हमारे साथ जुड़ें X IG YT FB
Trending: CJP ProtestGyanesh KumarSIRBigg Boss 20

Excise Policy Scam: 'आरोप बेहद गंभीर हैं...', दिल्ली HC से मनीष सिसोदिया को तगड़ा झटका, जमानत देने से किया इंकार

विज्ञापन
Manish Sisodia

Excise Policy Scam: दिल्ली के पूर्व उप मुख्यमंत्री मनीष सिसोदिया की मुश्किलें कम होती दिख नहीं रही हैं। मंगलवार को दिल्ली हाईकोर्ट ने उन्हें कथित आबकारी नीति घोटाले से संबंधित केंद्रीय जांच ब्यूरो (CBI) मामले में जमानत देने से इंकार कर दिया।

न्यायमूर्ति दिनेश कुमार शर्मा की एकल पीठ ने फैसला सुनाते हुए कहा कि सिसोदिया के खिलाफ आरोप बेहद गंभीर हैं। वे प्रभावशाली पद पर रहे हैं। वे उप मुख्यमंत्री रहे हैं। उनके पास 18 विभाग थे। उनका व्यवहार भी ठीक नहीं है। ऐसे में सबूतों से छेड़छाड़ से भी इंकार नहीं किया जा सकता है, क्योंकि ज्यादातर गवाह लोक सेवक हैं। इसलिए अभी जमानत नहीं दी जा सकती है।

अब सुप्रीम कोर्ट जाएंगे मनीष सिसोदिया

दरअसल, ट्रायल कोर्ट ने 31 मार्च को मनीष सिसोदिया की याचिका नामंजूर कर दी थी। निचली अदालत के फैसले को सिसोदिया ने हाईकोर्ट में चैलेंज किया था। कोर्ट में सीबीआई ने उनकी जमानत याचिका का विरोध किया था। सीबीआई ने कहा था कि मनीष सिसोदिया ने ही आबकारी घोटाले को अंजाम दिया है। उन्होंने आपराधिक साजिश में सबसे महत्वपूर्ण और महत्वपूर्ण भूमिका निभाई थी।

विज्ञापन

जिसके बाद 11 मई को उनकी याचिका पर हाईकोर्ट ने अपना फैसला सुरक्षित रख लिया था। अब मनीष सिसोदिया हाईकोर्ट के फैसले के खिलाफ सुप्रीम कोर्ट का रुख करेंगे।

फरवरी से जेल में हैं मनीष सिसोदिया

दिल्ली के पूर्व डिप्टी सीएम मनीष सिसोदिया को दिल्ली के शराब नीति घोटाले में पहले सीबीआई ने फरवरी में गिरफ्तार किया था। उसके बाद सीबीआई ने रिमांड पर लेकर पूछताछ की और कोर्ट में पेश कर जेल भेज दिया था। उसके बाद ईडी ने इसी मामले में मनी ट्रेल की जांच करते हुए नौ मार्च को गिरफ्तार किया।

विज्ञापन

यह भी पढ़ें: Sabse Bada Sawal: अब बीजेपी नहीं कांग्रेस तैयार कर रही चुनावी पिच, मध्यप्रदेश में माइंडगेम शुरू, जानें कैसे?

संबंधित खबरें

न्यूज 24 पर पढ़ें देश, राष्ट्रीय समाचार (National News), खेल, मनोरंजन, धर्म, लाइफ़स्टाइल, हेल्थ, शिक्षा से जुड़ी हर खबर। ब्रेकिंग न्यूज और लेटेस्ट अपडेट के लिए News 24 App डाउनलोड कर अपना अनुभव शानदार बनाएं।

First published on:

Know More: Editorial Guidelines

लेख समाप्त

ताज़ा खबरें

Sponsored Links by Taboola