हरियाणा में एक जन सुनवाई के दौरान सब-इंस्पेक्टर के सस्पेंशन को लेकर राज्य के मंत्री अनिल विज और एक वरिष्ठ पुलिस अधिकारी के बीच तीखी बहस देखने को मिली. मामला कैथल जिले का है, जहां शुक्रवार को जन सुनवाई हो रही थी. मंत्री के सामने तितरम गांव के निवासी संदीप मलिक ने शिकायत की थी कि जमीन खरीद के एक मामले में संदीप नाम के ही एक सब-इंस्पेक्टर पर धोखाधड़ी की है.
इसके बाद मंत्री विज ने सब इंस्पेक्टर को तुरंत सस्पेंड करने का आदेश दिया. इस पर कैथल की पुलिस अधीक्षक उपासना ने कहा कि उनके पास सस्पेंड करने की पावर नहीं है, क्योंकि सब-इंस्पेक्टर कुरुक्षेत्र का था. एसपी ने कहा कि वह अलग जिला है, जो दूसरे एसपी के अधीन आता है. इस बात को लेकर मंत्री के साथ उनकी बहस हो गई.
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इस बहस का वीडियो भी सामने आया है, जिसमें मंत्री विज एसपी से गुस्से में कहते दिख रहे हैं, 'मैं कह रहा हूं. उसे सस्पेंड करो.' इस दौरान पुलिस अधिकारी बीच में बोलने की कोशिश करती हैं और कहती हैं कि यह कुरुक्षेत्र के एसपी करेंगे. इस पर मंत्री और ज्यादा गुस्सा हो जाते हैं, और कहते हैं, 'आप डीजीपी (पुलिस महानिदेशक) को लिखें. मैं कह रहा हूं कि उसे सस्पेंड करें, आपको बस मेरे आदेशों का पालन करना है.'
एसपी उपासना अपनी बात जारी रखती हैं और कहती हैं कि उनके पास इसकी पावर नहीं है. यह अधिकार कुरुक्षेत्र के एसपी या डीजीपी के पास है. इस पर मंत्री नाराज हो जाते हैं और कहते हैं, 'तो फिर यहां से बाहर चली जाओ अगर तुम्हारे पास कोई पावर नहीं है.'
मंत्री कहते हैं, 'आपको लिखना होगा कि अनिल विज ने इस सस्पेंशन का आदेश दिया है.' इस पर एसपी जवाब देती हैं, 'मैं लिख दूंगी, सर. मैं लिख सकती हूं, लेकिन मैं खुद उन्हें सस्पेंड नहीं कर सकती.'
विज गुस्साते हुए कहते हैं, 'मैंने कह दिया है. आपको मेरे आदेशों का पालन करना है, अपने आदेश नहीं देने हैं. मैं कह रहा हूं. डीजीपी को लिखें कि मैंने उसे सस्पेंड करने के आदेश दिए हैं. मैं देखूंगा कि कौन इसे नहीं करता.' इसके बाद एसपी कहती हैं कि वह आदेश का पालन करेंगी.