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MP की 12 सीटों पर बागी बिगाड़ेंगे खेलः सपा, बसपा और आप ने दल-बदलु नेताओं को बनाया उम्मीदवार

MP Assembly Election 2023 Congress BJP SP BSP AAP Candidate News: एमपी में कांग्रेस और भाजपा सभी 230 विधानसभा सीटों के लिए उम्मीदवारों का ऐलान कर चुकी है।

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MP Assembly Election 2023 Congress BJP SP BSP AAP Candidate News (Pic Credit- Google)

MP Assembly Election 2023 Congress BJP SP BSP AAP Candidate News: एमपी में कांग्रेस और भाजपा सभी 230 विधानसभा सीटों के लिए उम्मीदवारों का ऐलान कर चुकी है। ऐसे में जिन उम्मीदवारों को दोनों ही पार्टियों ने टिकट नहीं दिया उनको सपा, बसपा और आप पार्टी ने टिकट देकर प्रत्याशी बनाया है। प्रदेश की 12 सीटों पर ऐसे उम्मीदवार भाजपा और कांग्रेस दोनों का गेम बिगाड़ सकते हैं। यदि 2018 की तरह ही करीबी मुकाबला हुआ तो ये उम्मीदवार सरकार बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकते हैं।

मुरैना की सुमावली सीट

मुरैना की सुमावली सीट से कांग्रेस ने इस बार कुलदीप सिकरवार को उम्मीदवार बना दिया। इससे निवर्तमान विधायक अजब सिंह बागी होकर बीएसपी में शामिल होने वाले थे। कांग्रेस ने 25 अक्टूबर को जारी की तीसरी सूची में प्रत्याशी बदलकर अजब सिंह को उम्मीदवार बना दिया। इससे कुलदीप नाराज होकर बसपा में शामिल हो गए।

बिजावर सीट

सपा ने यहां से कांग्रेस छोड़कर आए मनोज यादव को टिकट दिया था। इस पर भाजपा की पूर्व विधायक रेखा यादव बगावत पर उतर आई। उन्होंने सपा का दामन थाम लिया। सपा ने प्रत्याशी बदलकर मनोज यादव की जगह रेखा यादव को टिकट दे दिया। रेखा यादव जैसी कद्दावर नेता के सपा से टिकट मिलने के बाद कांग्रेस – भाजपा की उम्मीदों को बड़ा झटका लगा है। वहीं भाजपा ने बबलू शुक्ला और कांग्रेस ने चरण सिंह को प्रत्याशी बनाया है।

ग्वालियर दक्षिण

कांग्रेस से टिकट कटने के बाद केदार कंसाना बसपा में शामिल हुए और पार्टी ने उन्हें ग्वालियर दक्षिण से उम्मीदवार बना दिया। कांग्रेस ने यहां से पिछली बागी होकर लड़े साहब सिंह को उम्मीदवार बनाया है। कंसाना की बगावत से कांग्रेस को नुकसान हो सकता है।

नागौद सीट

सतना की नागौद सीट से कांग्रेस से टिकट कटने के बाद यादवेंद्र सिंह पार्टी छोड़ बसपा में शामिल हो गए। फिर बसपा ने उन्हें प्रत्याशी बना दिया। वहीं भाजपा ने यहां से मौजूदा विधायक नागेंद्र सिंह को तो कांग्रेस ने यहां रश्मि पटेल को मैदान में उतारा है। भाजपा के नागेंद्र को टिकट मिलने के बाद गगनेंद्र सिंह बगावत कर दी है।

मुरैना सीट

यहां से भाजपा के पूर्व विधायक रुस्तम सिंह ने बेटे राकेश के साथ बसपा में शामिल हो गए। राकेश को बसपा ने टिकट दिया है। कांग्रेस ने यहां से पंकज उपाध्याय को मैदान में उतारा है। वहीं रुस्तम के बागी होकर बसपा में जाने से यहां भाजपा के वोट कट सकते हैं।

भिंड सीट

भाजपा के बड़े नेता रक्षपाल सिंह ने टिकट कटने पर बसपा में शामिल हो गए। पार्टी ने उनको प्रत्याशी बना दिया। वहीं बसपा के दिग्गज नेता रह चुके संजीव को जब टिकट नहीं मिला तो वे लौटकर फिर से बसपा में आ गए। इसके बाद बसपा ने रक्षपाल की जगह संजीव को उम्मीदवार बना दिया। भाजपा ने यहां से नरेंद्र कुशवाहा को उम्मीदवार बनाया है तो कांग्रेस ने राकेश चतुर्वेदी को प्रत्याशी बनाया है।

लहार सीट

भाजपा के पूर्व विधायक रसाल सिंट टिकट नहीं मिलने पर बसपा की सदस्यता ले ली। वहीं भाजपा ने यहां से अंबरीश शर्मा को उम्मीदवार बनाया हैं जबकि कांग्रेस ने डाॅ. गोविंद सिंह को प्रत्याशी बनाया है। यहां भी भाजपा को नुकसान उठाना पड़ सकता है।

त्योंथर सीट

बसपा ने यहां भाजपा से टिकट नहीं मिलने आए देवेंद्र सिंह उम्मीदवार बनाया है। भाजपा ने इस बार यहां से सिद्धार्थ तिवारी को और कांग्रेस ने रमाशंकर को उम्मीदवार बनाया है। पिछली बार बसपा के कारण कांग्रेस को नुकसान हुआ था ऐसे में माना जा रहा है कि इस बार यहां भाजपा को नुकसान उठाना पड़ सकता है।

अटेर सीट

भाजपा के पूर्व विधायक मुन्ना सिंह बगावत कर बीएसपी में शामिल हुए तो पार्टी ने उन्हें अटेर से प्रत्याशी बना दिया। भाजपा ने इस बार मुन्ना का टिकट काटकर अरविंद सिंह को प्रत्याशी बना दिया है। वहीं कांग्रेस ने यहां से हेमंत कटारे को उम्मीदवार बनाया है। इसके अलावा कालापीपील, चचौड़ा और जौरा में कांग्रेस और भाजपा से बगावत कर पार्टी छोडे़ नेताओं को आप ने चुनावी मैदान में उतारा है। ऐसे में इन सीटों पर दोनों ही पार्टियों को भीतरघात का खतरा है।

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