RR vs LSG: मैच पूरी तरह से राजस्थान रॉयल्स की जेब में दिख रहा था। आखिरी ओवर में जीत के लिए राजस्थान को 9 रनों की दरकार थी। क्रीज पर शिमरॉन हेटमायर और ध्रुव जुरैल की जोड़ी मौजूद थी। लखनऊ के कप्तान ऋषभ पंत ने लास्ट ओवर डालने के लिए गेंद आवेश खान के हाथों में थमाई। राजस्थान को इस मुकाबले में अपनी जीत लगभग पक्की लग रही थी। हालांकि, क्रिकेट में यूं ही नहीं कहा जाता है कि जब तक आखिरी गेंद ना डाले तब तब मैच खत्म नहीं होता है। आवेश ने जयपुर के मानसिंह क्रिकेट स्टेडियम पर वो कर दिखाया, जिसकी शायद कोई उम्मीद नहीं रहा था। आवेश 9 रनों का बचाव करने में सफल रहे और लखनऊ की हार को उन्होंने जीत में तब्दील कर दिया।
आवेश ने पलटी हारी हुई बाजी
आवेश खान के हाथ से निकली ओवर की पहली गेंद पर ध्रुव जुरैल सिर्फ एक रन बना सके। हेटमायर दूसरी गेंद पर 2 रन चुराने में सफल रहे और अब 4 गेंदों में 6 रन की जरूरत थी। आवेश की तीसरी गेंद को छक्का लगाने के प्रयास में हेटमायर ने उड़ाकर खेला, लेकिन बॉल सीधा शार्दुल ठाकुर के हाथों में समां गई। ओवर की चौथी गेंद पर नए बल्लेबाज शुभम दुबे कोई रन नहीं बना सके। पांचवीं गेंद पर शुभम 2 रन बनाने में सफल रहे और उनको जीवनदान भी मिला।
मैच की आखिरी गेंद पर राजस्थान को चौके की दरकार थी। हर कोई इस लम्हे को अपने कैमरे में कैद करने में जुट गया था। राजस्थान और लखनऊ का पूरा डगआउट खड़ा हो चुका था और हर किसी की निगाहें आवेश के ऊपर थी। आवेश की लास्ट बॉल पर शुभमन ने सामने की तरफ शॉट तो जोरदार खेला, पर वह सीधा लखनऊ के गेंदबाज के हाथ में लगा। आवेश दर्द में तो दिखाई दिए, लेकिन वह वो कारनामा कर गए, जिसको आईपीएल इतिहास में लंबे समय तक याद रखा जाएगा।
लखनऊ ने दर्ज की शानदार जीत
सवाई मानसिंह स्टेडियम के मैदान पर पहले बल्लेबाजी करते हुए लखनऊ की टीम ने 20 ओवर में 5 विकेट खोकर स्कोर बोर्ड पर 180 रन लगाए। टीम की ओर एडम मार्करम ने शानदार बल्लेबाजी करते हुए 45 गेंदों में 66 रन की धांसू पारी खेली। वहीं, आयुष बदोनी ने 34 गेंदों पर 50 रन जड़े। अंतिम ओवरों में अब्दुल समद ने महज 10 गेंदों में 300 के स्ट्राइक रेट से खेलते हुए 30 रन ठोके। इस लक्ष्य का पीछा करते हुए राजस्थान की टीम 20 ओवर में 5 विकेट खोकर 178 रन ही बना सकी। यशस्वी जायसवाल की 52 गेंदों पर खेली गई 74 रन की आतिशी पारी भी राजस्थान के काम नहीं आ सकी।