TrendingAyodhya Ram MandirDharmendra & Hema MaliniBigg Boss 19Gold Price

---विज्ञापन---

12 साल की बच्ची संग दरिंदगी: नाजुक अंगों को तवे और सिगरेट से जलाया, कमरे में बंद कर बेंगलुरु गया परिवार

Minor girl abused in nagpur: महाराष्ट्र के नागपुर से एक 12 साल की बच्ची के साथ दरिंदगी की खबर है। घर के काम ठीक ढंग से न करने पर बच्ची को पीटा गया। सिगरेट और गर्म तवे से उसका शरीर जलाया गया। इससे भी मन नहीं भरा तो परिवार ने उसे एक अंधेरे कमरे में […]

Nagpur Police
Minor girl abused in nagpur: महाराष्ट्र के नागपुर से एक 12 साल की बच्ची के साथ दरिंदगी की खबर है। घर के काम ठीक ढंग से न करने पर बच्ची को पीटा गया। सिगरेट और गर्म तवे से उसका शरीर जलाया गया। इससे भी मन नहीं भरा तो परिवार ने उसे एक अंधेरे कमरे में बंद कर दिया। इसके बाद परिवार बेंगलुरु चला गया। बच्ची के चीखने की आवाज सुनकर पड़ोसी मदद के लिए सामने आए। पड़ोसियों ने पुलिस को सूचना दी। घटना के संबंध में अब तक एक व्यक्ति को गिरफ्तार किया गया है।

फ्लैट में बंद कर बेंगलुरु गए

पुलिस के मुताबिक, नागपुर की अथर्व नगरी सोसायटी में रहने वाले अरमान इश्तियाक अहमद खान और उनकी पत्नी हीना ने 12 साल की लड़की को फ्लैट में बंद कर दिया। वह उसे घरेलू काम के लिए बेंगलुरु से लेकर आए थे। पिछले शुक्रवार को अरमान परिवार के साथ बेंगलुरु चले गए। अरमान और हीना पर लड़की को प्रताड़ित करने का आरोप है। उसे गर्म तवे और सिगरेट से जला दिया गया। उसके निजी अंगों पर चोटें आईं। वह चार दिनों तक घर में बंद रही।

पड़ोसियों ने खिलाया खाना

लड़की की आपबीती तब सामने आई जब वह पड़ोसियों को मिली। उन्होंने मदद के लिए उसकी चीखें सुनीं और उसे खिड़की से घर से बाहर निकलने की कोशिश करते देखा। पड़ोसियों ने उसे घर से बाहर निकाला, खाना-पानी दिया और फिर पुलिस को सूचना दी। एक पड़ोसी के अनुसार, अरमान ने घर के बिजली बिल का भुगतान नहीं किया था, जिससे उसका कनेक्शन काट दिया गया। लड़की को अंधेरे में रहना पड़ा। घर में खाने का कोई सामान भी नहीं था। उसे सिर्फ ब्रेड खाकर गुजारा किया।

लड़की के मां-बाप से पढ़ाई कराने का किया था दावा

एक पड़ोसी ने कहा कि एक रात हमने उसे खिड़की के माध्यम से घर से बाहर निकलने की कोशिश करते देखा। हमने उसे बचाया, उसे खाना खिलाया और फिर आवश्यक कार्रवाई के लिए अधिकारियों को सूचित किया। कथित तौर पर परिवार ने लड़की के माता-पिता से कहा था कि वे अपनी बेटी को नागपुर लाने के बाद शिक्षा और देखभाल प्रदान करेंगे।

लड़की का चल रहा इलाज

सामाजिक कार्यकर्ता और कैलाश सत्यार्थी चिल्ड्रेन्स फाउंडेशन की सदस्य शीतल पाटिल ने कहा कि सदमे में डूबी लड़की की मेडिकल जांच की गई, जिसमें उसके निजी अंगों सहित शरीर पर कई चोटें और जलने के निशान पाए गए। पुनर्वास शुरू होने से पहले लड़की का फिलहाल इलाज चल रहा है। घटना के संबंध में अब तक एक व्यक्ति को गिरफ्तार किया गया है। पुलिस ने कहा कि परिवार के खिलाफ मामला दर्ज किया गया है और मामले की आगे की जांच जारी है। यह भी पढ़ें: 70 साल से लोहे के फेफड़ों से जिंदा है ये शख्स, काबिलियत जानकर दिल से करेंगे सैल्यूट


Topics: