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तेजाजी महाराज की जन्मस्थली खरनाल पहुंची पूर्व सीएम राजे, बोलीं- ‘मैं आपकी बहू के रूप में आपके बीच आई हूं’

Vasundhara Raje: राजस्थान की पूर्व सीएम वसुंधरा राजे गुरुवार को नागौर के दौरे पर रहीं। इस दौरान आरएलपी सुप्रीमो और नागौर सांसद हनुमान बेनीवाल पर जमकर निशाना साधा। इस दौरान राजे तेजाजी महाराज की जन्मस्थली खरनाल पहुंची। राजे ने दर्शन के बाद मंदिर के विकास के लिए 21 लाख रुपए भेंट किए। उन्होंने मौजूद जनसमुह को […]

Vasundhara Raje: राजस्थान की पूर्व सीएम वसुंधरा राजे गुरुवार को नागौर के दौरे पर रहीं। इस दौरान आरएलपी सुप्रीमो और नागौर सांसद हनुमान बेनीवाल पर जमकर निशाना साधा। इस दौरान राजे तेजाजी महाराज की जन्मस्थली खरनाल पहुंची। राजे ने दर्शन के बाद मंदिर के विकास के लिए 21 लाख रुपए भेंट किए। उन्होंने मौजूद जनसमुह को संबोधित करते हुए कहा कि मैं आपके घर की बेटी हूं हम न किसी से डरते हैं, न पीछे हटते हैं, छाती पर पैर रखकर हम वापसी करेंगे।

जब बुलाओगे आपके बीच हाजिर रहूंगी- राजे

पूर्व सीएम ने नागौर सांसद हनुमान बेनीवाल पर तीखा हमला बोलते हुए कहा कि कुछ लोग अपने आराध्य देव को नहीं संभाल सकते केवल भाषणबाजी करते हैं। उन्होंने कहा कि मैंने कहा था जिस दिन बुलाओगे, उस दिन मैं आपके बीच हाजिर रहूंगी। बता दें कि दो दिन पहले सांसद बेनीवाल ने ट्वीट करते हुए कहा था कि राजे ने 2008 में तेजाजी मंदिर के लिए 11 लाख रुपए देने की घोषणा की थी लेकिन अब तक उन्होंने इस संबंध में कुछ नहीं किया है।

मैं आपसे दूर नहीं- राजे

राजे ने आगे कहा कि आज मैं यहां आप लोगों को प्यार देने आई हूं। मैं आपसे दूर नहीं हूं। परिवार के लोग तो वैसे भी दूर नहीं हो सकते। कभी-कभी छोटी-छोटी दीवारें खड़ी हो जाती हैं, लेकिन आपका हमारा रिश्ता बना रहता हैं। मैंने आप लोगों को हिमालय का पानी पिलाने का वादा किया था जो काम लोग इतने सालों में नहीं कर सके वो मैंने 10 साल में कर दिखाया। मैं आपकी बहू के रूप में आप लोगों के बीच आई हूं। जब आपको जरूरत होगी आप मुझे अपने बीच पाओगे। इस दौरान पूर्व पीडब्लयूडी मंत्री युनूस खान ने 1 लाख रुपए दान किए।

बेनीवाल ने साधा था निशाना

बेनीवाल ने ट्वीट कर पूर्व सीएम पर निशाना साधते हुए कहा था कि तेजाजी को भूलने वाली राजे आज यहां की जनता को साधने में लगी हैं। लेकिन ऐसा नहीं होगा। राजे ने 2008 में 11 लाख रुपयों की घोषणा की थी, वो तो वे भूल ही गईं। जब इनका जनाधार खिसकने लगा तो उन्हें खरनाल याद आया, लेकिन जनता इसका हिसाब देगी।


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