Top 5 Mistakes The Raja Saab: प्रभास स्टारर फिल्म 'द राजा साब' 9 जनवरी 2026 को सिनेमाघरों में दस्तक दे चुकी है. इस मूवी को लेकर काफी माहौल बनाया गया था. साउथ इंडस्ट्री की इस फिल्म का क्रेज काफी देखने को मिल रहा था. दरअसल जब से मेकर्स ने इस फिल्म का ट्रेलर जारी किया था, तब से ही लोग इस मूवी का इंतजार बेसब्री से कर रहे थे. लेकिन जब फिल्म सिनेमाघरों में रिलीज हुई तो मनोरंजन के नाम पर दर्शकों को सिर्फ टॉचर किया गया है. प्रभास के फैंस जैसी फिल्म की उम्मीद कर रहे थे उसपर ये खरी नहीं उतरी है. हम आपको इस फिल्म के 5 ऐसी गलतियों के बारे में बताएंगे जिसने ऑडियंस के अरमानों पर पानी फिर दिया है.
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1. 190 मिनट टॉचर
प्रभास की यह पहली हॉरर कॉमेडी फिल्म है, जिसे साउथ के निर्देशक मारुति ने बनाई है. इस फिल्म की कहानी बिल्कुल हल्की लगती है. यह फिल्म 190 मिनट मतलब 3 घंटे से भी ज्यादा की है. अगर थिएटर में फिल्म देखने जाते हैं, तो यह खत्म होने का नाम ही नहीं लेती है. बता दें कि जब आप फिल्म का फर्स्ट खत्म कर के पॉपकॉर्न खाकर सेकंड हॉफ देखने बैठते हैं, तो यह फिल्म आपको और भी ज्यादा बोर कर देती है. दरअसल यह फिल्म कछुए की चाल से आगे बढ़ती है, जो दर्शकों को बिल्कुल समझ नहीं आती है. आसान भाषा में समझे तो फिल्म बहुत ज्यादा खींचा गया है. इतना ही नहीं फिल्म की एडिटिंग भी कुछ खास ऑडियंस को पसंद नहीं आई है.
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2. 'द राजा साब' फिल्म में लॉजिक है?
प्रभास की फिल्म 'द राजा साब' में मारुति ने कुछ ऐसे सीन को जोड़ा है, जिसकी कोई जरूरत नजर नहीं आती है. मानों फिल्म बनाने के समय मेकर्स ने लॉजिक का कोई ध्यान ही नहीं रखा है. बस कैमरा ऑन किया और शूट शुरू कर दी है. दरअसल फिल्म में एक सीन दिखाया गया है, जिसमें पूरी टीम ट्रैकिंग गियर के साथ पहाड़ चढ़ रही है, तो वहीं फिल्म की हीरोइन साड़ी पहनकर पहाड़ चढ़ रही है, जो दर्शकों को समझ से परे है.
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3. हंसना है या डरना?
'द राजा साब' फिल्म में मेकर्स ने तंत्र-मंत्र, भूत-प्रेत, सम्मोहन (हिप्नोटिस्म) सब कुछ एक साथ ऑडियंस को परोस दिया है. ऐसा लगता है मेकर्स दर्शकों को 'कॉम्बो पैक' देना चाह रहे थे. लेकिन 'कॉम्बो पैक' की जगह 'हॉच पॉच पैक' दे दिया है. फिल्म में लोगों को अब समझ में नहीं आ रहा है कि हंसना है या फिर डरना.
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4. बड़े कलाकारों का नहीं दिखा जलवा
प्रभास की इस फिल्म में कई बड़े सितारे हैं लेकिन मेकर्स ने उनका इस्तेमाल सही से नहीं किया है. फिल्म देखने पर ऐसा लगता है कि वो सिर्फ मूवी में अपनी हाजिरी लगाने आए हैं. मेकर्स ने बड़े कलाकारों को सिर्फ पोस्टर पर छापने पर ध्यान दिया है. इनका फिल्म में कोई खास कमाल नहीं देखने को मिला है.
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5. गाना
'द राजा साब' के गानों की बात करें तो इस फिल्म में कई सारे गाने हैं लेकिन इनकी हिंदी डबिंग इतनी बेकार है, जो लोगों को टॉचर लग रही है. इससे पहले ‘RRR’ और ‘पुष्पा’ जैसी फिल्में में हिंदी गाने को इतने बेहतरीन तरीके से पेश किया था, जो लोगों को काफी पसंद आया था. लेकिन प्रभास की फिल्म के साथ ऐसा कुछ देखने को नहीं मिला है.