Parliament Monsoon Session: संसद में मानसून सत्र का आज चौथा दिन है। मंगलवार को भी मणिपुर मामले पर हंगामा जारी है। मणिपुर मुद्दे पर चर्चा की मांग को लेकर विपक्षी सांसदों की नारेबाजी के बीच लोकसभा शाम 5 बजे तक के लिए स्थगित कर दी गई।
मणिपुर पर बात करिए-मल्लिकार्जुन खड़गे
एलओपी राज्यसभा और कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे ने कहा, “हम पीएम मोदी से आग्रह करते हैं कि वे संसद में आएं और मणिपुर मुद्दे पर बोलें, लेकिन वह अपनी पार्टी की बैठक में ईस्ट इंडिया कंपनी के बारे में बात कर रहे हैं। वह विपक्षी दलों द्वारा खुद को इंडिया नाम दिए जाने से क्यों डरे हुए हैं। वे पटना और बेंगलुरु में हमारी सफल बैठकों के कारण घबराए हुए हैं। पीएम मोदी दिशाहीन हो गए हैं, उन्हें समझ नहीं आ रहा है कि क्या करें और क्या कहें। वह बाहर कई बयान दे रहे हैं, लेकिन हम चाहते हैं कि वह संसद में आएं और विस्तृत चर्चा करें और कार्यों पर बोलें।” सरकार इस पर कार्रवाई करने जा रही है। मणिपुर का मुद्दा राजस्थान, छत्तीसगढ़ या पश्चिम बंगाल जैसा नहीं है, यह कहीं अधिक गंभीर है। यह देश के सभी पूर्वोत्तर राज्यों के लिए चिंता का विषय है। उन्हें महिलाओं के खिलाफ अत्याचारों की कोई चिंता नहीं है।”
मोदी सरकार के खिलाफ अविश्वास प्रस्ताव लाने पर चर्चा
विपक्षी पार्टियों के गठबंधन I.N.D.I.A ने संसद की कार्रवाई से पहले बैठक की। जिसमें मोदी सरकार के खिलाफ अविश्वास प्रस्ताव लाने पर चर्चा की गई। उधर भाजपा ने संसदीय दल की बैठक बुलाई। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी भी इसमें मौजूद हैं। पीएम मोदी ने अपने सांसदों को सलाह देते हुए कहा कि विपक्ष का काम है प्रोटेस्ट करना। उन्हें करने दें और अपने काम पर ध्यान दें। हमें 2047 तक विकसित देश बनाना है।
पीएम ने विपक्षी की तुलना ईस्ट इंडिया कंपनी से की
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने विपक्षी एकता पर बड़ा हमला बोला। उन्होंने कहा कि ऐसा दिशाहीन विपक्ष आज तक नहीं देखा। पीएम मोदी ने विपक्षी की तुलना ईस्ट इंडिया कंपनी से की। पीएम ने कहा कि इंडिया नाम लगा लेने ही नहीं हो जाता। ईस्ट इंडिया कंपनी ने भी इंडिया लगाया था और इंडियन मुजाहिदीन के नाम में भी इंडिया लगा है।
सरकार चर्चा के लिए तैयार है-पीयूष गोयल
केंद्रीय मंत्री पीयूष गोयल ने संसद में कहा, “सरकार राजस्थान और छत्तीसगढ़ में महिलाओं और बच्चों के खिलाफ अत्याचार के 177 नोटिसों पर चर्चा के लिए तैयार है। पूरे देश में अगर महिलाओं के खिलाफ कोई अपराध है, तो सरकार चर्चा के लिए तैयार है। हमें इन मुद्दों पर चर्चा करनी चाहिए।”
विपक्षी पार्टियों के गठबंधन INDIA ने भी बैठक बुलाई है। मणिपुर हिंसा के मुद्दे को लेकर सोमवार को संसद के मानसून सत्र के दौरान दोनों सदनों में विपक्षी दलों ने जोरदार हंगामा किया, जिसके बाद लोकसभा और राज्यसभा की कार्यवाही मंगलवार (25 जुलाई) तक के लिए स्थगित कर दी गई। कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे सहित तमाम विपक्षी नेताओं ने संसद के दोनों सदनों में मणिपुर पर चर्चा को लेकर नोटिस दिया गया।
विपक्षी दलों के गठबंधन INDIA के तहत संसद में गांधी प्रतिमा के सामने विरोध प्रदर्शन किया गया। केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने लोकसभा में कहा है कि वे चर्चा के लिए तैयार हैं, लेकिन विपक्ष ही चर्चा से भाग रहा है।
सांसद संजय सिंह मानसून सत्र के लिए निलंबति
आप के राज्यसभा सांसद संजय सिंह संसद में मणिपुर पर चर्चा और प्रधानमंत्री के बयान की बात उठाई थी। वे सभापति जगदीप धनखड़ के पास जाकर बहस करने लगे। इसके बाद उन्हें पूरे मानसून सत्र के लिए निलंबति कर दिया गया। विपक्षी सांसदों ने इस फैसले के खिलाफ संसद में गांधी प्रतिमा के पास पूरी रात धरना दिया। आज भी इस मुद्दे को उठाया जा सकता है।
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