Pran Pratishtha Invitation Card Grammatical Mistakes: राम मंदिर अयोध्या में रामलला के प्राण प्रतिष्ठा समारोह का निमंत्रण पत्र काफी शानदार है। कार्ड का पहला लुक हाल ही में सामने आया, जो सोशल मीडिया पर काफी वायरल भी हुआ, लेकिन क्या अपने इसमें एक चीज नोटिस की? यूजर्स कह रहे हैं कि इस कार्ड में वर्तनी की गलतियां हैं, जिन्हें पॉइंट आउट करते हुए उन्होंने ट्वीट करके अपनी भड़ास निकाली। एक यूजर ने लिखा कि दुनियाभर के लोगों की नजरें राम मंदिर और रामलला की प्राण प्रतिष्ठा पर है, निमंत्रण पत्र पर स्पेलिंग तो ठीक लिख लेते, क्यों भारतीय होने का मजाक उड़वाते हो। इसके अलावा भी यूजर्स ने अपने-अपने तरीकों से गलतियों को पॉइंट आउट भी किया। दरअसल, अंग्रेजी भाषा में बना निमंत्रण पत्र सोशल मीडिया पर वायरल हुआ है, जिसमें इन्विटेशन (Invitation) की स्पेलिंग गलत बताई जा रही है। वहीं हिन्दी भाषा में छपा निमंत्रण पत्र भी वायरल हो रहा है, जिसमें कवर पेज पर लिखा है- अनादिक निमंत्रण, श्रीराम धाम अयोध्या, सादर।
निमंत्रण पत्र की पहली झलक सोशल मीडिया पर वायरल
श्रीराम जन्मभूमि तीर्थ ट्रस्ट द्वारा देशभर में प्राण प्रतिष्ठा समारोह के लिए निमंत्रण पत्र बांटे। करीब 4 हजार संतों को निमंत्रण पत्र गए हैं। 2 हजार से ज्यादा VIP लोगों को निमंत्रण पत्र दिया गया है। करीब 7 हजार लोग समारोह का हिस्सा बनेंगे और 6 हजार से ज्यादा निमंत्रण पत्र बांटे जा चुके हैं। राम मंदिर प्राण प्रतिष्ठा समारोह के निमंत्रण पत्र की पहली झलक सोशल मीडिया पर वायरल हो रही है। निमंत्रण पत्र के कवर पेज पर भगवान श्रीराम के बाल स्वरूप चित्रित हैं। राम मंदिर की यात्रा का विस्तृत वर्णन भी है। प्राण प्रतिष्ठा अनुष्ठान का ब्योरा है। एक क्यूआर कोड भी है। समारोह में आने का समय, पार्किंग की जगह और कार्यक्रम के समापन का समय लिखा है।
निमंत्रण पत्र के अंदर क्या-क्या जानिए?
निमंत्रण पत्र के अंदर वाले पेज पर राम मंदिर की तस्वीर चित्रित है, जिस पर ट्रस्ट का लोगो है। एक छोटे लिफाफे में पीला अक्षत है। गाड़ी पार्क करने के लिए पास भी है, जिस पर गाड़ी नंबर मेहमान खुद लिखेंगे। QR कोड से पार्किंग एरिया में जगह मिल जाएगी। पत्र के अंदर एक छोटी-सी कितबा है, जिसमें 1528 से लेकर 1984 तक राम जन्मभूमि आंदोलन का विवरण और आंदोलन से जुड़े 20 महत्वपूर्ण लोगों का ब्योरा है। विश्व हिन्दू परिषद के पूर्व अध्यक्ष अशोक सिंघल का जिक्र है। यजमान के रूप में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, संघ प्रमुख मोहन भागवत, UP गवर्नर आनंदीबेन पटेल, CM योगी आदित्यनाथ और श्रीराम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र के अध्यक्ष महंत नृत्य गोपाल दास का नाम लिखा है।