Who Was Pharaoh: पिछले कुछ दिनों में मिस्र में एक डूबा हुआ शहर निकल कर सामने आ रहा है। ये शहर मिस्र की अबू किर खाड़ी से बाहर निकल रहा है। इसमें कई मूर्तियां, इमारतें और पुरानी सभ्यताओं से जुड़ी चीजें निकलकर सामने आ रही हैं। ये सभी चीजें शाही और पूर्व-रोमन काल की बताई जा रही हैं। हालांकि, अभी भी शहर का ज्यादातर भाग पानी में ही डूबा हुआ है। इसके साथ ही फिरौन का जिक्र भी तेज हो गया है। फिरौन एक शासक था, जिसका जिक्र कुरान और बायबल में भी किया गया है। इस्लाम में इसे एक क्रूर राजा के तौर पर याद किया जाता है।

कौन था फिरौन?

मिस्र में इस्राएल नाम से एक कबीला था, जिन पर फिरौन ने बहुत जुल्म किए। फिरौन वहां का शासक था, जो एक क्रूर तानाशाह भी था। वह अपने आप को खुदा कहता था। लोगों को भी खुद को खुदा मानने के लिए मजबूर करता था। उसके जुल्म दिन-ब दिन बढ़ते जा रहे थे।

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इसके बाद ही एक भविष्यवाणी की गई कि फिरौन की सल्तनत को तबाह करने के लिए एक बच्चा जन्म लेगा। उस बच्चे के जन्म के समय का भी जिक्र किया गया था। इसके बाद से फिरौन ने मिस्र में पैदा होने वाले सभी बच्चों (खासकर लड़कों) को मारना शुरू कर दिया, ताकि उसको तबाह करने वाला जिंदा न बच पाए।

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हजरत मूसा ने लिया जन्म

फिरौन की पूरी सल्तनत को तबाह करने और लोगों को उसके जुल्म से बचाने के लिए फिर भविष्यवाणी के मुताबिक, हजरत मूसा का जन्म हुआ। उनको फिरौन से बचाने के लिए इनकी मां ने पानी में एक टोकरे में रखकर छोड़ दिया था। इसके बाद चमत्कार ये हुआ कि वो बच्चा फिरौन की पत्नी आयशा को मिला।

फिरौन के कोई औलाद नहीं थी, जिसकी वजह से आयशा ने उस बच्चे को अपने पास रखने का फैसला किया। हालांकि, फिरौन उनको भी मारना चाहता था, लेकिन पत्नी ने कहा कि ये छोटा सा बच्चा है जो बेकसूर है। इसके बाद ही मूसा की परवरिश फिरौन के घर में ही होने लगी।

हजरत मूसा ने किया फिरौन का अंत

बाद में हजरत मूसा और हजरत हारून (जोकि दोनों भाई थे) ने मिलकर लोगों के लिए काम किया। मूसा के पास एक छड़ी थी, जिसका इस्तेमाल उन्होंने जुल्म से पीड़ित लोगों को बचाने के लिए किया था। इसी के जरिए सबको निकालने के लिए उन्होंने पानी के बीच से रास्ता बनाया था। जब फिरौन उस रास्ते से निकलने के लिए आगे बढ़ा, तो पानी ने फिरौन के साथ उसकी पूरी सल्तनत को तबाह कर दिया।

कहा जाता है कि फिरौन की लाश को न पानी ने लिया, पानी से उसका शव बाहर आ गया था। इसके बाद जब मिट्टी में दफनाया गया, तो जमीन ने भी बाहर निकाल दिया। कहा जाता है कि फिरौन का शव अभी भी किसी जगह पर सुरक्षित रखा है।

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