कांग्रेस नेता नाना पटोले ने राहुल गांधी की तुलना भगवान राम से करके एक राजनीतिक विवाद खड़ा कर दिया है, जिस पर भाजपा ने कहा है कि 'चापलूसी की हद' पार हो गई.
पटोले ने अयोध्या के राम मंदिर में राहुल गांधी के अब तक नहीं जाने के सवाल का जवाब देते हुए कहा कि वह 'भगवान राम का कार्य कर रहे हैं'. साथ ही उन्होंने बिना नाम लिए पीएम मोदी पर कटाक्ष करते हुए कहा, 'क्योंकि भगवान राम का कार्य पीड़ित और शोषितों को न्याय दिलाना था- राहुल गांधी भी वही कर रहे हैं. उन्हें राम मंदिर में फोटो सेशन कराने के बजाय यह सेवा करना पसंद है.'
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साथ ही कांग्रेस नेता ने यह भी जिक्र किया कि राम मंदिर का ताला खुलवाने के पीछे राजीव गांधी का हाथ था. भाजपा नेताओं ने पटोले पर हमला करते हुए कहा कि पार्टी 'हिंदू आस्था का अपमान' कर रही है. बता दें, भाजपा उद्घाटन के बाद से मंदिर न जाने के लिए गांधी पर निशाना साधती रही है.
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नाना पटोले ने कहा, 'भगवान राम का काम हमारे नेता राहुल गांधी कर रहे हैं. भगवान श्री राम का काम था, शोषित, वंचित और पीड़ित लोगों को न्याय दिलाना और पूरे देश में घूमकर राहुल गांधी वही काम कर रहे हैं. मंदिर में जाकर फोटो सेशन कराने से ज्यादा शोषित पीड़ितों की सेवा करना राहुल गांधी को ज्यादा अच्छा लगता है. जब वे अयोध्या दौरे पर जाएंगे, तब वो दर्शन करेंगे.'
साथ ही उन्होंने कहा, 'मुझे लगता है कि फोटो सेशन कराने वाले जो लोग वहां जाते हैं, उनके साथ भगवान श्री राम है ही नहीं. क्योंकि अयोध्या का सांसद भी इंडिया गठबंधन का है. राहुल गांधी को दिखावा करना अच्छा नहीं लगता. आपको पता होगा कि रामलल्ला का बंद ताला राजीव गांधी ने खुलवाया था.'
भाजपा नेता शहजाद पूनावाला ने निशाना साधते हुए कहा, 'एक बार फिर, कांग्रेस पार्टी ने चापलूसी की हद पार कर दी. कांग्रेस पार्टी का कहना है कि राहुल गांधी भगवान राम की तरह हैं. अभी हाल ही में, उन्होंने कहा था कि सोनिया गांधी की वजह से ही क्रिसमस मनाया जा सकता है. यह कैसी चापलूसी है? और फिर आप हिंदू आस्था का अपमान कर रहे हैं? यह वही कांग्रेस पार्टी है जो कहती है कि राम मंदिर नहीं बनना चाहिए. यह वही कांग्रेस पार्टी है जो कहती है कि राम मंदिर प्राण प्रतिष्ठा 'नाच-गाना' है. वे लगातार हिंदू आस्था पर हमला और अपमान कर रहे हैं.'
भाजपा प्रवक्ता सी.आर. केसवन ने पटोले से सवाल किया कि क्या वे राहुल गांधी से यह पूछने की हिम्मत रखते हैं कि उन्होंने 'प्राण प्रतिष्ठा' का 'नाच-गाना' कहकर मज़ाक क्यों उड़ाया या वे अभी तक राम मंदिर क्यों नहीं गए.
केसवन ने कहा, 'नाना पटोले ने पहले अपमानजनक ढंग से अयोध्या राम मंदिर के शुद्धिकरण की मांग की थी, जब हमारी राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने राम मंदिर का दौरा किया था और हमारे देश के कल्याण के लिए प्रार्थना की थी. नाना पटोले की अपमानजनक टिप्पणी और ऐसी मानसिकता अक्षम्य और अत्यंत निंदनीय है.'