Rajasthan Earthquake: राजस्थान में गुरुवार रात एक घंटे के अंदर तीन बार भूकंप के झटके लगे हैं। रिक्टर स्केल पर भूकंप की तीव्रता पहली बार 4.4, दूसरी बार 3.1 और तीसरी बार 3.4 मापी गई। राष्ट्रीय भूकंप विज्ञान केंद्र के मुताबिक, भूकंप के तीनों झटके जयपुर में महसूस किए गए। फिलहाल, राजधानी में किसी तरह के जानमाल के नुकसान की कोई खबर नहीं है।
न्यूज एजेंसी ANI के मुताबिक, भूकंप के एक के बाद एक झटके लगने से जयपुर के लोग दहशत में आ गए। जयपुर के रहने वाले विकास ने बताया कि भूकंप के तेज झटके महसूस किए गए। उन्होंने बताया कि भूकंप आने के बाद घर की चीजों में कंपन्न महसूस हुई जिससे पूरा परिवार नींद से उठ गया और फौरन सड़क पर आ गया।
https://twitter.com/ANI/status/1682175702127509506
राष्ट्रीय भूकंप विज्ञान केंद्र के मुताबिक, जयपुर में सबसे पहले 4.4 तीव्रता वाली भूकंप आया। इसके कुछ देर बाद फिर से भूकंप के झटके लगे जिसकी तीव्रता 3.1 थी।
और पढ़िए – रायगढ़ भूस्खलन में अब तक 16 लोगों की मौत एनडीआरएफ ने आज फिर शुरू किया खोजबचाव अभियान
मणिपुर में भी महसूस किए गए भूकंप के झटके
राष्ट्रीय भूकंप विज्ञान केंद्र के मुताबिक, हिंसा प्रभावित मणिपुर में भी गुरुवार रात भूकंप के झटके महसूस किए गए। न्यूज एजेंसी ANI के मुताबिक, मणिपुर के उखरुल में देर रात भूकंप आया। रिक्टर पैमाने पर भूकंप की तीव्रता 3.5 मापी गई। फिलहाल, भूकंप से किसी तरह के जानमाल के नुकसान की कोई खबर नहीं है।
https://twitter.com/ANI/status/1682180553519538178
क्यों आता है भूकंप?
सरंचना के मुताबिक, पृथ्वी टैक्टोनिक प्लेटों पर स्थित है। प्लेटों के नीचे तरल पदार्थ है जिस पर टैक्टोनिक प्लेट्स तैरती रहती है। कई बार ये प्लेट्स आपस में टकराती और ज्यादा दबाव पड़ने से ये प्लेट्स टूटने भी लगती है। ऐसे में नीचे उत्पन्न हुई उर्जा बाहर निकलने का रास्ता खोजती है और जब इससे डिस्टर्बेंस बनता है तो भूकंप आता है।
कितनी तीव्रता वाला भूकंप कितना खतरनाक
0 से 1.9- सिर्फ सिस्मोग्राफी से पता चलेगा।
2 से 2.9- हल्के झटके लगते हैं।
3 से 3.9- कोई तेज रफ्तार गाड़ी आपके बगल से गुजर जाए, ऐसा असर होता है।
4 से 4.9- खिड़कियां हिलने लगती है। दीवारों पर टंगे सामान गिर जाते हैं।
5 से 5.9- घरों के अंदर रखे सामान जैसे फर्नीचर आदि हिलने लगते हैं।
6 से 6.9- कच्चे मकान और घर गिर जाते हैं। घरों में दरारें पड़ जाती है।
7 से 7.9- बिल्डिंग और मकानों को नुकसान होता है। गुजरात के भुज में 2001 और नेपाल में 2015 में इतनी तीव्रता का भूकंप आया था।
8 से 8.9- बड़ी इमारतें और पुल धाराशायी हो जाते हैं।
9 और उससे ज्यादा- सबसे ज्यादा तबाही। कोई मैदान में खड़ा हो तो उसे भी धरती हिलती हुई दिखेगी। जापान में 2011 में सुनामी के दौरान रिक्टर स्केल पर तीव्रता 9.1 मापी गई थी।
संबंधित खबरें
10 अक्टूबर को 10 घंटे के लिए नई दिल्ली और निजामुद्दीन की सभी ट्रेनें कैंसल
1 hr agoराजस्थान चिकित्सा विभाग में खलबली, 678 डॉक्टरों पर कानूनी कार्रवाई
2 days agoधनतेरस के चलते बदली राजस्थान पंचायत चुनाव की तारीख, जानिए नई तारीखें
3 days agoराजस्थान पंचायत चुनाव की तारीखों का ऐलान, 4 चरणों में होगी वोटिंग
5 days agoराजस्थान कांग्रेस में बढ़ा घमासान, विश्वेंद्र सिंह को कारण बताओ नोटिस जारी
6 days agoCJP के धरने में दिखा भगोड़ा रामचंद्र नोएडा से गिरफ्तार, ठगे थे 17 लाख
7 days agoभारत के कई राज्यों में बारिश का अलर्ट, दिल्ली-NCR में कल कैसा रहेगा मौसम?
9 days agoसुल्तानपुर नगरपालिका चुनाव विवाद: चेतन पटेल समेत 28 पर FIR
12 days agoसबसे बड़ी पार्टी बन कैसे हारी BJP? राजस्थान की एक नगरपालिका में अजीब नजारा
17 days agoराजस्थान निकायों में BJP का 197 पदों पर कब्जा, कांग्रेस को लगा झटका
17 days agoन्यूज 24 पर पढ़ें देश, राष्ट्रीय समाचार (National News), खेल, मनोरंजन, धर्म, लाइफ़स्टाइल, हेल्थ, शिक्षा से जुड़ी हर खबर। ब्रेकिंग न्यूज और लेटेस्ट अपडेट के लिए News 24 App डाउनलोड कर अपना अनुभव शानदार बनाएं।
First published on:
Know More: Editorial Guidelines