है।
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रमा एकादशी व्रत के फायदे
मान्यता के मुताबिक जो व्यक्ति विधि विधान से रमा एकादशी व्रत रखकर भगवान विष्णु और माता लक्ष्मी जी की पूजा करते हैं, उन्हें धन, वैभव और ऐश्वर्य की प्राप्ति होती है और उनपर माता लक्ष्मी की कृपा बनी रहती है। रमा एकादशी व्रत की कथा के मुताबिक राजकुमारी चंद्रभागा के पति शोभन ने जब रमा एकादशी व्रत किया था तो इस व्रत के पुण्य प्रभाव से उसे धन, संपत्ति, वैभव पूर्ण राज्य देवपुर प्राप्त हुआ था।
मान्यता के मुताबिक रमा एकादशी व्रत करने वाले व्यक्ति के ब्रह्म हत्या सहित सभी पाप मिट जाते हैं। भगवान श्रीकृष्ण ने बताया था कि रमा एकादशी व्रत करने वाला या रमा एकादशी व्रत कथा को सुनने वाला मृत्यु के बाद विष्णु लोक में स्थान प्राप्त करता है। वह पाप रहित हो जाता है।
(Disclaimer: यहां दी गई सभी जानकारियां सामाजिक और धार्मिक आस्थाओं पर आधारित हैं। न्यूज 24 इसकी पुष्टि नहीं करता है। इसके लिए किसी विशेषज्ञ की सलाह जरूर लें।)
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