205 भारतीयों को झटका! अमेरिका ने विमान में भरकर वापस भेजा; अमृतसर में होगी लैंडिंग
Author: Sakshi Pandey
2025-02-04 13:09:42
205 Indians deported to Amritsar from America: अमेरिका में डोनाल्ड ट्रंप के राष्ट्रपति बनने के बाद से ही दुनिया में उथल-पुथल का माहौल है। व्हाइट हाउस की कमान संभालने के बाद से ही ट्रंप ने कई बड़े फैसले लेने शुरू कर दिए हैं। अमेरिका में रहने वाले 205 भारतीय भी अब ट्रंप के इन्हीं फैसलों का शिकार हुए हैं। उन्हें मिलिट्री के विमान में भरकर भारत वापस भेजा जा रहा है।
सैन एंटोनियो से उड़ा विमान
मीडिया रिपोर्ट्स की मानें तो अमेरिका में अवैध प्रवासी भारतीयों के एक जत्थे को भारत भेजा गया है। इस जत्थे में 205 भारतीय शामिल हैं। इन सभी की पहचान करने के बाद उन्हें वापस भेजा गया है। 205 भारतीयों को लेकर अमेरिकी सेना के विमान C-147 ने आज सुबह सैन एंटोनियो से उड़ान भरी थी। अब यह प्लेन पंजाब के अमृतसर में लैंड करेगा।
यह भी पढ़ें- डोनाल्ड ट्रंप के तेवर पड़े नरम! कनाडा को राहत, जानें US प्रेसिडेंट और जस्टिन ट्रूडो के बीच क्या डील हुई?
अमृतसर में हो सकता है लैंड
विमान की लैंडिंग लोकेशन की अभी औपचारिक पुष्टि नहीं की गई है। खबरों की मानें तो विमान रिफ्यूलिंग के लिए जर्मनी में कुछ देर रुकेगा और उसके बाद अमृतसर के लिए उड़ान भरेगा। अमेरिका में अवैध प्रवासियों की संख्या काफी अधिक है, जिनमें कई भारतीयों के नाम भी शामिल हैं। ऐसे में मुमकिन है कि आने वाले समय में कई भारतीय अवैध प्रवासियों पर वापसी की गाज गिर सकती है।
अमेरिका में भारतीय अवैध प्रवासियों की संख्या
भारत से पहले ग्वाटेमाला, पेरू और होंडूरास के अवैध प्रवासियों को भी भेजा गया है। अमेरिकी रक्षा मंत्रालय पेंटागन ने टेक्सास और कैलिफोर्निया में 5,000 से ज्यादा अवैध प्रवासियों को रखा है, जिन्हें बारी-बारी उनके देश भेजा जा रहा है। प्यू रिसर्च सेंटर की मानें तो अमेरिका में 7 लाख से ज्यादा भारतीय प्रवासी अवैध रूप से रहते हैं। यह सभी लोग ट्रंप के डिपोर्टेशन प्रोग्राम की चपेट में आ सकते हैं।
यह भी पढ़ें- शख्स ने मोरक्को में खरीदा उल्कापिंड, जानें मंगल ग्रह पर किस चीज का मिला प्रमाण
न्यूज 24 पर पढ़ें देश, राष्ट्रीय समाचार (National News), खेल, मनोरंजन, धर्म, लाइफ़स्टाइल, हेल्थ, शिक्षा से जुड़ी हर खबर। ब्रेकिंग न्यूज और लेटेस्ट अपडेट के लिए News 24 App डाउनलोड कर अपना अनुभव शानदार बनाएं।
First published on:
Know More: Editorial Guidelines