Bihar: बिहार में 2025 के चुनाव में महागठबंधन की तरफ से मुख्यमंत्री का चेहरा कौन होगा? इसको लेकर सियासत तेज है। मौके का फायदा पाकर जहां भाजपा नीतीश कुमार को घेर रही है तो वहीं अब उप मुख्यमंत्री तेजस्वी यादव की नाराजगी की भी खबरें आने लगी हैं।
जदयू के राष्ट्रीय अध्यक्ष लल्लन सिंह ने मंगलवार को एक बार फिर दोहराया कि महागठबंधन 2025 का चुनाव उप मुख्यमंत्री तेजस्वी यादव के नेतृत्व में ही लड़ेगा। उनकी ये बात सीएम नीतीश कुमार से अलग नहीं है।
हालांकि अधिकारिक रूप से नेतृत्व को लेकर अभी कोई फैसला नहीं हुआ है। वो समय आने पर होगा। क्योंकि 2025 में क्या होगा? यह कोई नहीं जानता है। वहीं, तेजस्वी यादव की नाराजगी पर लल्लन सिंह ने कहा कि ये सिर्फ मीडिया का एजेंडा है।
मुख्यमंत्री कौन होगा, विधायक करेंगे तय
लल्लन सिंह ने कहा कि मुख्यमंत्री विधायक दल के सर्वमान्य नेता हैं। जब उन्होंने कह दिया कि महागठबंधन का नेतृत्व तेजस्वी यादव करेंगे तो विरोध कहां है? लेकिन मुख्यमंत्री कौन बनेगा वो तो विधायक तय करेंगे। मैंने कल (सोमवार) को जो कहा था, उसी पर आज भी कायम हूं। 2025 की बात 2023 में नहीं हो सकती है। हमारे सामने अभी 2024 यानी लोकसभा का चुनाव है। उस पर बात करें।
उपेंद्र कुशवाहा बोले- 2024 में पीएम को कोई टक्कर नहीं दे पाएगा
उधर, जदयू से अलग होने के बाद राष्ट्रीय लोक जनता दल के अध्यक्ष उपेंद्र कुशवाहा खुलकर भाजपा के करीब आ गए हैं। उन्होंने मंगलवार को कहा कि 2024 में प्रधानमंत्री मोदी को टक्कर देने वाला कोई चेहरा अभी दिखाई नहीं दे रहा है। मंगलवार को भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष संजय जायसवाल ने उपेंद्र कुशवाहा से उनके आवास पर जाकर मुलाकात की। करीब आधे घंटे चली मुलाकात के बाद उपेंद्र और संजय बाहर आए।
उपेंद्र कुशवाहा ने जदयू छोड़ने की वजहों का खुलासा किया। उन्होंने कहा कि लोगों ने कर्पुरी ठाकुर की विरासत की रक्षा के लिए नीतीश कुमार को वोट किया था। लेकिन उन्होंने इसे छोड़ दिया और बिहार के लोग परेशान हो गए। जदयू के पास अब कुछ बचा नहीं है। मैं एक तरफ खड़े होकर देख नहीं सकता था। मैं सीधे जनता के बीच जाऊंगा और कर्पुरी ठाकुर की विरासत को आगे बढ़ाऊंगा। जदयू को अब कोई बचा नहीं सकता है।
नीतीश कुमार बोले- उपेंद्र हमारे साथ आए ही क्यों थे?