Guru Vakri: 119 दिनों के लिए 3 राशियों को रहना होगा संभलकर, वक्री गुरु उड़ा सकते हैं रातों की नींद!

Guru Vakri: वैदिक ज्योतिष में शिक्षा, विवाह, संतान, धन-संपत्ति आदि के स्वामी ग्रह बृहस्पति 9 अक्टूबर 2024 से वक्री होकर उल्टी चाल चलने वाले हैं। देवगुरु के वक्री होने से 3 राशियों के जातकों के जीवन पर काफी नकारात्मक असर हो सकता है। आइए जानते हैं, ये 3 राशियां कौन-सी हैं?

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Guru Vakri: ज्योतिष शास्त्र में सबसे शुभ माने गए ग्रह बृहस्पति का शिक्षा, विवाह, संतान, धन-संपत्ति, धार्मिक काम, प्रतिष्ठा आदि पहलुओं से सीधा संबंध है। गुरु बृहस्पति की हर गतिविधि का इन सब पहलुओं पर व्यापक प्रभाव पड़ता है। 9 अक्टूबर 2024 को दोपहर 12 बजकर 33 मिनट से गुरु ग्रह वक्री होने वाले हैं और वे 119 दिनों तक इस अवस्था में रहकर उल्टी चाल चलेंगे। गुरु के वक्री होने का असर सभी राशियों पर पड़ेगा लेकिन 3 राशियों पर इसका बेहद नकारात्मक प्रभाव पड़ने की आशंका है। आइए जानते हैं, ये 3 लकी राशियां कौन-सी हैं?

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वक्री गुरु का राशियों पर असर

मिथुन राशि

गुरु ग्रह के वक्री होने से मिथुन राशि के जातकों के जीवन पर काफी नकारात्मक प्रभाव पड़ने की आशंका है। आय के नए स्रोत बनने में बाधाएं आ सकती हैं। निवेश से लाभ होने में देरी हो सकती है। नौकरी में वर्क प्लेस पर पर तनाव बढ़ सकता है। कलीग के साथ मतभेद हो सकते हैं। व्यापार में उतार-चढ़ाव आने के चांस हैं। नए व्यापारिक डील करने में मुश्किलें आ सकती हैं। मशीनरी में खराबी आने से उद्योग-धंधों में रुकावटें आ सकती हैं। स्टूडेंट जातकों का पढ़ाई में मन नहीं लगेगा। जीवनसाथी के साथ संबंधों में खटास आने की आशंका है।

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कन्या राशि

मिथुन राशि के जातकों के जीवन पर गुरु ग्रह के वक्री होने से प्रतिकूल असर हो सकता है। जहां एक ओर आपके खर्च बढ़ सकते हैं, वहीं आपकी आय में कमी आ सकती है। नौकरी में वर्क लोड बढ़ने से मानसिक तनाव बढ़ सकता है। व्यापार में नुकसान होने की आशंका है, वहीं उद्योग-धंधों में बाधाएं आ सकती हैं। स्टाफ से संबंधित समस्याएं हो सकती हैं। माल की गुणवत्ता को लेकर शिकायतें आ सकती हैं। स्टूडेंट जातकों की एकाग्रता में कमी आएगी। लव लाइफ और रिलेशनशिप में अविश्वास बढ़ सकता है।

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मकर राशि

मिथुन राशि के जातकों के लिए गुरु ग्रह का वक्री होना नकारात्मक साबित हो सकता है। आपके काफी प्रयास के बाद भी आमदनी के नए स्रोत बनने में देरी हो सकती है। निवेश से नुकसान होने की आशंका है। नौकरी में अधिकारियों से मतभेद हो सकते हैं। व्यापार में साझेदारी में समस्याएं आ सकती हैं। उद्योग-धंधे में कच्चे माल की उपलब्धता में समस्या हो सकती है। परिवार के सदस्यों के साथ मतभेद हो सकते हैं। मैरिड लाइफ में पार्टनर के साथ संबंधों में दूरियां बढ़ सकती हैं। स्वास्थ्य खराब रह सकता है। जोड़ों में दर्द होने की शिकायत बढ़ सकती है।

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डिस्क्लेमर: यहां दी गई जानकारी ज्योतिष शास्त्र की मान्यताओं पर आधारित है तथा केवल सूचना के लिए दी जा रही है। News24 इसकी पुष्टि नहीं करता है।

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लेखक के बारे में

Shyamnandan

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श्यामनंदन कुमार News24.com में चीफ सब-एडिटर के पद पर कार्यरत हैं. पत्रकारिता के क्षेत्र में 20 वर्षों से अधिक का अनुभव रखने वाले श्यामनंदन ज्योतिष, अंक शास्त्र, सामुद्रिक शास्त्र, पर्व-त्योहार सहित भारतीय धर्म-संस्कृति के जानकार पत्रकार हैं. उन्होंने पत्रकारिता में एम.ए. की पढ़ाई काशी हिन्दू विश्वविद्यालय (BHU) से की है और ज्योतिष का अध्ययन भारतीय विद्या भवन, नई दिल्ली से किया है. अपने पेशे में डिजिटल करियर की शुरुआत उन्होंने एनडीटीवी कन्वर्जेंन्स के साथ की. श्यामनंदन हिंदुस्तान टाइम्स, बंसल न्यूज (भोपाल) जैसे न्यूज प्लेटफॉर्म्स के साथ भी जुड़े रहे हैं. उन्होंने देश के प्रसिद्ध संतों के सत्संग और समागम की रिपोर्टिंग की है.
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