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लोकसभा में वक्फ संशोधन बिल पास, अब आगे क्या? राज्यसभा में क्या नंबर गेम?

वक्फ संशोधन बिल 2024 पर सरकार ने लोकसभा में बहुमत की परीक्षा पास कर ली है। अब बारी राज्यसभा की है। राज्यसभा में आज वक्फ संशोधन बिल 2024 को पेश किया जाएगा और आज ही इस पर चर्चा की जाएगी। ऐसे में आइये जानते हैं राज्यसभा का नंबर गेम क्या है?

Waqf Amendment Bill 2024
वक्फ संशोधन बिल 2024 देर रात 2 बजे लोकसभा से पास हो गया। बिल के पक्ष में 288 वोट पड़े और विपक्ष में 232 वोट पड़े। अब आज बिल को राज्यसभा में पेश किया जाएगा। लोकसभा में बीजेपी की सहयोगी पार्टियों शिवसेना, जेडीयू, टीडीपी और एलजेपी ने खुलकर सरकार का समर्थन किया। केंद्रीय मंत्री किरेन रिजिजू ने बिल पर चर्चा का जवाब देते हुए कहा कि अल्पसंख्यकों के लिए भारत से ज्यादा सुरक्षित जगह कोई नहीं है और वे सुरक्षित हैं क्योंकि बहुसंख्यक धर्मनिरपेक्ष हैं। मंत्री ने कहा कि पारसी जैसे छोटे समुदाय भी भारत में सुरक्षित हैं।

मनोनीत सदस्य तय करेंगे बिल की दिशा

सरकार ने वक्फ संशोधन बिल 2024 को लोकसभा में तो पास करा लिया। अब राज्यसभा में आज इस बिल को पेश किया जाएगा। इसके बाद आज इस पर चर्चा होगी। हालांकि राज्यसभा में इस बिल पर चर्चा के लिए सरकार ने 8 घंटे का समय तय किया है। ऐसे में अब देखना होगा कि सरकार कितने बजे तक इस बिल को पारित करवा पाएगी। वहीं बात करें राज्यसभा की गणित की तो राज्यसभा में कुल 245 सदस्य होते हैं। इसमें 233 सदस्य का चुनाव होता है। जबकि 12 सदस्य राष्ट्रपति द्वारा मनोनीत होते हैं। फिलहाल राज्यसभा की सदस्य संख्या 236 है। ऐसे में सरकार को बिल को पास कराने के लिए 119 वोटों की जरूरत होगी। जबकि सरकार और उसके सहयोगियों के पास 121 वोट है। वहीं विपक्ष के पास भी 88 वोट है। ऐसे में मनोनीत 6 सदस्यों के वोट काफी अहम होंगे। जो आमतौर पर किसी भी बिल पर सरकार के पक्ष में ही वोट करते हैं। ये भी पढ़ेंः लोकसभा में वक्फ संशोधन बिल पास होने के क्या मायने? NDA को कितना फायदा?

एनडीए को न्यूट्रल पार्टियों का मिलेगा साथ?

ऐसे में माना जा रहा है कि सरकार आज इस बिल को राज्यसभा से भी पारित करा सकती है। राज्यसभा में बीजेपी के पास 98 सांसद हैं। वहीं 4 सदस्य जेडीयू के, 2 सदस्य टीडीपी के, 3 सदस्य एनसीपी के, असम गण परिषद का एक सदस्य, एनपीपी का एक, राष्ट्रीय लोक दल का एक सदस्य, आरपीआई के एक सदस्य, शिवसेना का एक सदस्य हैं। वहीं बीजू जनता दल के 7, एआईएडीएमके के 4 सदस्य और वाईएसआर कांग्रेस के 7 सांसद सरकार के पक्ष में वोटिंग कर सकते हैं। राज्यसभा में पास होने के बाद इसे स्वीकृति के लिए राष्ट्रपति के पास भेजा जाएगा। वहां से पारित होने के बाद सरकार गेजेट नोटिफिकेशन के जरिए इसे लागू करेगी। ये भी पढ़ेंः ‘राज्यसभा में रोकेंगे और कोर्ट जाएंगे’; लोकसभा में वक्फ बिल पास होने पर क्या बोले नेता?


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