Iran Navy War Practice: अमेरिका की घेराबंदी के बीच ईरान ने भी समुद्र में सेना उतारने का ऐलान कर दिया है. दरअसल, ईरान ने स्ट्रेट ऑफ होर्मुज में 2 दिवसीय नौसैनिक अभ्यास की घोषणा की है, जिसके बारे में पता लगने पर अमेरिका ने कहा है कि संभलकर किसी तरह का खतरनाक खेल अमेरिका बर्दाश्त नहीं करेगा. बता दें कि ईरान की इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड कोर (IRGC) को यूरोपीय यूनियन में आतंकी संगठन घोषित किया. इसके एक दिन IRGC खाड़ी में 2 दिन की लाइव फायर नेवी ड्रिल आयोजित करेगा.
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अमेरिका की IRGC से विशेष अपील
बता दें कि स्ट्रेट ऑफ होर्मुज इंटरनेशनल एनर्जी ट्रेड के लिए महत्वपूर्ण रास्ता है, जहां से प्रतिदिन औसतन 20-30 प्रतिशत कच्चे तेल की आवाजाही होती है. अमेरिकी सेंट्रल कमांड (CENTCOM) ने IRGC से अपील की है कि यह अभ्यास सुरक्षित तरीके से किया जाए और अंतरराष्ट्रीय समुद्री यातायात की स्वतंत्रता के लिए अनावश्यक जोखिम न पैदा हो. CENTCOM के अनुसार, इस जलडमरूमध्य से विश्व के प्रतिदिन लगभग 100 व्यापारी जहाज गुजरते हैं. इसलिए IRGC की कोई असुरक्षित एक्शन बर्दाश्त नहीं किया जाएगा.
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ट्रंप ने ईरान को दी हमले की धमकी
बता दें कि अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने गत 28 जनवरी 2026 को अपने ट्रुथ सोशल अकाउंट पर पोस्ट लिखकर ईरान को चेतावनी दी थी. राष्ट्रपति ट्रंप ने लिखा था कि ईरान की तरफ अमेरिका का बहुत बड़ा नौसैनिक बेड़ा (मैसिव अर्माडा) बढ़ रहा है और वेनेजुएला से भी बड़ा ऑपरेशन ईरान के खिलाफ चलाने की योजना है. अगर ईरान हमले से बचना चाहता है तो परमाणु डील करने के लिए टेबल पर आ जाए.
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अन्यथा हमला होगा, अमेरिका अपने टारगेट पूरे करने के बाद ही रुकेगा. वहीं ईरान ने कहा है कि वह अमेरिका के साथ एक टेबल पर बैठकर बातचीत करने के लिए तैयार है, लेकिन बात अपनी शर्तों पर करेंगे. सम्मान से और भला सोचते हुए डील करेंगे. अगर फायदा नहीं दिखा तो डील नहीं करेंगे. वहीं अगर अमेरिका हमला करेगा तो जवाबी कार्रवाई के लिए ईरान की सेना भी तैयार है और मुंहतोड़ जवाब दिया जाएगा.