Pakistan Attack : पाकिस्तान से एक बड़ी खबर सामने आई है। बलूचिस्तान के ग्वादर बंदरगाह पर अंधाधुंध फायरिंग और धमाके किए गए हैं। हालांकि, सुरक्षबलों ने मोर्चा संभालते हुए जवाबी कार्रवाई की, जिसमें दो बंदूकधारी ढेर हो गए हैं। ग्वादर पोर्ट पर चीन का पैसा लगा है। ऐसे में सवाल उठता है कि कहीं हमला करने का मकसद चीन का विरोध जताना तो नहीं था। अज्ञात हमलावर हाथ में बंदूक और बम लेकर बलूचिस्तान के ग्वादर पोर्ट के अंदर घुसे। उन्होंने पहले धमके करते हुए बंदरगाह और आसपास के इलाकों को दहला दिया। बताया जा रहा है कि बंदरगाह के अंदर स्थित बिल्डिंग में हमलावर घुस गए थे। इसके बाद हमलावरों ने गोलीबारी शुरू कर दी, जिससे पोर्ट के अंदर मौजूद कर्मियों में भगदड़ मच गई। यह भी पढ़ें : अमित शाह ने राहुल गांधी पर हफ्ता वसूली का क्यों कसा तंज? जानें क्या है मामला बलूचिस्तान लिबरेशन आर्मी ने हमले की ली जिम्मेदारी इस पर पोर्ट के सुरक्षाकर्मियों ने भी जवाबी कार्रवाई करते हुए फायरिंग की। इस गोलीबारी में दो बंदूकधारी मारे गए हैं। हालांकि, अभी तक हमलावरों की पहचान नहीं हो पाई है। मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, बलूचिस्तान लिबरेशन आर्मी ने इस घटना की जिम्मेदारी ली है। यह भी पढ़ें : बिहार का पुलिसवाला कैसे बना लालू का करीबी? शंभू यादव कौन? जो रह चुके हैं CM के बॉडीगार्ड ग्वादर पोर्ट से क्या है चीन का कनेक्शन अगर ग्वादर बंदरगाह की बात करें तो चीन पाकिस्तान आर्थिक कॉरिडोर (CPEC) परियोजना के तहत इसे विकसित किया जा रहा है। चीन और पाकिस्तान ने ग्वादर पोर्ट को लेकर एक समझौता किया है। इसके तहत दोनों देश इस बंदगाह का इस्तेमाल करेंगे और चीन निवेश भी करेगा। ग्वादर पोर्ट एक ऐसा बंदरगाह है, जो चीन के शिंजियांग क्षेत्र से जुड़ा हुआ है। हालांकि, शुरुआत में भारत ने सीपीईसी परियोजना का विरोध किया था।