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‘मैं जा रहा हूं, आज प्रलय आएगी’; क्या बाबा को पहले था Hathras Stampede का अंदेशा?

Hathras Case : यूपी की हाथरस घटना ने पूरे देश को हिलाकर रख दिया। सरकार इस मामले को लेकर काफी सख्त है। हादसे के बाद बाबा का कोई अता-पता नहीं है। हाथरस केस को लेकर चर्चाएं हो रही हैं कि क्या बाबा को भगदड़ मचने के बारे में पहले से अंदेशा था?

हाथरस घटना पर भोला बाबा की पहली प्रतिक्रिया।
Hathras Stampede Latest Update : यूपी के हाथरस में मची भगदड़ में अबतक 121 लोगों की जान चली गई। जहां एसआईटी ने शुक्रवार को शासन को अपनी जांच रिपोर्ट सौंप दी तो वहीं एडीजी आगरा और अलीगढ़ कमिश्नर की अध्यक्षता में गठित टीम ने डीएम-एसएसपी समेत 100 लोगों के बयान दर्ज किए। पुलिस ने अबतक 2 महिलाओं समेत 6 सेवादारों को गिरफ्तार किया। हालांकि, सत्संग में प्रवचन देने वाला भोला बाबा अभी भी फरार है। इस बीच कुछ अनुयायियों ने बाबा को लेकर बड़ा बयान दिया। अनुयायी ने बाबा को लेकर किया बड़ा खुलासा भोला बाबा का असली नाम सूरजपाल है। वह बाबा नारायण हरि उर्फ ​​साकार विश्व हरि के नाम से भी फेमस है। अब बड़ा सवाल उठता है कि क्या बाबा को पहले से अंदेशा था कि सत्संग में भगदड़ मचने वाली है। इसे लेकर 15 साल के एक अनुयायी कमलेश ने द टाइम्स ऑफ इंडिया को दी बाइट में दावा किया कि प्रवचन खत्म करने के बाद भोले बाबा ने फिर से माइक पकड़ा और कहा कि अब मैं जा रहा हूं, आज प्रलय आएगी। यह भी पढ़ें : Hathras Satsang: ‘किसी को जूता पहनकर पहली बार प्रवचन देते देखा’, Video में सुनें धर्मगुरुओं ने क्या कहा? क्या बाबा को पहले से था अंदेशा? इस अनुयायी के बयान से स्पष्ट है कि बाबा को इस घटना के बारे में पहले से अंदेशा था। यह भी मान लें कि बाबा को भगदड़ के बारे में पहले से अंदेशा नहीं था तो उनके जाने के बाद ही यह घटना क्यों घटी? जब तक वे कार्यक्रम स्थल से नहीं चले गए, तब तक कोई अराजकता नहीं थी। हालांकि, इस हादसे के बाद भी कई अनुयायियों का विश्वास कम नहीं हुआ है। यह भी पढ़ें : Hathras Stampede: शराब से लेकर शबाब तक का आदी है ‘बाबा’ सूरजपाल, चश्मदीद ने खोले कई राज हादसे के बाद भी अनुयायियों की आस्था नहीं हुई कम अनुयायी हिमांशु ने कहा कि अगर बाबा का आशीर्वाद न होता तो वह विश्वविद्यालय में पढ़ाई नहीं कर पाता। हाथरस सत्संग में सुरक्षित बचकर निकलने वाली 33 वर्षीय सीमा वकील बाबा को इंसान नहीं, बल्कि ईश्वर के दूत मानती हैं। उन्होंने कहा कि मरने से पहले उसकी बड़ी बहन ने उसे बाबा से मिलवाया था, तब से वह लगातार पिछले 9 साल से बाबा का अनुसरण कर रही हैं।


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