Angarak Yog 2024: वैदिक ज्योतिष शास्त्र के अनुसार, मीन राशि में इस समय छाया ग्रह राहु और ग्रहों के सेनापति मंगल देव विराजमान हैं। ज्योतिषियों के अनुसार, राहु और मंगल की युति से अंगारक योग का निर्माण हो गया है। अंगारक योग के निर्माण होने से कुछ राशियों को फूंक-फूंक कर कदम रखना होगा। ज्योतिषियों के अनुसार, मीन राशि में अंगारक योग 1 जून 2024 तक रहेगा। उसके बाद मंगल देव मीन राशि से निकलकर मेष राशि में प्रवेश कर जाएंगे। मंगल ग्रह जब मेष में प्रवेश करेंगे तो मीन राशि से अंगारक योग समाप्त हो जाएगा। यानी 1 जून तक 5 राशि वाले लोगों को संभलकर चलना होगा।
ज्योतिष शास्त्र के अनुसार, जिस राशि की कुंडली में अंगारक योग बन रहा है, उस राशि के लोगों को सबसे ज्यादा संभलकर चलना होगा। वरना किसी भी क्षेत्र में हानि हो सकती है। साथ ही इस योग के बनने से कुछ राशि के लोगों को दिक्कत हो सकती है। तो आज इस खबर में सबसे पहले अंगारक योग के बारे में जानेंगे साथ ही उन 5 राशियों के बारे में भी जानेंगे, जिन्हें 1 जून तक संभलकर रहना होगा।
कैसे बनता है अंगारक योग
वैदिक ज्योतिष शास्त्र के अनुसार, अंगारक योग किसी भी जातक की कुंडली में बन सकता है। जब राहु और मंगल एक साथ दोनों एक ही कुंडली में या राशि में बैठते हैं तो उस समय अंगारक योग बनता है। अंगारक योग का मतलब आग बबूला होना। ज्योतिषियों के अनुसार, जब किसी जातक की कुंडली में अंगारक योग बनता है तो उस व्यक्ति को किसी तरह की हानि पहुंचाता है। लेकिन यह जानना बेहद जरूरी है कि अंगारक योग कुंडली के किस भाव में बन रहा है। बता दें कि अंगारक योग हर समय नुकसान नहीं पहुंचाता है बल्कि कुछ परिस्थिति में लाभ भी पहुंचाता है।
ज्योतिषियों के अनुसार, यदि कुंडली में अंगारक योग बनता है तो इंसान को बहुत ज्यादा गुस्सा आता है। साथ ही व्यक्ति को कानूनी कामों में ज्यादा मन लगने लगता है। ऐसा इसलिए होता है, क्योंकि मंगल गुस्सा को बढ़ाने का काम करता है और राहु उस गुस्से को हिंसक बनाने में मदद करता है। इस बीच व्यक्ति का स्वभाव उग्र हो जाता है।
इन पांच राशियों को रहना होगा संभलकर
ज्योतिषियों के अनुसार, अगले कुछ दिन यानी 1 जून तक मीन, मकर, कुंभ, वृश्चिक और मेष राशि वाले लोगों को थोड़ा संभलकर रहना होगा। इस दौरान आपको ज्यादा गुस्सा आ सकता है। साथ ही आपके बने-बनाए कार्य बिगड़ सकते हैं। इस योग से मुक्ति पाने के लिए शनिवार को हनुमान जी के मंदिर में जाकर हनुमान जी पर पानी वाला नारियल अर्पित करें। साथ ही यदि आपसे संभव है तो रक्त दान भी कर सकते हैं। मान्यता है कि इन उपायों को करने से अंगारक योग का प्रभाव कम हो सकता है।
डिस्क्लेमर: यहां दी गई जानकारी ज्योतिष शास्त्र पर आधारित है तथा केवल सूचना के लिए दी जा रही है। News24 इसकी पुष्टि नहीं करता है।