महाराष्ट्र की राजनीति में सबसे बड़ा सवाल हमेशा 50 विधायकों के पाला बदलने को लेकर रहा है. News 24 से एक्सक्लूसिव बात करते हुए महाराष्ट्र के डिप्टी सीएम एकनाथ शिंदे ने इन आरोपों पर चुप्पी तोड़ी है. मुख्यमंत्री से उपमुख्यमंत्री बने एकनाथ शिंदे ने अब इन आरोपों पर अपनी चुप्पी तोड़ी है और बताया है कि आखिर उद्धव ठाकरे का साथ छोड़कर विधायक उनके साथ क्यों आए थे? शिंदे के मुताबिक यह बगावत पैसों के लिए नहीं बल्कि शिवसेना के स्वाभिमान और बालासाहेब ठाकरे के असली विचारों को बचाने के लिए थी. उन्होंने साफ किया कि विधायकों ने किसी लालच में नहीं बल्कि उनके प्रति भरोसे और पार्टी के भविष्य को देखते हुए यह ऐतिहासिक कदम उठाया था.
आरोपों को शिंदे ने पूरी तरह से झूठ करार दिया
राज ठाकरे और विपक्षी नेताओं द्वारा लगाए गए ’50-50 करोड़’ के आरोपों को शिंदे ने पूरी तरह से झूठ करार दिया है. उन्होंने कहा कि 50 विधायकों का साथ आना कोई छोटी बात नहीं है. शिंदे ने तर्क दिया कि वे खुद उस समय नगर विकास मंत्री जैसा ताकतवर पद संभाल रहे थे और उनके साथ कई अन्य मंत्री भी थे. उन्होंने पूछा कि अगर सत्ता का ही लालच होता तो कोई चलती हुई सरकार और मंत्री पद क्यों छोड़ता. उनके मुताबिक विधायकों ने देखा कि उद्धव ठाकरे के नेतृत्व में शिवसेना का अस्तित्व खतरे में है और शिवसैनिकों को न्याय नहीं मिल रहा है, इसलिए उन्होंने सत्ता का मोह छोड़कर संघर्ष का रास्ता चुना.
मुंबई के विकास और विपक्ष के डर की राजनीति
इंटरव्यू में शिंदे ने मुंबई को लेकर ठाकरे गुट के आरोपों पर भी जमकर पलटवार किया. जब उनसे पूछा गया कि क्या उन्होंने मुंबई का ‘डेथ वारंट’ जारी किया है, तो उन्होंने कहा कि 25 साल तक सत्ता में रहने वालों को जवाब देना चाहिए कि मराठी मानुस मुंबई से बाहर क्यों गया. शिंदे ने वादा किया कि उनकी सरकार क्लस्टर डेवलपमेंट के जरिए बाहर गए मुंबईकरों को वापस लाएगी. उन्होंने कहा कि विपक्ष सिर्फ चुनाव जीतने के लिए डर फैला रहा है कि मुंबई को महाराष्ट्र से अलग कर दिया जाएगा, जबकि हकीकत में वे अपनी डूबती हुई राजनीति को बचाने की कोशिश कर रहे हैं.
यह भी पढ़ें: Exclusive : क्या BJP ने सिर्फ चेहरा यूज किया? एकनाथ शिंदे ने बताया- कैसे CM पद के दावेदार बन गए डिप्टी CM
जनता की सेवा और आगामी चुनाव का विजन
एकनाथ शिंदे ने अपनी कार्यशैली को ‘फेसबुक लाइव’ के बजाय ग्राउंड वर्क वाली बताया है. उन्होंने कहा कि राजनीति घर से नहीं बल्कि जनता के बीच जाकर की जाती है. मुंबई की ट्रैफिक और प्रदूषण जैसी समस्याओं पर बात करते हुए उन्होंने कहा कि अगले डेढ़ साल में सड़कों को गड्ढा मुक्त कर दिया जाएगा और 17,000 करोड़ रुपये से पर्यावरण सुधारा जाएगा. शिंदे ने विश्वास जताया कि जनता ‘सेटलमेंट’ के लिए नहीं बल्कि ‘डेवलपमेंट’ के लिए वोट देगी. उन्होंने दावा किया कि महायुति का स्ट्राइक रेट फिर से शानदार रहेगा और मुंबई का अगला मेयर भी महायुति का ही बनेगा.
संबंधित खबरें
‘पहले अपने बच्चों को खिलाएं', पान मसाला एड को लेकर बॉलीवुड सेलेब्स पर भड़के FDA कमिश्नर तुकाराम मुंढे
4 hrs ago'पहले बेंगलुरु में हाथ-पैर तोड़ने की थी साजिश', केतन अग्रवाल मर्डर में पुलिस चार्जशीट से चौंकाने वाले खुलासे
1 day agoमौत के 4 साल बाद क्लिनिक के फ्रीजर में रखी बुजुर्ग की लाश, परिवार को थी जिंदा होने की उम्मीद
1 day agoडोसे के अंदर मिला चूहा तो उल्टी करने लगा ग्राहक, तुकाराम मुंढे की टीम ने बंद कराया होटल
1 day agoएंटीलिया बम कांड में सचिन वाझे को जमानत, मुंबई समेत पांच जिलों में एंट्री पर रोक
1 day agoमौत से पहले केतन अग्रवाल ने बनवाया था सिया गोयल के नाम का टैटू, मंगेतर को देना चाहता था सरप्राइज
1 day agoMPSC Exam Postponed 2026: महाराष्ट्र लोक सेवा आयोग ने स्थगित कीं 3 बड़ी परीक्षाएं, जानिए नई तारीखें
2 days ago'ECINet में हों 4 बड़े बदलाव', महाराष्ट्र SIR में लोकल स्टाफ को ज्यादा पावर की उठी मांग, 2 चुनाव आयुक्त भी उठा चुके मुद्दा
2 days agoमहाराष्ट्र FDA की जांच के दायरे में मुंबई का 120 साल पुराना कैफे, चूहे-कॉकरोच मिले
2 days agoNCP के दोनों गुट होंगे मर्ज? शरद पवार ने कर दिया खुलासा, बताया आगे का प्लान
2 days agoन्यूज 24 पर पढ़ें देश, राष्ट्रीय समाचार (National News), खेल, मनोरंजन, धर्म, लाइफ़स्टाइल, हेल्थ, शिक्षा से जुड़ी हर खबर। ब्रेकिंग न्यूज और लेटेस्ट अपडेट के लिए News 24 App डाउनलोड कर अपना अनुभव शानदार बनाएं।
First published on:
Know More: Editorial Guidelines