Schizophrenia Symptoms : मुंबई में एक महिला ने अपने ही बेटे की हत्या कर दी है। दस साल के अपने बेटे को ही जान से मारने वाली महिला के बारे में सुनकर लोगों को हैरानी हो रही है। बताया जा रहा है कि महिला ने अपने 10 साल के बेटे के साथ खुद को बेडरूम में बंद कर लिया और उसकी हत्या कर दी। इसकी जानकारी महिला के पति ने पुलिस को दी है।
बांद्रा ईस्ट के खेरवाड़ी पुलिस के अनुसार घटना शाम करीब साढ़े सात बजे हुई। महिला ने अपने 10 वर्षीय बेटे के साथ खुद को बेडरूम में बंद कर लिया और फिर मोबाइल फोन के केबल से कथित तौर पर गला घोंटकर उसकी हत्या कर दी। पुलिस के अनुसार महिला का पति राज्य आबकारी विभाग में सहायक सचिव है और वो खुद ही इस मामले में शिकायतकर्ता भी हैं।
डेढ़ साल से चल रहा था सिजोफ्रेनिया का इलाज
खेरवाड़ी पुलिस स्टेशन के वरिष्ठ निरीक्षक कविदास जांभले ने कहा कि गिरफ्तार की गई आरोपी महिला सिजोफ्रेनिया से पीड़ित है और पिछले डेढ़ साल से उसका इलाज चल रहा है। हिरासत में वह मुश्किल से किसी से बात कर रही है। उसे एहसास ही नहीं हुआ कि उसने अपने बेटे को मार डाला है। महिला पर भारतीय न्याय संहिता की धारा 103(1) (हत्या) के तहत मामला दर्ज किया गया है।
क्या है सिजोफ्रेनिया ?
सिजोफ्रेनिया एक ऐसी मानसिक बीमारी है, जो व्यक्ति की सोचने, महसूस करने और स्पष्ट रूप से व्यवहार करने की क्षमता को प्रभावित करता है। सिजोफ्रेनिया का सटीक कारण ज्ञात नहीं है लेकिन कई कारणों से यह बीमारी लोगों को हो सकती है। सिजोफ्रेनिया से ग्रसित व्यक्ति खुद को वास्तविकता से दूर समझते हैं, इधर-उधर की बातें करना या व्यवहार करना और दैनिक गतिविधियों में एक्टिव ना रहना इसके प्रमुख लक्षण हैं। यह बीमारी आमतौर पर जीवन भर रहती है।
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यह एक सामान्य बीमारी है हर साल इसके 10 लाख से अधिक मामले भारत में सामने आते हैं। इस बीमारी के दौरान इलाज से मदद मिल सकती है, लेकिन इसे पूरी तरह से ठीक नहीं किया जा सकता।