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मध्य प्रदेश के 55 जिलों में अब झटपट होगा राजस्व के अटके मामलों का समाधान; महा-अभियान 3.0 शुरू

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CM Mohan Yadav Started Maha-Abhiyan 3.0: मध्य प्रदेश की मोहन यादव सरकार के प्रदेश के औद्योगिक विकास के लिए लगातार काम कर रहे हैं। इसके लिए राज्य सरकार द्वारा कई निवेश कार्यक्रम आयोजित जा रहे हैं। इसके साथ ही प्रदेश के लोगों की सहुलियत का भी ध्यान रखा जा रहा है। राज्य में सीएम मोहन यादव के निर्देश पर लंबित राजस्व मामलों के निराकरण के लिए महा-अभियान फिर से शुरू किया गया है। मुख्यमंत्री मोहन यादव ने कहा कि सभी 55 जिलों में राजस्व के खसरे और नामांतरण आदि जैसे कई मामले अटके हुए हैं, इन मामलों के निराकरण के लिए 15 नवंबर से महा-अभियान प्रारंभ किया गया है।

क्या बोले सीएम मोहन यादव?

सीएम मोहन यादव ने कहा कि इससे पहले भी दो अभियान चलाकर राजस्व के अटके मामलों का निराकरण किया गया था। दोनों अभियान में करीब 80 लाख राजस्व प्रकरणों का निराकरण किया था। इन अभियान में अविवादित नामांतरण के 20 लाख 46 हजार 635 प्रकरणों में से 18 लाख 20 हजार प्रकरणों का निराकरण कर दिया गया है। अभी करीब 2 लाख 26 हजार 364 मामलें अभी भी अटके हुए हैं।

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महा-अभियान को लेकर सीएम का निर्देश

सीएम मोहन यादव ने कहा कि राजस्व महा-अभियान के जरिए बड़े पैमाने पर लोगों को इस तरह के अटके मामलों को राहत मिलेगी। मध्य प्रदेश सरकार किसानों और सभी हितग्राहियों के लिए सभी प्रकार की व्यवस्था चाहती है। उन्होंने कहा कि जिनके मामले जहां-जहां लंबित हों, वह संबंधित कार्यालय में जाकर उन मामलों का निराकृत करा ले। प्रशासन के अधिकारी अभियान की पूरी मॉनीटरिंग करेंगे। सभी कमिश्नर और कलेक्टर्स को भी अभियान को सफल बनाने के निर्देश दिया गया है। इसके साथ ही सीएम मोहन यादव ने नागरिकों से अपील तहसील करते हुए कहा कि लोग बाकी जगहों पर भी जहां अपनी बात रखना चाहते हैं, वहां भी अपने मामले जरूर रखें।

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