अडाणी इंटरनेशनल स्कूल में तीन दिवसीय IRIS नेशनल फेयर, छात्रों ने दिखाया इनोवेशन का भविष्य
Author: Mohd Tahleel Chaudhary
Feb 12, 2026 12:57 PM IST
अहमदाबाद के शांतिग्राम स्थित अडाणी इंटरनेशनल स्कूल (ADIS) में 6 से 8 फरवरी तक IRIS नेशनल फेयर 2025–26 का आयोजन हुआ. तीन दिन चले इस कार्यक्रम में 12 राज्यों और 24 शहरों से आए 75 छात्र नवप्रवर्तकों ने हिस्सा लिया. मेले का उद्देश्य बच्चों को किताबों से आगे बढ़कर रिसर्च, प्रयोग और असली समस्याओं के समाधान से जोड़ना था.
समापन समारोह में गुजरात सरकार की राज्य शिक्षा मंत्री रिवाबा रवींद्रसिंह जडेजा ने कहा कि रिसर्च की शुरुआत स्कूल स्तर से होनी चाहिए. जब बच्चे सवाल पूछते हैं, प्रयोग करते हैं और असफलताओं से सीखते हैं, तभी उनमें वैज्ञानिक सोच विकसित होती है.
नम्रता अडाणी, प्रमोटर ADIS और अडाणी समूह की निदेशक, ने कहा कि स्कूल में जिज्ञासा को बचपन से बढ़ावा देना जरूरी है. IRIS जैसे मंच छात्रों को सोचने, प्रयोग करने और अपने ज्ञान को वास्तविक जीवन में लागू करने का मौका देते हैं.
कार्यक्रम की शुरुआत प्रिंसिपल्स और शिक्षकों के सम्मेलन से हुई, जिसमें STEM शिक्षा को और बेहतर बनाने पर चर्चा की गई. छात्रों ने अपनी रिसर्च परियोजनाएं प्रदर्शित कीं, जिनका विशेषज्ञों ने मूल्यांकन किया.
7 फरवरी से प्रतियोगी आकलन शुरू हुआ. यह मेला International Science and Engineering Fair (ISEF) 2026 के लिए क्वालिफाइंग राउंड भी है. इस बार 15 परियोजनाओं को गोल्ड मेडल और 10 को सिल्वर मेडल मिला. गोल्ड जीतने वाले छात्र अब अंतिम चयन दौर में देश का प्रतिनिधित्व करने की दौड़ में शामिल होंगे.
समापन समारोह में नम्रता अडाणी के साथ अडाणी समूह के अन्य वरिष्ठ अधिकारी भी मौजूद रहे.
IRIS नेशनल फेयर के सफल आयोजन ने यह दिखाया कि स्कूल अब रिसर्च और इनोवेशन को बढ़ावा देने में बड़ी भूमिका निभा रहे हैं. यह कार्यक्रम भारत की नई पीढ़ी के वैज्ञानिकों और नवप्रवर्तकों को तैयार करने की दिशा में एक अहम कदम माना जा रहा है.
IRIS कार्यक्रम EXSTEMPLAR Education Linkers Foundation की पहल है, जो कक्षा 5 से 12 तक के छात्रों को वैज्ञानिक शोध के लिए राष्ट्रीय मंच देता है और ISEF में देश का प्रतिनिधित्व करने का अवसर प्रदान करता है.