शुक्र कब होते हैं अशुभ या पीड़ित
बता दें, कुंडली में शुक्र ग्रह के अशुभ भावों, जैसे 6, 8 या 12वें में होने से वे दूषित हो जाते हैं और उनकी फल देने की शक्ति कम हो जाती है और मारक भी हो जाते हैं। वहीं, उन पर राहु, केतु, शनि या मंगल की दृष्टि होने से वे पीड़ित हो जाते हैं, तब उनकी अशुभता बढ़ जाती है। ऐसे व्यक्तियों को यहां बताए गए रत्नों को पहनने से लाभ होता है। कमजोर शुक्र को कुछ विशेष उपायों से बली भी बनाया जा सकता है।इन राशियों पर होती है शुक्र की विशेष कृपा
वृषभ राशि:
कन्या राशि:
तुला राशि:
डिस्क्लेमर: यहां दी गई जानकारी ज्योतिष शास्त्र की मान्यताओं पर आधारित हैं और केवल जानकारी के लिए दी जा रही है। News24 इसकी पुष्टि नहीं करता है।