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कर्तव्य पथ पर छाया Sanjay Leela Bhansali का असली जादू, ‘भारत गाथा’ में दिखा कला का अद्भुत संगम

Kartavya Path Cinema Tableau: गणतंत्र दिवस की परेड में पहली बार सिनेमा की झांकी दिखाई गई. इसमें फिल्म इंडस्ट्री का प्रतिनिधित्व किया गया, जिसकी डिजाइनिंग और प्रदर्शन की जिम्मेदारी Sanjay Leela Bhansali की थी. उनकी भारत गाथा ने कर्तव्य पथ पर चार चांद लगा दिए. भारत की संस्कृति और कहानियों ने लोगों को हैरान कर दिया.

Sanjay Leela Bhansali Bharat Gatha

Sanjay Leela Bhansali Bharat Gatha: पूरा देश 77वां गणतंत्र दिवस मना रहा है. इस बार सिनेमा जगत के लिए यह पल काफी खास होने वाला था. क्योंकि पहली बार कर्तव्य पथ पर भारतीय फिल्म इंडस्ट्री का प्रतिनिधित्व पहली बार हुआ. संजय लीला भंसाली ने इस झांकी को डिजाइन किया. वे देश के सबसे बड़े समारोह में सिनेमा का नाम रोशन करने वाले पहले निर्देशक बने. सूचना एवं प्रसारण मंत्रालय की झांकी 'भारत गाथा' में भंसाली का कमाल साफ दिखा. यह झांकी भारत की पुरानी कहानी कहने की परंपरा और सिनेमा के जादू को एक साथ जोड़ती है.

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किस थीम पर थी यह झांकी?

'भारत गाथा' नाम की यह झांकी भारत की संस्कृति, विरासत और कहानियों को खूबसूरती से पेश करती है. भंसाली ने इसे 'श्रुति, कृति, दृष्टि' के थीम पर बनाया, जो सुनने, बनाने और देखने की कला को दर्शाता है. झांकी में लाल और सुनहरे रंगों का इस्तेमाल हुआ. मां इंडिया जैसी क्लासिक फिल्मों को श्रद्धांजलि दी गई. बॉक्स ऑफिस का जादू और पुरानी परंपराएं साथ नजर आईं. श्रेया घोषाल ने इसके लिए एक खास गाना गाया, जो बहुत सुंदर था.

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संगीत और दृश्यों का सुंदर मेल

इस अवसर पर संगीत और दृश्य के सुंदर मेल ने भारतीय सिनेमा को जीवंत कर दिया. इस खास मेल को देखकर लोगों के मुंह तारीफ करते थके नहीं. भंसाली का स्टाइल साफ दिखता था, भव्य सेट, गहरे रंग और भावनाओं से भरा माहौल. यह सिर्फ एक झांकी नहीं, बल्कि भारत की सभ्यता और सिनेमा की ताकत का जीता-जागता उदाहरण था.

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भंसाली का जादू का बरकरार

संजय लीला भंसाली अपने भव्य सेट और स्टोरीटेलिंग के लिए मशहूर हैं. अपनी फिल्मों की तरह “भारत गाथा” में भी उन्होंने रंग और एस्थेटिक स्टाइल का उपयोग किया. उन्होंने कहा कि भारतीय सिनेमा सिर्फ मनोरंजन नहीं, बल्कि हमारी कहानियों का विस्तार है. यह झांकी आत्मनिर्भर भारत के सपने को भी दर्शाती है. कर्तव्य पथ पर 'भारत गाथा' ने इतिहास रच दिया. लाखों लोगों ने इसे देखा और तारीफ की.

संजय लीला भंसाली की फिल्में

संजय लीला भंसाली अपनी फिल्मों जैसे बाजीराव मस्तानी, देवदास, गंगूबाई के लिए काफी मशहूर हैं. उसमें एक्टिंग के साथ साथ डायरेक्शन का खूबसूरत मेल, साथ ही उनका सेट और इफेक्ट सबकुछ रियल लगता है. संजय लीला भंसाली की फिल्में सिर्फ कहानी नहीं बल्कि देखने वाली नजरों को भी काफी भांती हैं. इनकी फिल्मों में रंगों का खास महत्व होता है, जो कि भंसाली की लगभग हर फिल्म में देखने को मिल जाता है.

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