Who is IFS Kshitij Tyagi: संयुक्त राष्ट्र (UN) में पाकिस्तान ने अपनी आदत से मजबूर जम्मू-कश्मीर का मुद्दा उठाया। इस पर भारत की तरफ से पाकिस्तान को मुंहतोड़ जवाब मिला। भारत के डिप्लोमेट क्षितिज त्यागी ने पाकिस्तान को तीखा जवाब देते हुए कहा कि पाकिस्तान एक 'विफल देश' है जो 'अंतर्राष्ट्रीय मदद पर जिंदा है।' त्यागी ने कहा कि जम्मू-कश्मीर और लद्दाख हमेशा भारत का अभिन्न और 'अविभाज्य' हिस्सा रहे हैं और आगे भी रहेंगे। उन्होंने आगे कहा कि पाकिस्तान को अपने लोगों की जरूरत और विकास पर फोकस करना चाहिए। UN में पाकिस्तान को ये पटखनी देने वाले क्षितिज त्यागी पहले एक इंजीनियर थे, फिर बाद में भारतीय डिप्लोमेट बने। चलिए क्षितिज त्यागी के बारे में जानते हैं...
क्षितिज त्यागी कौन हैं?
जिनेवा में पाकिस्तान की बोलती बंद करने वाले क्षितिज त्यागी एक इंजीनियर से डिप्लोमेट बने हैं। उन्होंने IIT खड़गपुर से मैकेनिकल इंजीनियरिंग की पढ़ाई की। इसके बाद उन्होंने IIT खड़गपुर से ही थर्मल एनर्जी और एनवायरनमेंट इंजीनियरिंग में M.Tech किया। इसके बाद उन्होंने रियल एस्टेट कंपनी जोन्स लैंग लासेल में बिजनेस एनालिस्ट के तौर पर साल 2007 से लेकर 2010 तक करीब 3 साल काम किया। इसके बाद क्षितिज त्यागी ने अप्रैल 2010 में भारत सरकार के साथ जुड़े और एक साइंटिस्ट के तौर पर नवीन और नवीकरणीय ऊर्जा मंत्रालय में शामिल हुए।
पुर्तगाल में हुई पहली पोस्टिंग
इसके बाद, साल 2012 में क्षितिज त्यागी ने सिविल सेवा परीक्षा (UPSC) पास की। इसके बाद, LBSNAA से उन्होंने IFS ऑफिसर के रूप में ट्रेनिंग ली। इसके बाद, उन्होंने दिल्ली में विदेश सेवा संस्थान में काम किया और इस दौरान वह कई बार भारतीय डिप्लोमेट के तौर पर विदेश यात्रा की। फिर, जून 2014 में पुर्तगाल के लिस्बन के भारतीय दूतावास में तीसरे सचिव के रूप में उनकी पहली पोस्टिंग हुई। यहां, उन्होंने एक साल और 7 महीने तक काम किया। इसके बाद, वह दिसंबर 2015 में ब्राज़ील में भारतीय दूतावास में दूसरे सचिव के रूप में शामिल हुए। इसके बाद 2018 में मिस्र में भारत के पहले सचिव के रूप में प्रोमोट हुए।
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एक साल में बने मिशन काउंसलर
पिछले साल ही जनवरी 2024 में त्यागी संयुक्त राष्ट्र में भारत के स्थायी मिशन में फर्स्ट सेक्रेटरी पोस्ट पर प्रोमोट हुए थे। एक साल के भीतर जनवरी 2025 में उन्हें मिशन में काउंसलर के पद पर प्रोमोट कर दिया गया।